JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

Jharkhand Board JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण Textbook Exercise Questions and Answers.

JAC Board Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

Jharkhand Board Class 9 Science गुरुत्वाकर्षण Textbook Questions and Answers

प्रश्न 1.
यदि दो वस्तुओं के बीच की दूरी को आधा कर दिया जाए तो उनके बीच गुरुत्वाकर्षण बल किस प्रकार बदलेगा?
उत्तर:
सूत्र F = \(\frac{\mathrm{G} m_1 m_2}{r^2}\) से
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 9
अतः दूरी को आधा करने पर गुरुत्वाकर्षण बल चार गुना हो जाएगा।

प्रश्न 2.
सभी वस्तुओं पर लगने वाला गुरुत्वीय बल उनके द्रव्यमान के समानुपाती होता है। फिर एक भारी वस्तु, हल्की वस्तु के मुकाबले तेजी से क्यों नहीं गिरती?
उत्तर:
∵ F ∝ m
अर्थात् F = km
जहाँ K = नियतांक
अत: सूत्र F = ma से,
वस्तु का त्वरण a = \(\frac { F }{ m }\)
अर्थात् a = \(\frac { γm }{ m }\) = K ( नियतांक)
इससे स्पष्ट होता है कि भले ही गुरुत्वीय बल वस्तु के द्रव्यमान के समानुपाती होता है, परन्तु वस्तुओं के मुक्त पतन का त्वरण सभी वस्तुओं के लिए नियत है। अब चूँकि कोई वस्तु कितनी तेजी से गिरेगी यह वस्तु के त्वरण पर निर्भर करता है (न कि गुरुत्वीय बल पर); अतः त्वरण के नियत होने के कारण हल्की तथा भारी सभी वस्तुएँ समान तेजी से गिरती हैं।

प्रश्न 3.
पृथ्वी तथा उसकी सतह पर रखी किग्रा की वस्तु के बीच गुरुत्वीय बल का परिमाण क्या होगा? (पृथ्वी का द्रव्यमान 6 x 1024 किग्रा है तथा पृथ्वी की त्रिज्या 6.4 x 100 मीटर है)।
हल:
पृथ्वी का द्रव्यमान M = 6.4 x 1024 किग्रा, पृथ्वी की त्रिज्या R = 6.4 x 106 मीटर, m = 1 किग्रा, d = R.
G = 6.67 × 10-11 न्यूटन मीटर² / किग्रा²
∴ पृथ्वी तथा वस्तु के बीच गुरुत्वीय बल
F = G\(\frac{\mathrm{M} m}{d^2}\) = 6.67 x 10-11 x \(\frac{6 \times 10^{24} \times 1}{\left(6.4 \times 10^6\right)^2}\) न्यूटन
= \(\frac{6.67 \times 6 \times 10}{6.4 \times 6.4}\)
= 9.77 न्यूटन

प्रश्न 4.
पृथ्वी तथा चन्द्रमा एक-दूसरे को गुरुत्वीय बल से आकर्षित करते हैं। क्या पृथ्वी जिस बल से चन्द्रमा को आकर्षित करती है वह बल, उस बल से जिससे चन्द्रमा पृथ्वी को आकर्षित करता है बड़ा है या छोटा है या बराबर है? बताइए, क्यों?
उत्तर:
क्रिया-प्रतिक्रिया के नियम से पृथ्वी का चन्द्रमा पर आकर्षण बल चन्द्रमा के पृथ्वी पर आकर्षण बल के बराबर है।

प्रश्न 5.
यदि चन्द्रमा पृथ्वी को आकर्षित करता है तो पृथ्वी चन्द्रमा की ओर गति क्यों नहीं करती है?
उत्तर:
चन्द्रमा और पृथ्वी दोनों एक-दूसरे पर समान परिमाण का आकर्षण बल लगाते हैं, परन्तु चन्द्रमा का द्रव्यमान पृथ्वी के द्रव्यमान की तुलना में बहुत कम होने के कारण, समान बल होने पर भी चन्द्रमा का पृथ्वी की ओर त्वरण, पृथ्वी के चन्द्रमा की ओर त्वरण से बहुत अधिक है। इसीलिए चन्द्रमा पृथ्वी के चारों ओर गति करता है, पृथ्वी चन्द्रमा की ओर गति करती प्रतीत नहीं होती।

JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

प्रश्न 6.
दो वस्तुओं के बीच लगने वाले गुरुत्वाकर्षण बल का क्या होगा, यदि –
(i) एक वस्तु का द्रव्यमान दो गुना कर दिया जाए?
(ii) वस्तुओं के बीच की दूरी दोगुनी अथवा तीन गुनी कर दी जाए?
(iii) दोनों वस्तुओं के द्रव्यमान दोगुने कर दिए जाएँ?
उत्तर:
(i) ∵ F ∝ m1 m2
∵ एक वस्तु का द्रव्यमान दोगुना कर देने पर बल भी दोगुना हो जाएगा।

(ii) ∵ F ∝ \(\frac{1}{d^2}\)
∴ दूरी दोगुनी करने पर बल एक-चौथाई रह जाएगा। जबकि दूरी तीन गुनी कर देने पर बल 9वाँ भाग रह जाएगा।

(iii) ∵ F ∝ m1 m2 अतः दोनों वस्तुओं के द्रव्यमान दोगुने करने पर बल चार गुना हो जाएगा।

प्रश्न 7.
गुरुत्वाकर्षण के सार्वत्रिक नियम के क्या महत्व हैं?
उत्तर:
गुरुत्वाकर्षण के सार्वत्रिक नियम का महत्व – यह नियम अनेक ऐसी परिघटनाओं की व्याख्या करता है, जो प्राचीनकाल में असम्बद्ध मानी जाती थीं; जैसे-

  • इस नियम द्वारा सूर्य के चारों ओर ग्रहों की गति की व्याख्या की जाती है।
  • इस नियम द्वारा पृथ्वी के चारों ओर चन्द्रमा की गति की व्याख्या की जाती है।
  • इस नियम द्वारा वस्तुओं के पृथ्वी की ओर गिरने की व्याख्या की जाती है।
  • इस नियम द्वारा समुद्र में आने वाले ज्वार भाटा की व्याख्या की जाती है।

पृथ्वी की कक्षा में कृत्रिम उपग्रह स्थापित करना, चन्द्रमा तथा अन्य ग्रहों तक खोजी यान भेजना तथा अन्तरिक्ष स्टेशन स्थापित करना आदि इसी नियम का ज्ञान प्राप्त होने के बाद ही सम्भव हो पाया है।

प्रश्न 8.
मुक्त पतन का त्वरण क्या है?
उत्तर:
मुक्त पतन का त्वरण- किसी ऊँची मीनार की छत से छोड़ी गई किसी वस्तु का पृथ्वी की ओर त्वरण, मुक्त पतन का त्वरण कहलाता है, जिसे g से प्रदर्शित करते हैं। पृथ्वी तल पर मुक्त पतन के त्वरण का मान 9.8 मीटर/सेकण्ड² है।

प्रश्न 9.
पृथ्वी तथा किसी वस्तु के बीच लगने वाले गुरुत्वीय बल को हम क्या कहेंगे?
उत्तर:
उस वस्तु का भार कहेंगे।

प्रश्न 10.
एक व्यक्ति A अपने मित्र के निर्देश पर ध्रुवों पर कुछ ग्राम सोना खरीदता है वह इस सोने को विषुवत् वृत्त पर अपने मित्र को देता है क्या उसका मित्र इस खरीदे हुए सोने के भार से सन्तुष्ट होगा? यदि नहीं, तो क्यों?
उत्तर:
मित्र सोने के भार से सन्तुष्ट नहीं होगा इसका कारण यह है कि विषुवत् वृत्त पर तौलने पर सोने का भार, ध्रुवों पर उसके भार की तुलना में कम होगा (g के मान में कमी के कारण)।

प्रश्न 11.
एक कागज की शीट उसी प्रकार की शीट को मोड़कर बनाई गई गेंद से धीमी क्यों गिरती है?
उत्तर:
ऐसा वायु के प्रतिरोध के कारण होता है। वायु कागज की शीट पर गेंद की अपेक्षा अधिक प्रतिरोध लगाती है; अतः कागज की शीट गेंद की तुलना में धीमी गिरती है।

प्रश्न 12.
चन्द्रमा की सतह पर गुरुत्वीय बल, पृथ्वी की सतह पर गुरुत्वीय बल की अपेक्षा 1/6 गुना है। एक 10 किग्रा द्रव्यमान की वस्तु का चन्द्रमा पर तथा पृथ्वी पर न्यूटन में भार कितना होगा?
हल:
दिया है वस्तु का द्रव्यमान m = 10 किग्रा,
पृथ्वी पर गुरुत्वीय त्वरण g = 9.8 मीटर / सेकण्डर²
∴ पृथ्वी पर वस्तु का भार W1 = mg
= 10 × 9.8 = 98 न्यूटन
अब चूँकि चन्द्रमा पर गुरुत्वीय बल
= \(\frac { 1 }{ 6 }\) x पृथ्वी पर गुरुत्वीय बल
∴ चन्द्रमा पर वस्तु का भार W2
= \(\frac { 1 }{ 6 }\) x पृथ्वी पर वस्तु का भार (W1)
= \(\frac { 1 }{ 2 }\) x 98 न्यूटन
= 16.33 न्यूटन
अतः पृथ्वी पर वस्तु का भार = 98 न्यूटन
तथा चन्द्रमा पर वस्तु का भार = 16.33 न्यूटन।

JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

प्रश्न 13.
एक गेंद ऊर्ध्वाधर दिशा में ऊपर की ओर 49 मीटर / सेकण्ड के वेग से फेंकी जाती है। परिकलन कीजिए- (i) अधिकतम ऊंचाई जहाँ तक कि गेंद पहुँचती है। (ii) पृथ्वी की सतह पर वापस लौटने में लिया गया समय।
हल:
दिया है, गेंद का वेग 49 मीटर / सेकण्ड ऊपर की ओर
गुरुत्वीय त्वरण g = 9.8 मीटर/सेकण्ड² नीचे की ओर
माना कि गेंद। ऊँचाई तक ऊपर जाती है तथा ऊपर तक जाने में समय लेती है।
ऊपर की दिशा को धनात्मक तथा नीचे की दिशा को ऋणात्मक मानने पर,
सूत्र v² = u² + 2as से, (उच्चतम बिन्दु पर वेग v = 0)
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 1
कोई वस्तु जितना समय उच्चतम बिन्दु तक जाने में लेती है, उतना ही समय पृथ्वी तल तक आने में लेती है।
∴ पृथ्वी की सतह तक लौटने में लगा समय = 2 + उच्चतम बिन्दु तक जाने में लगा समय
= 25 10 सेकण्ड
∴ अधिकतम ऊँचाई / 122.5 मीटर
कुल समय = 10 सेकण्ड।

प्रश्न 14.
19.6 मीटर ऊँची मीनार की चोटी से एक पत्थर छोड़ा जाता है। पृथ्वी पर पहुँचने से पहले उसका अन्तिम वेग ज्ञात कीजिए।
हल:
दिया है मीनार की ऊँचाई h = 19.6 मीटर,
पत्थर छोड़ते समय वेग v = 0,
त्वरण g = 9.8 मीटर / सेकण्ड² नीचे की ओर
सूत्र v² = u² + 2as से,
= 0² + 2 × 9.8 × 19.6
= 19.6 × 19.6 या v² = (19.6)²
∴ v = 19.6 मीटर/सेकण्ड
अतः पृथ्वी से टकराने से पहले अन्तिम वेग = 19.6 मीटर / सेकण्ड।

प्रश्न 15.
कोई पत्थर ऊर्ध्वाधर दिशा में ऊपर की ओर 40 मीटर / सेकण्ड के प्रारम्भिक वेग से फेंका गया है। g 10 मीटर / सेकण्ड लेते हुए ग्राफ की सहायता से पत्थर द्वारा पहुँची अधिकतम ऊँचाई ज्ञात कीजिए नेट विस्थापन तथा पत्थर द्वारा चली गई कुल दूरी कितनी होगी?
हल:
दिया है प्रारम्भिक वेग u = 40 मीटर / सेकण्ड ऊपर की ओर
गुरुत्वीय त्वरण g = 10 मीटर / सेकण्ड² नीचे की ओर
माना कि पत्थर को उच्चतम बिन्दु तक जाने में t सेकण्ड लगते हैं जहाँ उसका वेग v = 0 हो जाता है तब y = u- gt से,
0 = 40 – 10 x t
10t = 40
∴ t = \(\frac { 40 }{ 10 }\) = 4 सेकण्ड
अर्थात् अधिकतम ऊँचाई तक पहुँचने में पत्थर को 4 सेकण्ड लगते हैं।
पुन: सूत्र v = u – gt में g = 10 मीटर / सेकण्ड² तथा क्रमशः t = 0, 1, 2, 3, 4 प्राप्त होती है-

t (सेकण्ड में)01234
v (मीटर/सेकण्ड मे)403020100

उपर्युक्त सारणी की सहायता से खींचा गया वेग- समय ग्राफ चित्र 10.7 में प्रदर्शित है।
वेग-समय ग्राफ से,
पत्थर द्वारा प्राप्त अधिकतम ऊँचाई
h = वेग समय ग्राफ के नीचे घिरा क्षेत्र
= ∆OAB का क्षेत्रफल
= \(\frac { 1 }{ 2 }\) OA × OB
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 2
= \(\frac { 1 }{ 2 }\) (40 मीटर/सेकण्ड ) x (4 सेकण्ड)
= 80 मीटर।
पत्थर उच्चतम बिन्दु पर क्षणिक विराम की अवस्था में आता है और फिर नीचे की ओर गिरता हुआ अपने प्रारम्भिक बिन्दु पर वापस पहुँच जाता है।
∴ पत्थर का कुल विस्थापन = प्रारम्भिक व अन्तिम बिन्दु के बीच सरल रेखीय दूरी = 0
जबकि कुल तय दूरी = तय किए गए पथ की लम्बाई
= 2 x अधिकतम ऊँचाई = 2 x 80 = 160 मीटर।

प्रश्न 16.
पृथ्वी तथा सूर्य के बीच गुरुत्वाकर्षण बल का परिकलन कीजिए।
दिया है, पृथ्वी का द्रव्यमान 6 x 1024 किग्रा, सूर्य का द्रव्यमान = 2 x 1030 किग्रा
दोनों के बीच औसत दूरी 1.5 x 1011 मीटर है।
हल:
m1 = 6 × 1024 किग्रा, m2 = 2 x 1030 किग्रा,
d = 1.5 x 1011 मीटर
G = 6.67 x 10-11 न्यूटन मीटर²/किग्रार²
∴ पृथ्वी तथा सूर्य के बीच गुरुत्वाकर्षण बल
F = G\(\frac{m_1 m_2}{d^2}\)
= 6.67 × 10-11 x \(\frac{6 \times 10^{24} \times 2 \times 10^{30}}{\left(1.5 \times 10^{11}\right)^2}\)
= \(\frac{6.67 \times 6 \times 2}{1.5 \times 1.5}\)
= 3.56 x 1022 न्यूटन।

JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

प्रश्न 17.
कोई पत्थर 100 मीटर ऊँची मीनार की चोटी से गिराया गया और उसी समय कोई दूसरा पत्थर 25 मीटर / सेकण्ड के वेग से ऊर्ध्वाधर दिशा में ऊपर की ओर फेंका गया। परिकलन कीजिए कि दोनों पत्थर कब और कहाँ मिलेंगे?
हल:
माना कि दोनों पत्थर, छोड़े जाने के क्षण से सेकण्ड बाद, पृथ्वी तल से t ऊँचाई पर मिलते हैं, तब मिलते क्षण तक नीचे से फेंका गया पत्थर ऊपर की ओर ऊँचाई तय कर चुका होगा; अतः
अतः
h = u2 x t – \(\frac { 1 }{ 2 }\) gt² … (1)
जबकि मीनार की चोटी से छोड़ा गया पिण्ड नीचे की ओर (100-h) दूरी गिर चुका होगा; अतः
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 3
100 – h = u1 x t + \(\frac { 1 }{ 2 }\)gt²
या 100 – h = \(\frac { 1 }{ 2 }\) gt² [∵ u1 = 0] … (2)
समीकरण (1) व (2) को जोड़ने पर,
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 4
t = 4 सेकण्ड तथा g 10 मीटर / सेकण्ड² समीकरण (2) में रखने में,
100 – h = \(\frac { 1 }{ 2 }\) × 10 × (4)²
या 100 – h = 80 या h = 100 – 80 = 20 मीटर
अतः पत्थर, प्रारम्भिक क्षण से 4 सेकण्ड बाद, पृथ्वी तल से 20 मीटर की ऊँचाई पर मिलेंगे।.

प्रश्न 18.
ऊर्ध्वाधर दिशा में ऊपर की ओर फेंकी गई एक गेंद 6 सेकण्ड पश्चात् फेंकने वाले के पास लौट आती है। ज्ञात कीजिए-
(a) यह किस वेग से ऊपर फेंकी गई?
(b) गेंद द्वारा प्राप्त की गई अधिकतम ऊँचाई, तथा
(c) 4 सेकण्ड बाद गेंद की स्थिति।
हल:
(a) माना कि गेंद u वेग से ऊपर की ओर फेंकी गई थी।
चूँकि गेंद 6 सेकण्ड पश्चात् प्रारम्भिक बिन्दु पर लौट आती है
अत: t = 6 सेकण्ड में गेंद का विस्थापन s = 0
जबकि त्वरण a = – g = – 9.8 मीटर/सेकण्डर²
∴ s = ut + \(\frac { 1 }{ 2 }\) at² से,
0 = u × 6 + \(\frac { 1 }{ 2 }\) (- 9.8) × 6²
या 6u = \(\frac { 1 }{ 2 }\) x 9.8 × 6 × 6 या u = 3 x 9.8 = 29.4
अत: गेंद 29.4 मीटर/सेकण्ड के वेग से फेंकी गई थी।

(b) माना कि गेंद अधिकतम ऊँचाई तक जाती है, तब s = h ऊँचाई पर वेग = 0
∴ v² = u² + 2as से,
0² = (29.4)² + 2 × (- 9.8) × h
या 2 × 9.8 × h = 29.4 × 29.4
∴ h = \(\frac{29.4 \times 29.4}{2 \times 9.8}\) = 44.1 मीटर

(c) माना कि t = 4 सेकण्ड बाद गेंद पृथ्वी तल से h1 ऊँचाई पर है,
तब S = ut + \(\frac { 1 }{ 2 }\) at² से,
h1 = 29.4 × 4 + \(\frac { 1 }{ 2 }\) x (- 9.8) × 4²
= 117.6 – 78.4
= 39.2 मीटर
अतः 4 सेकण्ड बाद गेंद पृथ्वी तल से 39.2 मीटर ऊपर होगी।

प्रश्न 19.
किसी द्रव में डुबोई गई वस्तु पर उत्प्लावन बल किस दिशा में कार्य करता है?
उत्तर:
उत्प्लावन बल सदैव भार के विपरीत दिशा में अर्थात् ऊपर की और कार्य करता है।

प्रश्न 20.
पानी के भीतर किसी प्लास्टिक के गुटके को छोड़ने पर यह पानी की सतह पर क्यों आ जाता है?
उत्तर:
चूँकि प्लास्टिक का घनत्व, पानी के घनत्व से कम होता है, इस कारण प्लास्टिक के गुटके को जल में डुबोने पर उस पर लगने वाला उत्प्लावन बल गुटके के भार से अधिक होगा। अतः गुटका पानी की सतह पर आ जाता है।

प्रश्न 21.
50 ग्राम के किसी पदार्थ का आयतन 20 सेमी है। यदि पानी का घनत्व 1 ग्राम / सेमी हो तो पदार्थ तैरेगा या डूबेगा?
हल:
पदार्थ का द्रव्यमान 50 ग्राम
तथा आयतन 20 सेमी³
जल का घनत्व = 1 ग्राम/सेमी³
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 5
∵ पदार्थ का घनत्व > जल का घनत्व
∴ यह पदार्थ जल में डूब जाएगा।

प्रश्न 22.
500 ग्राम के एक मुहरबन्द पैकेट का आयतन 350 सेमी है। पैकेट 1 ग्राम / सेमी³ घनत्व वाले पानी में तैरेगा या डूबेगा? इस पैकेट द्वारा विस्थापित पानी का द्रव्यमान कितना होगा?
हल:
पैकेट का द्रव्यमान = 500 ग्राम तथा आयतन = 350 सेमी³
जल का घनत्व = 1 ग्राम / सेमी³
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 6
∵ पैकेट का घनत्व > जल का घनत्व
∴ पैकेट जल में डूब जायेगा।
∵ पैकेट पूरा डूब जाएगा, अतः यह अपने आयतन (350 सेमी³) के बराबर पानी को विस्थापित करेगा।
∴ विस्थापित पानी का द्रव्यमान विस्थापित पानी का आयतन x पानी का घनत्व
= 350 सेमी³ x 1 ग्राम / सेमी³
= 350 ग्राम।

Jharkhand Board Class 9 Science गुरुत्वाकर्षण InText Questions and Answers

क्रियाकलाप 10.1. (पा. पु. पू. सं. 145)
धागे का एक टुकड़ा लेकर इसके सिरे पर एक छोटा पत्थर बाँधकर दूसरे सिरे से पकड़कर पत्थर को वृत्ताकार पथ में घुमाइए तथा पत्थर की गति की दिशा देखिए। अब धागे को छोड़िए तथा फिर से पत्थर की गति की दिशा को देखिए।

निष्कर्ष-धागे को छोड़ने से पहले पत्थर एक निश्चित चाल से वृत्ताकार पथ में गति करता है तथा प्रत्येक बिन्दु पर उसकी गति की दिशा बदलती है। वस्तु को वृत्ताकार पथ पर गतिशील रखने वाला बल, जिसके कारण त्वरण होता है, अभिकेन्द्रीय बल कहलाता है।

पृथ्वी के चारों ओर चन्द्रमा की गति अभिकेन्द्रीय बल के कारण है। अभिकेन्द्रीय बल पृथ्वी के आकर्षण बल के कारण होता है। हमारे सौर परिवार में सभी ग्रह सूर्य की परिक्रमा करते हैं। सूर्य तथा ग्रह के बीच एक बल विद्यमान है जो गुरुत्वाकर्षण बल कहलाता है।

न्यूटन के निष्कर्ष के आधार पर विश्व के सभी पिण्ड एक दूसरे को आकर्षित करते हैं।

खण्ड 10.1 से सम्बन्धित पाठ्य-पुस्तक के प्रश्नोत्तर (पा. पु. पृ. सं. 149)

प्रश्न 1.
गुरुत्वाकर्षण का सार्वत्रिक नियम बताइए।
उत्तर:
दो वस्तुओं के बीच लगने वाला बल, दोनों वस्तुओं के द्रव्यमान के गुणनफल के समानुपाती तथा उनकी बीच की दूरी के वर्ग के व्युत्क्रमानुपाती होता है। यह गुरुत्वाकर्षण का सार्वत्रिक नियम कहलाता है।

प्रश्न 2.
पृथ्वी तथा उसकी सतह पर रखी किसी वस्तु के बीच लगने वाले गुरुत्वाकर्षण बल का परिमाण ज्ञात करने को सूत्र लिखिए।
उत्तर:
सूत्र F = G\(\frac{\mathrm{M} m}{d^2}\) से पृथ्वी की सतह के लिए d = R अत: F = \(\frac{\mathrm{GM} m}{R^2}\)

क्रियाकलाप 10.2. (पा.पु. पृ. सं. 149)
एक पत्थर लेकर ऊपर की ओर फेंकिए। यह एक निश्चित ऊँचाई तक पहुँचता है और फिर नीचे की ओर गिरने लगता है।

पृथ्वी सभी वस्तुओं को अपनी ओर आकर्षित करती है। पृथ्वी के इस आकर्षण बल को गुरुत्वीय बल कहते हैं। वस्तुओं के पृथ्वी की ओर गिरने पर वस्तुओं को मुक्त पतन में होना कहा जाता है। गिरते समय वस्तुओं की गति की दिशा में कोई परिवर्तन नहीं होता है परन्तु पृथ्वी के आकर्षण के कारण वेग के परिमाण में परिवर्तन होता है जिससे त्वरण उत्पन्न होता है तथा इस त्वरण को पृथ्वी के गुरुत्वीय बल के कारण त्वरण या गुरुत्वीय त्वरण g कहते हैं।

गति के दूसरे नियम से हमें ज्ञात है कि द्रव्यमान तथा त्वरण का गुणनफल, बल कहलाता है। माना पत्थर का है तथा गिरती हुई वस्तुओं में गुरुत्वीय बल के द्रव्यमान कारण त्वरण लगता है और इसे g से प्रदर्शित करते हैं।
अतः
F = mg … (i)
तथा न्यूटन के गुरुत्वाकर्षण के नियम से
F = \(\frac{\mathrm{GMm}}{d^2}\) … (ii)
समी. (i) व (ii) से,
mg = \(\frac{\mathrm{GMm}}{d^2}\)
या g = \(\frac{\mathrm{GM}}{d^2}\)
जहाँ M पृथ्वी का द्रव्यमान तथा वस्तु और पृथ्वी के बीच की दूरी है।
यदि वस्तु पृथ्वी पर या इसके पृष्ठ के पास है तो d के स्थान पर पृथ्वी की त्रिज्या R रखनी होगी। इस प्रकार पृथ्वी के पृष्ठ पर या इसके समीप रखी वस्तुओं के लिए
g = \(\frac{\mathrm{GM}}{R^2}\)
पृथ्वी की त्रिज्या ध्रुवों से विषुवत रेखा की ओर जाने पर बढ़ती है अतः g का मान ध्रुवों पर विषुवत रेखा की अपेक्षा अधिक होता है।

JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

क्रियाकलाप 10.3. (पा. पु. पू. सं. 150)
कागज की एक शीट तथा एक पत्थर लीजिए तथा दोनों को किसी इमारत की पहली मंजिल से एक साथ गिरा कर देखिए कि क्या दोनों एक साथ धरती पर पहुँचते हैं?

निष्कर्ष – हम यह पाते हैं कि कागज धरती पर पत्थर की अपेक्षा कुछ देर से पहुँचता है। ऐसा वायु के प्रतिरोध के कारण होता है। गिरती हुई गतिशील वस्तुओं पर घर्षण के कारण वायु प्रतिरोध लगाती है। कागज पर लगने वाला वायु का प्रतिरोध पत्थर पर लगने वाले प्रतिरोध से अधिक होता है।

यदि इस प्रयोग को ऐसे जार में करें जिसमें से वायु निकाल दी गई है तो कागज तथा पत्थर एक ही दर से नीचे गिरेंगे।

पृथ्वी के निकट g का मान स्थिर है अतः एक समान त्वरित गति के सभी समीकरण त्वरण a के स्थान पर g रखने पर भी मान्य रहेंगे, ये समीकरण निम्न हैं-

सरल रेखीयगुरुत्व के अधीन
v = u + atv = u + gt
s = ut + \(\frac { 1 }{ 2 }\)at²h = ut + \(\frac { 1 }{ 2 }\)gt²
v² = u² + 2asv² = u² + 2gs

जहाँ
u – वस्तु का प्रारस्भिक वेग
v – वस्तु का अन्तिम वेग
s – वस्तु द्वारा t समय में चली गई दूरी
नोट- यदि त्वरण गति की दिशा में लग रहा हो तो इसे धनात्मक लेते हैं तथा यदि त्वरण गति की दिशा के विपरीत लग रहा हो तो इसे ऋणात्मक लेते हैं।

उदाहरण 10.2.
एक कार किसी कगार से गिरकर 0.55 में धरती पर आ गिरती है। परिकलन में सरलता के लिए g का मान 10 मी / से.2 लीजिए।
(i) धरती पर टकराते समय कार की चाल क्या होगी?
(ii) 0.5 से. के दौरान इसकी औसत चाल क्या होगी?
(iii) धरती से कगार कितनी ऊँचाई पर है?
हल:
प्रश्नानुसार समय t = 0.58
प्रारम्भिक वेग u = 0 ms-1
गुरुत्वीय त्वरण g = 10 m s-2
कार का त्वरण a = + 10m/sec² (अधोमुखी)
(i) चाल v = at से
v = 10 मी/से.² x 0.5 से.
= 5 मी./से.-1

(ii) औसत चाल = \(\frac { u+v }{ 2 }\)
= (0 मी/से +5 मी/से.-1) / 2 = 2.5 मी/से.

(iii) तय की गई दूरी s = \(\frac { 1 }{ 2 }\) at² + \(\frac { 1 }{ 2 }\) x 10 मी/से.² x (0.5 से.)²
= \(\frac { 1 }{ 2 }\) x 10 मी/से.-2 x 0.25 से.²
अतः = 1.25 मीटर
(i) धरती पर टकराते समय इसकी चाल 5मी/से.-1
(ii) 0.5 सेकण्ड के दौरान इसकी औसत चाल = 2.5 मी/से.-1
(iii) धरती से कगार की ऊँचाई = 1.25 मी.

उदाहरण 10.3.
एक वस्तु को ऊर्ध्वाधर दिशा में ऊपर की ओर फेंका जाता है और यह 10 मीटर की ऊँचाई तक पहुँचती है। परिकलन कीजिए-
(i) वस्तु कितने वेग से ऊपर फेंकी गई तथा
(ii) वस्तु द्वारा उच्चतम बिन्दु तक पहुँचने में लिया गया समय।
हल:
तय की गई दूरी s = 10 मी
अन्तिम वेग v = 0 मी/से.
गुरुत्वीय त्वरण g = 9.8 मी/से.²
वस्तु का त्वरण a = – 9.8 मी / से.² (ऊर्ध्वमुखी)
(i) v² = u² + 2as
0 = u² + 2 × (- 9.8 मी / से.²) x 10m
– u² = – 2 × 9.8 × 10 मी² / से.²
u = \(\sqrt{196}\) मी/से.
u = 14 मी/से.

(ii) v = u + at
0 = 14 मी / से. – 9.8 मी / से.² x 1
t = 1.43 से
(i) प्रारम्भिक वेग u = 14 मी / से. तथा
(ii) लिया गया समय t = 1.43 सेकण्ड।

खण्ड 10.2 से सम्बन्धित पाठ्य पुस्तक के प्रश्नोत्तर (पा.पु. पृ. सं. 152)

प्रश्न 1.
मुक्त पतन से क्या तात्पर्य है?
उत्तर:
वस्तुएँ पृथ्वी की ओर गुरुत्वीय आकर्षण बल के कारण गिरती हैं। इसे हम कहते हैं कि वस्तुएँ मुक्त पतन में हैं।

प्रश्न 2.
गुरुत्वीय त्वरण से आप क्या समझते हैं?
उत्तर:
जब कोई वस्तु पृथ्वी की ओर गिरती है तो पृथ्वी के आकर्षण के कारण वेग के परिमाण में परिवर्तन होता है। वेग में यह परिवर्तन त्वरण उत्पन्न करता है। यह त्वरण पृथ्वी के गुरुत्वीय बल के कारण है। इसलिए इसे गुरुत्वीय त्वरण कहते हैं।

खण्ड 10.3 एवं 10.4 से सम्बन्धित पाठ्य पुस्तक के प्रश्नोत्तर (पा.पु. पृ. सं. 153)

प्रश्न 1.
किसी वस्तु के द्रव्यमान तथा भार में क्या अन्तर है?
उत्तर:
द्रव्यमान तथा भार में अन्तर

द्रव्यमानभार
1. किसी वस्तु में उपस्थित पदार्थ की मात्रा ही उसका द्रव्यमान होती है।किसी वस्तु का भार उस बल के बराबर होता है जिससे पृथ्वी उस वस्तु को आकर्षित करती है।
2. द्रव्यमान का मात्रक किलोग्राम है।भार का मात्रक न्यूटन या किलोग्राम-भार है।
3. किसी वस्तु के द्रव्यमान का मान प्रत्येक स्थान पर समान रहता है।वस्तु का भार (m g) गुरुत्वीय त्वरण g के परिवर्तन के कारण भिन्न-भिन्न स्थानों पर भिन्न-भिन्न होता है।
4. द्रव्यमान अदिश राशि है।भार सदिश राशि है।
5. द्रव्यमान को भौतिक तुला से तोला जाता है।भार को कमानीदार तुला से तोला जाता है।

प्रश्न 2.
किसी वस्तु का चन्द्रमा पर भार पृथ्वी पर इसके भार का 1/6 गुना क्यों होता है?
उत्तर:
चन्द्रमा का द्रव्यमान, पृथ्वी के द्रव्यमान की तुलना में काफी कम है, इस कारण चन्द्रमा की सतह पर चन्द्रमा के कारण गुरुत्वीय त्वरण का मान, पृथ्वी पर गुरुत्वीय त्वरण के मान का 1/6 होता है। अब चूँकि किसी स्थान पर किसी वस्तु का भार उस स्थान पर गुरुत्वीय त्वरण के समानुपाती होता है; अंतः चन्द्रमा पर किसी वस्तु का भार पृथ्वी पर उसके भार का 1/6 गुना होता है।

क्रियाकलाप 10.4. (पा. पु. पृ. सं. 155)
प्लास्टिक की एक खाली बोतल लेकर उसके मुँह को एक वायुरुद्ध डाट से बन्द करके इसे एक पानी की बाल्टी में रखिए। बोतल को पानी में धकेलने पर ऊपर की ओर एक धक्का महसूस होता है तथा इसे और नीचे धकेलने में आपको कठिनाई महसूस होगी। पानी द्वारा बोतल पर ऊपर की ओर एक बल लगाया जाता है जिसे उत्प्लावन बल कहते हैं।

क्रियाकलाप 10.5. (पा.पु. पृ. सं. 156)
एक बीकर लेकर उसमें भरे पानी की सतह पर एक लोहे की कील रखिए। कील पानी में डूब जाती है। इस प्रकार का उत्तर जानने के लिए एक क्रियाकलाप करते हैं।

JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण

क्रियाकलाप 10.6 (पा.पु. पू. सं. 156)
पानी से भरा बीकर लेकर एक कील तथा समान द्रव्यमान का एक कॉर्क का टुकड़ा लेकर उन्हें पानी की सतह पर रखा। आप पायेंगे कि कील पानी में डूब जाती है जबकि कॉर्क का टुकड़ा पानी के ऊपर तैरता
रहता है।
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 7
कारण- कॉर्क तैरता है जबकि कील डूब जाती है। ऐसा उनके घनत्वों में अन्तर के कारण होता है। किसी पदार्थ का घनत्व, उसके एकांक आयतन के द्रव्यमान को कहते हैं। कॉर्क का घनत्व पानी के घनत्व से कम है अर्थात् कॉर्क पर पानी का उत्प्लावन बल, कॉर्क के भार से अधिक है इसलिए यह तैरता है।

इस प्रकार द्रव के घनत्व से कम घनत्व की वस्तुएँ द्रव पर तैरती हैं। द्रव के घनत्व से अधिक घनत्व की वस्तुएँ द्रव मैं डूब जाती हैं।

खण्ड 10.5 से सम्बन्धित पाठ्य पुस्तक के प्रश्नोत्तर (पा.पु. पू. सं. 157)

प्रश्न 1.
एक पतली तथा मजबूत डोरी से बने पट्टे की सहायता से स्कूल बैग को उठाना कठिन होता है, क्यों?
उत्तर:
यदि स्कूल बैग को पतली तथा मजबूत डोरी से बने पट्टे की सहायता से हाथ में उठाया जाए अथवा कन्धे से लटकाया जाए तो यह पट्टा हाथ अथवा कन्धे के छोटे से क्षेत्रफल के सम्पर्क में होगा। तब बैग का सम्पूर्ण भार इस छोटे से क्षेत्रफल पर लगेगा जिसके फलस्वरूप इस क्षेत्रफल पर दाब बहुत अधिक होगा और पट्टा हाथ या कन्धे में गढ़ जाएगा।

प्रश्न 2.
उत्प्लावकता से आप क्या समझते हैं?
उत्तर:
उत्प्लावकता- किसी द्रव का वह गुण जिसके कारण वह द्रव में छोड़ी गई किसी वस्तु पर ऊपर की ओर एक बल लगाता है, उत्प्लावकता’ कहलाता है।

प्रश्न 3.
पानी की सतह पर रखने पर कोई वस्तु क्यों तैरती या डूबती है?
उत्तर:
जब किसी वस्तु को पानी की सतह पर रखा जाता है तो उस वस्तु पर दो बल कार्य करते हैं- प्रथम वस्तु पर पृथ्वी का गुरुत्वाकर्षण बल (वस्तु का भार) नीचे की ओर तथा द्वितीय वस्तु पर पानी का उत्प्लावन बल ऊपर की और।
किसी वस्तु का पानी में डूबना या तैरना उपर्युक्त दोनों बलों के आपेक्षिक मानों पर निर्भर करता है।

  • यदि वस्तु का भार उत्प्लावन बल से अधिक है तो वस्तु पानी में डूब जाएगी।
  • यदि वस्तु का भार उत्प्लावन बल से कम है तो वस्तु पानी में तैरेगी।
  • यदि वस्तु का भार उत्प्लावन बल के बराबर है तो वस्तु पानी में पूरी डूबकर तैरती रहेगी।

किसी वस्तु के जल में तैरने या डूबने का ज्ञान उस वस्तु के घनत्व से प्राप्त किया जा सकता है। यदि वस्तु का घनत्व जल के घनत्व से कम है तो वह वस्तु जल में तैरेगी। इसके विपरीत यदि वस्तु का घनत्व, जल के घनत्व से अधिक है तो वह वस्तु जल में डूब जाएगी।

क्रियाकलाप 10.7. (पा.पु. पू. सं. 157)
एक पत्थर के टुकड़े को किसी कमानीदार तुला या रबड़ की डोरी के एक सिरे से बाँधकर लटकाएँ (चित्र 10.5 a) पत्थर के भार के कारण रबड़ की डोरी की लम्बाई में वृद्धि या कमानीदार तुला का पाठ्यांक नोट कीजिए। अब पत्थर को पानी से भरे एक बर्तन में डुबोइए (चित्र 10.5 b) डोरी की लम्बाई या तुला की माप में हुए परिवर्तन को नोट कीजिए।

आप देखेंगे कि पानी में डुबाने पर डोरी की लम्बाई या तुला के पाठ्यांक में कमी आती है। यह कमी पत्थर द्वारा हटाए गए पानी के भार के बराबर होगी।
JAC Class 9 Science Solutions Chapter 10 गुरुत्वाकर्षण 8
“जब किसी वस्तु को किसी तरल में पूर्ण या आंशिक रूप में डुबोया जाता है तो वह ऊपर की दिशा में एक बल का अनुभव करती हैं जो वस्तु द्वारा हटाए गए तरल के भार के बराबर होता है। इसे आर्किमिडीज का सिद्धान्त कहते हैं।”

आर्किमिडीज के सिद्धान्त के बहुत से अनुप्रयोग हैं। यह जलयानों तथा पनडुब्बियों के डिजाइन बनाने में काम आता हैं। हाइड्रोमीटर तथा दुग्धमापी भी इसी सिद्धान्त पर आधारित हैं।

प्रश्न 1.
पनडुब्बियां किस सिद्धान्त पर कार्य करती हैं?
उत्तर:
आर्किमिडीज के सिद्धान्त पर

प्रश्न 2.
आर्किमिडीज का सिद्धान्त क्या है?
उत्तर:
जब किसी वस्तु को पूर्ण या आंशिक रूप से द्रव में डुबोया जाता है तो वह ऊपर की ओर एक बल का अनुभव करती है, जो उस वस्तु द्वारा हटाए गए द्रव के भार के बराबर होता है।

खण्ड 10.6 से सम्बन्धित पाठ्य पुस्तक के प्रश्नोत्तर (पा.पु. पृ. सं. 158)

प्रश्न 1.
एक तुला पर आप अपना द्रव्यमान 42 किग्रा नोट करते हैं। क्या आपका द्रव्यमान 42 किग्रा से अधिक है या कम?
उत्तर:
चूँकि हम किसी वस्तु का द्रव्यमान वायु में मापते हैं; अतः वायु की उत्प्लावकता के कारण तुला का पाठ्यांक सदैव ही वस्तु के वास्तविक द्रव्यमान से कम होता है। अतः हमारा वास्तविक द्रव्यमान 42 किग्रा से अधिक होगा, यद्यपि यह अन्तर अत्यन्त कम होगा।

प्रश्न 2.
आपके पास एक रुई का बोरा तथा एक लोहे की छड़ है। तुला पर मापने पर दोनों 100 किग्रा द्रव्यमान दर्शाते हैं। वास्तविकता में एक दूसरे से भारी है। क्या आप बता सकते हैं कि कौन-सा भारी है और क्यों?
उत्तर:
वायु की उत्प्लावकता के कारण तुला दोनों का ही द्रव्यमान कम मापती है। चूँकि समान द्रव्यमान की रुई का आयतन लोहे की तुलना में अधिक है। अतः रुई पर उत्प्लावकता का प्रभाव अधिक होगा अर्थात् रुई के वास्तविक द्रव्यमान तथा प्रेक्षित द्रव्यमान में अन्तर लोहे के वास्तविक तथा प्रेक्षित द्रव्यमानों में अन्तर की तुलना में अधिक होगा। अतः रुई का वास्तविक द्रव्यमान लोहे के वास्तविक द्रव्यमान से अधिक होगा। अर्थात् रुई लोहे की तुलना में भारी होगी।

JAC Class 10 Science Notes Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

Students must go through these JAC Class 10 Science Notes Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक to get a clear insight into all the important concepts.

JAC Board Class 10 Science Notes Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

→ कार्बन एक सर्वतोमुखी तत्त्व है जो सभी जीवों एवं हमारे उपयोग में आने वाली वस्तुओं का आधार है, जैसे- भोजन, दवा, कपड़े आदि।

→ कार्बनिक यौगिक कार्बन में बहुत बड़ी संख्या में यौगिक बनाने का गुण है। इन यौगिकों को कार्बनिक यौगिक कहते हैं। इनमें कार्बन तथा हाइड्रोजन के अतिरिक्त नाइट्रोजन ऑक्सीजन, हैलोजन और गंधक आदि भी हो सकते हैं।

→ अपररूपता-तत्त्वों का एक गुण जिसके द्वारा कोई तत्व ऐसे कई रूपों में पाया जाता है जिनके भौतिक गुण भिन्न-भिन्न हों और रासायनिक गुण समान हों, अपरूपता कहलाते हैं।

→ हाइड्रोकार्बन – कार्बन तथा हाइड्रोजन से बने यौगिकों को हाइड्रोकार्बन कहते हैं।

→ संतृप्त हाइड्रोकार्बन (ऐल्केन) – वे हाइड्रोकार्बन जिनमें कार्बन की चारों संयोजकताएँ एकल सहबंध द्वारा संतुष्ट होती हैं, संतृप्त हाइड्रोकार्बन कहलाते हैं। इनका सामान्य रासायनिक सूत्र CnH2n+2 है।

→ असंतृप्त हाइड्रोकार्बन-जिन हाइड्रोकार्बन में दो कार्बन परमाणुओं के मध्य द्विबंध अथवा त्रिबंध होता है, उन्हें असंतृप्त हाइड्रोकार्बन कहते हैं।

JAC Class 10 Science Notes Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

→ एल्कीन – इन असंतृप्त हाइड्रोकार्बन का सामान्य सूत्र CnH2n होता है। इनमें कार्बन के दो परमाणु के मध्य एक द्विबंध होता है।

→ एल्काइन – इन असंतृप्त हाइड्रोकार्बन का सामान्य रासायनिक सूत्र C2H2n-2 होता है। इनमें दो कार्बन परमाणुओं में एक त्रिबंध होता है।

→ सहसंयोजी आबंध – दो परमाणुओं के बीच इलेक्ट्रॉन के एक युग्म की साझेदारी के द्वारा बनने वाले आबंध, सहसंयोजी आबंध कहलाते हैं।

→ कार्बन की चतुः संयोजकता एवं श्रृंखलन प्रकृति के कारण यह कई यौगिक बनाता है।

→ अपने-अपने बाहरी कोशों को पूर्ण रूप से भरने के लिए दो परमाणुओं के बीच इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी से सहसंयोजक आबंध बनता है।

→ ऐल्कोहॉल-वे कार्बन यौगिक होते हैं जिनमें एक या एक से अधिक हाइड्रॉक्सिल ग्रुप (OH) हो तथा जिनका सामान्य सूत्र Cn H2n+1OH हों। इसमें Al- kane के ‘6’ के स्थान पर (ol) जोड़ देते हैं।

→ विषम परमाणु- यौगिकों में हाइड्रोजन प्रतिस्थापित करने वाले तत्त्वों को विषम परमाणु कहते हैं।

→ संकलन अभिक्रियाएँ वे क्रियाएँ जो कार्बन- कार्बन के बीच द्वि-आबंध या त्रि-आबंध होने पर वे अन्य अणुओं से क्रिया करके योगात्मक उत्पादक बनाता है तथा द्वि-आबंध या त्रि-आबंध एकल आबंध में परिवर्तित हो जाता है।

→ प्रतिस्थापन अभिक्रियाएँ – वे अभिक्रियाएँ हैं जिनमें किसी यौगिक के सभी परमाणु एक-एक करके अन्य परमाणुओं से विस्थापित हो जाते हैं।

→ समावयवता – वह घटना जिसमें दो या अधिक यौगिकों के अणुसूत्र तो एक ही हों लेकिन संरचना भिन्न होने के कारण गुण भिन्न हो जाते हैं।

JAC Class 10 Science Notes Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

→ प्रकार्यात्मक समूह (Functional Group):

  • परमाणु या परमाणुओं का समूह जो कार्बनिक यौगिक की अभिक्रियाशीलता बताती है और उसके विशिष्ट गुणधर्मों (अथवा क्रियाओं) को सुनिश्चित करता है, प्रकार्यात्मक समूह कहलाते हैं।
  • यौगिकों का विशिष्ट गुण कार्बन श्रृंखला की लम्बाई और प्रकृति पर निर्भर नहीं करता है।

→ ऐल्कोहॉल, ऐल्डिहाइड, कीटोन एवं कार्बोक्सिलिक अम्ल जैसे समूह कार्बन यौगिकों अभिलाक्षणिक गुण प्रदान करते हैं।

→ कार्बन तथा उसके यौगिक हमारे ईंधन के प्रमुख स्रोत हैं।

→ कार्बनिक यौगिक एथेनॉल एवं एथेनॉइक अम्ल का हमारे दैनिक जीवन में काफी महत्त्व है।

→ साबुन एवं अपमार्जक की प्रक्रिया अणुओं में जलरागी तथा जलविरागी दोनों समूहों की उपस्थिति पर आधारित है। इसकी मदद से तैलीय मैल का पायस बनता है और बाहर निकलता है।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

Jharkhand Board JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण Important Questions and Answers.

JAC Board Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

अतिलघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 1.
किस नियम पर, रासायनिक समीकरण का संतुलित करना आधारित है?
उत्तर:
रासायनिक समीकरण का संतुलित करना द्रव्यमान संरक्षण के नियम पर आधारित है।

प्रश्न 2.
रासायनिक समीकरण में प्रतीक (↓) एवं (↑) क्या प्रदर्शित करते हैं?
उत्तर:
प्रतीक (↑) गैसीय उत्पाद व प्रतीक (↓) अवक्षेप (ठोस) उत्पाद दर्शाता है।

प्रश्न 3.
जलीय अवस्था क्या है?
उत्तर:
किसी अभिकारक या उत्पाद का जल में विलयन उसकी जलीय अवस्था कहलाती है।

प्रश्न 4.
भोजन के पाचन में किस प्रकार की अभिक्रिया होती है?
उत्तर:
भोजन के पाचन में वियोजन अभिक्रिया होती है।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

प्रश्न 5.
श्वसन में किस प्रकार की अभिक्रिया होती है?
उत्तर:
श्वसन में उपचयन एवं ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया होती है।

प्रश्न 6.
वियोजन अभिक्रियाओं में ऊर्जा किस रूप में ली जाती है?
उत्तर:
वियोजन अभिक्रियाओं में ऊर्जा ऊष्मा, प्रकाश या विद्युत के रूप में ली जाती है।

प्रश्न 7.
अभिकारक व उत्पाद क्या है?
उत्तर:
अभिकारक – ऐसे पदार्थ जो रासायनिक अभिक्रियाओं में भाग लेते हैं अभिकारक कहलाते हैं।

उत्पाद – ऐसे पदार्थ जो रासायनिक अभिक्रिया के फलस्वरूप प्राप्त होते हैं उत्पाद कहलाते हैं।

प्रश्न 8.
बिना बुझे हुए चूने का रासायनिक सूत्र लिखिए।
उत्तर:
CaO.

प्रश्न 9.
रासायनिक अभिक्रियाओं से क्या समझते हैं? उदाहरण दीजिए।
उत्तर:
रासायनिक अभिक्रियाएँ- जब एक या एक से अधिक पदार्थ आपस में क्रिया करके नये पदार्थ का निर्माण करते हैं तो ऐसी अभिक्रियाओं को रासायनिक अभिक्रियाएँ कहते हैं।

उदाहरण – आयरन को सल्फर के साथ गर्म करने पर फेरस सल्फाइड बनता है।

प्रश्न 10.
एथिलीन पर हाइड्रोजन की क्रिया से एथेन बनता है, क्यों?
उत्तर:
एथिलीन एक असंतृप्त हाइड्रोकार्बन है जिसमें कार्बन परमाणु द्विआबन्ध द्वारा जुड़े होते हैं। जब ये हाइड्रोजन से क्रिया करते हैं तो इसका द्विआबन्ध टूट जाता है और नया एकल आबन्ध, आबन्ध द्वारा संतृप्त हाइड्रोजन एथेन बनाते हैं। यह योगशील अभिक्रिया के कारण होता है।

प्रश्न 11.
एकल विस्थापन अभिक्रिया किसे कहते हैं?
उत्तर:
एक विस्थापन अभिक्रिया – जब किसी यौगिक में उपस्थित एक तत्त्व या (एक परमाणु) को किसी दूसरे यौगिक के एक तत्त्व या (एक परमाणु), द्वारा हटाकर स्वयं उसका स्थान ले लेता है तो उसे एकल विस्थापन अभिक्रिया कहते हैं।
उदाहरण: CuSO4 + Zn → ZnSO4 + Cu

प्रश्न 12.
उपचयन व अपचयन अभिक्रियाओं को हम किस दूसरे नाम से जानते हैं?
उत्तर:
रेडॉक्स अभिक्रिया (Redox Reaction )।

प्रश्न 13.
उस अभिक्रिया का नाम बताइए जिसमें अविलेय लवण प्राप्त होता है?
उत्तर:
अवक्षेपण अभिक्रिया।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

प्रश्न 14.
बेरियम सल्फेट तथा सोडियम क्लोराइड किन अभिकारकों से प्राप्त किये जा सकते हैं?
उत्तर:

  1. Na2SO4 ( सोडियम सल्फेट)
  2. BaCl2 (बेरियम क्लोराइड)

प्रश्न 15.
अभिक्रिया की गति प्रभावित करने वाले प्रमुख कारक कौन से हैं?
उत्तर:

  1. अभिकारकों की प्रकृति
  2. ताप
  3. सांद्रण
  4. उत्प्रेरक।

प्रश्न 16.
ऊष्माक्षेपी अभिक्रियाएँ किन्हें कहते हैं?
उत्तर:
ऊष्माक्षेपी अभिक्रियाएँ – वे रासायनिक अभिक्रियाएँ जिसमें ऊष्मा उत्पन्न या उत्सर्जित होती है, ऊष्माक्षेपी अभिक्रियाएँ कहलाती हैं।
उदाहरण – 1 मोल कार्बन और 1 मोल ऑक्सीजन संयोग करती है तो 1 मोल कार्बन डाइऑक्साइड बनती है तथा 44.3 k cal. ऊष्मा उत्पन्न होती है।
C + O2 → CO2 + 44.3 kcal

प्रश्न 17.
उत्क्रमणीय अभिक्रिया किसे कहते हैं?
उत्तर:
उत्क्रमणीय अभिक्रियाएँ वे अभिक्रियाएँ जो समान परिस्थितियों में अग्र एवं पश्च दोनों दिशाओं में होती हैं और किसी भी दिशा में पूर्णता को नहीं पहुँचतीं उत्क्रमणीय अभिक्रियाएँ कहलाती हैं।

उदाहरण – जब फॉस्फोरस पेण्टाक्लोराइड को गर्म किया जाता है तब यह अपघटित होकर फ़ॉस्फोरस ट्राइ- इसे ठण्डा करने पर पुनः क्लोराइड तथा क्लोरीन देता है। फॉस्फोरस पेण्टाक्लोराइड प्राप्त हो जाता है।
PCl5 ⇌ PCl3 + Cl2

लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 1.
रासायनिक साम्य किसे कहते हैं? सिद्ध कीजिए कि इसकी प्रकृति गतिज होती है।
उत्तर:
रासायनिक साम्य- किसी उत्क्रमणीय अभिक्रिया की वह अवस्था जिसमें अग्र व विपरीत दोनों अभिक्रियाओं के वेग बराबर हो जाते हैं, रासायनिक साम्यावस्था कहलाती है।
एक परखनली में कैडमियम क्लोराइड (CaCl2) के अम्लीय विलयन में H2S प्रवाहित करने पर कैडमियम सल्फाइड (Cds) का पीला अवक्षेप प्राप्त होता है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 1
इस स्थिति में सान्द्र HCl की कुछ बूँदें मिलाने पर अवक्षेप घुल जाता है और साफ विलयन प्राप्त हो जाता है। प्राप्त विलयन में H2S गैस प्रवाहित करने पर पुनः पीला अवक्षेप प्राप्त होता है। इस प्रयोग से सिद्ध होता है। कि रासायनिक साम्य की प्रकृति गतिज होती है।

प्रश्न 2.
ऊष्मीय वियोजन और आयनिक वियोजन में अन्तर लिखिए।
उत्तर:
ऊष्मीय वियोजन और आयनिक वियोजन में अन्तर

ऊष्मीय वियोजनआयनिक वियोजन
1. ऊष्मीय वियोजन ऊष्मा के द्वारा होता है।1. आयनिक वियोजन विलयन बनाने पर होता है।
2. ऊष्मीय वियोजन में उत्पाद उदासीन अणु होते हैं।2. आयनिक वियोजन में उत्पाद आयन होते हैं।
3. ऊष्मीय वियोजन के लिये माध्यम आवश्यक नहीं है।3. आयनिक वियोजन के लिए माध्यम आवश्यक नहीं है।
4. ऊष्मीय वियोजन में उत्पाद पृथक किये जा सकते हैं।4. आयनिक वियोजन के उत्पाद पृथक नहीं किये जा सकते।
5. उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 2
5. उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 3

प्रश्न 3.
निम्नलिखित में से कौन-से परिवर्तन ऊष्माशोषी और कौन-से ऊष्माक्षेपी प्रकृति के हैं-
(a) फेरस सल्फेट का अपघटन
(b) सल्फ्यूरिक अम्ल का तनुकरण
(c) सोडियम हाइड्रॉक्साइड का जल में विलीन होना
(d) अमोनियम क्लोराइड का जल में विलीन होना।
उत्तर:
(b) तथा (c) ऊष्माक्षेपी हैं क्योंकि इन परिवर्तनों में ऊष्मा मुक्त होती है।
(a) तथा (d) ऊष्माशोषी हैं, क्योंकि इन परिवर्तनों में ऊष्मा अवशोषित होती है।

प्रश्न 4.
‘X’ समूह 2 के एक तत्त्व का ऑक्साइड है जो सीमेंट उद्योग में बहुत अधिक उपयोग में आता है। यह तत्त्व हड्डियों में भी उपस्थित रहता है। जल में अभिकृत कराने पर यह ऑक्साइड एक विलयन बनाता है, जो लाल लिटमस को नीला कर देता है। ‘X’ को पहचानिए तथा सम्बन्धित रासायनिक अभिक्रियाओं को भी लिखिए।
उत्तर:
X = कैल्सियम ऑक्साइड (बिना बुझा हुआ चूना)
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 3a

प्रश्न 5.
प्राकृतिक गैस का दहन किस प्रकार की अभिक्रिया है? रासायनिक समीकरण द्वारा स्पष्ट कीजिए।
उत्तर:
यह एक ऊष्माक्षेपी रासायनिक अभिक्रिया है, क्योंकि उत्पाद के निर्माण के साथ-साथ ऊष्मा भी उत्पन्न होती है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 4a

प्रश्न 6.
निम्नलिखित अभिक्रियाओं में अपचायक को पहचानिए-
(a) Fe2O3 + 3CO → 2Fe + 3CO2
(b) 4NH3 + 5O2 → 4NO + 6H2O
उत्तर:
(a) कार्बन मोनॉक्साइड (CO)।
(b) अमोनिया (NH3)।

प्रश्न 7.
निम्नलिखित अभिक्रियाओं में किसका ऑक्सीकरण तथा किसका अपचयन हुआ है?
(a) MnO2(aq) + 4HCl(aq) → MnCl2 (aq) + 2H2O(l) + Cl2(g)
(b) CuO(s) + H2(g) → Cu(s) + H2O(l)
उपर्युक्त अभिक्रियाओं का क्या नाम है?
उत्तर:
(a) HCl का उपचयन (ऑक्सीकरण) तथा MnO2 का अपचयन हुआ है।

(b) H2 का उपचयन तथा CuO का अपचयन हुआ है।
इन अभिक्रियाओं को उपचयन- अपचयन अथवा रेडॉक्स अभिक्रियाएँ कहते हैं।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

प्रश्न 8.
क्या होता है जब आयरन धातु के टुकड़े को कॉपर सल्फेट विलयन में डुबोया जाता है?
उत्तर:
लोहे के टुकड़े का रंग भूरा हो जाता है तथा विलयन का रंग हरा हो जाता है। अभिक्रिया इस प्रकार होती है-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 4b

प्रश्न 9.
क्या होता है जब एक टुकड़ा-
(a) जिंक धातु का कॉपर सल्फेट विलयन में डाला जाता है।
(b) ऐलुमिनियम धातु का तनु हाइड्रोक्लोरिक अम्ल में डाला जाता है।
(c) सिल्वर धातु को कॉपर सल्फेट विलयन में डाला जाता है।
यदि अभिक्रिया सम्पन्न होती हो तो संतुलित रासायनिक समीकरण भी लिखिए।
उत्तर:
(a) चूँकि जिंक (Zn), कॉपर (Cu) से अधिक क्रियाशील धातु है इसलिए CuSO4 से Cu को विस्थापित कर देता है तथा जिंक सल्फेट का विलयन प्राप्त होता है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 4c
यह विस्थापन अभिक्रिया का एक उदाहरण है।

(b) इसी प्रकार Al, हाइड्रोजन (H2) से अधिक क्रियाशील है, इसलिए तनु HCl से H2 गैस मुक्त कर देता है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 4d

(c) Ag(s) + CuSO4 (aq) → कोई अभिक्रिया नहीं क्योंकि Ag, Cu से कम क्रियाशील धातु है अतः CuSO4 से Cu को विस्थापित नहीं कर पाती है।

प्रश्न 10.
विलोपन अभिक्रिया से क्या तात्पर्य है? एक उदाहरण द्वारा समझाइये।
उत्तर:
विलोपन अभिक्रिया वह सहसंयोजक रासायनिक अभिक्रिया जिसमें किसी यौगिक के अणु से एक सरल अणु निष्कासित (विलोपित) होता है विलोपन अभिक्रिया कहलाती है।

उदाहरण – जब एथिल ब्रोमाइड पर ऐल्कोहॉलीय पोटैशियम हाइड्रॉक्साइड की क्रिया करते हैं तो एक सरल अणु जल निष्कासित होता है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 4e

प्रश्न 11.
उत्क्रमणीय एवं अनुत्कमणीय अभिक्रियाओं में अन्तर बताइये।
उत्तर:
उत्क्रमणीय एवं अनुत्क्रमणीय अभिक्रियाओं में अन्तर

उत्क्रमणीय अभिक्रियाएँअनुत्क्रमणीय अभिक्रियाएँ
1. ये अभिक्रियाएँ अग्र एवं पश्च दोनों दिशाओं में होती हैं।1. ये अभिक्रियाएँ एक ही दिशा में चलती हैं।
2. इन अभिक्रियाओं में उत्पाद पुन: संयोजित होकर क्रियाकारकों को बनाते हैं।2. इन अभिक्रियाओं में उत्पाद पुनः संयोजित नहीं होते हैं।
3. ये अभिक्रियाएँ कभी पूर्ण नहीं होतीं।3. ये अभिक्रियाएँ पूर्णता को प्राप्त होती हैं।
4. उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 4
4. उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 5

प्रश्न 12.
कारण स्पष्ट करते हुए बताइए कि निम्नांकित परिवर्तन भौतिक हैं अथवा रासायनिक-
(i) गर्म करने पर मोम का पिघलना
(ii) मोमबत्ती का जलना
(iii) भोजन का पाचन
(iv) विद्युत् धारा प्रवाहित होने से तार का गर्म होना
(v) विद्युत धारा प्रवाहित होने से जल का हाइड्रोजन एवं ऑक्सीजन में विघटन
(vi) शुष्क चूने को जल में मिलाने पर जल का गर्म हो जाना
(vii) शर्करा घोलने पर का कुछ ठण्डा हो जाना
(viii) कॉपर सल्फेट विलयन में लोहे के टुकड़े डालने पर उनके रंग का काले से लाल हो जाना।
उत्तर:
(i) गर्म करने पर मोम का पिघलना भौतिक परिवर्तन है, क्योंकि इसमें मोम की केवल भौतिक अवस्था
(ठोस → द्रव) बदलती है-मोम की आणविक संरचना में कोई परिवर्तन नहीं होता।

(ii) मोमबत्ती का जलना-रासायनिक परिवर्तन है. क्योंकि मोम की ऑक्सीजन के साथ रासायनिक अभिक्रिया से नये पदार्थ (CO2 तथा H2O) बनते हैं।

(iii) भोजन का पाचन – भोजन का पाचन रासायनिक परिवर्तन है, क्योंकि पाचन क्रिया में अनेक रासायनिक अभिक्रियाओं यौगिक नये यौगिकों में परिवर्तित हो जाते हैं।

(iv) विद्युत् धारा प्रवाहित होने से तार का गर्म होना – भौतिक परिवर्तन है, क्योंकि इससे तार की भौतिक में ही परिवर्तन होता है-तार की संरचना नहीं बदलती।

(v) विद्युत् धारा प्रवाहित होने से जल का हाइड्रोजन एवं ऑक्सीजन में विघटन- यह रासायनिक परिवर्तन है क्योंकि जल से नये पदार्थ हाइड्रोजन एवं ऑक्सीजन बनते हैं।

(vi) शुष्क चूने को जल में मिलाने पर जल का गर्म हो जाना – यह रासायनिक परिवर्तन है, क्योंकि चूना (CaO) तथा जल (H2O) के रासायनिक संयोग से नया पदार्थ Ca(OH)2 बनता है।

(vii) शर्करा घोलने पर जल का कुछ ठण्डा हो ना- भौतिक परिवर्तन है, क्योंकि विलयन बनने पर शर्करा एवं जल का मिश्रण बनता है, कोई नया पदार्थ नहीं।

(viii) कॉपर सल्फेट विलयन लोहे के टुकड़े डालने पर उसके रंग का काले से लाल हो जाना – रासायनिक परिवर्तन है, क्योंकि कॉपर सल्फेट के विघटन से नया पदार्थ कॉपर बनता है जो लोहे के टुकड़ों पर एकत्र हो जाता है।

प्रश्न 13.
कारण देते हुए निम्नांकित अभिक्रियाओं को ऊष्माक्षेपी एवं ऊष्माशोषी में वर्गीकृत कीजिए-
(i) 2NH3 → N2 + 3H2 – 24 किलो कैलोरी
(ii) 2SO2 + O2 → 2SO3 + 25 किलो कैलोरी
(iii) N2 + O2 + 45 किलो कैलोरी → 2NO
उत्तर:
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 6
उपर्युक्त अभिक्रिया को निम्नवत् लिखा जा सकता है-
2 NH3 + 24 किलो कैलोरी N2 + 3H2
चूँकि अभिक्रिया सम्पन्न कराने हेतु NH3 को 24 किलो कैलोरी ऊष्मा देना आवश्यक है अतः यह ऊष्माशोषी अभिक्रिया है।

(ii) 2SO2 + O2 → 2SO3 + 25 किसी कॅलोरी अभिक्रिया में SO3 के साथ 25 किलो कैलोरी ऊष्मा भी प्राप्त होती है अतः यह ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया है।

(iii) N2 + O2 + 45 किलो कैलोरी → NO
अभिक्रिया सम्पन्न होने के लिए N2 तथा O2 के साथ 45 किलो कैलोरी ऊष्मा भी देना आवश्यक है अतः यह ऊष्माशोषी अभिक्रिया है।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

प्रश्न 14.
निम्नलिखित समीकरणों को संतुलित कीजिए-
(i) H2 + Br2 → HBr
(ii) Na + O2 → Na2O
(iii) P + O2 → P2O5
(iv) CO + O2 → CO2
(v) NaOH + H2SO4 → Na2SO4 + H2O
उत्तर:
(i) H2 + Br2 → HBr
H तथा Br के परमाणुओं की संख्या दोनों ओर समान करने के लिए HBr में 2 से गुणा करने पर
H2 + Br2 → 2HBr

(i) Na + O2 → Na2O
O की संख्या समान करने के लिए दाहिनी ओर 2 का गुणा करने पर
Na + O2 → 2 Na2O
अब Na की संख्या समान करने के लिए Na में 4 का गुणा करने पर
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 7
O के 1 परमाणु से Na के दो परमाणु संयोग करके 1 अणु Na2O बनाते हैं। अतः बायीं ओर O के 2 परमाणुओं से संयोग हेतु Na के 4 परमाणु चाहिए तथा इससे 2 अणु
Na2O के बनेंगे।
अतः 4 Na + O2 → 2Na2O

(iii) P + O2 → P2O5
P2O5 सूत्र के अनुसार P के 2 परमाणुओं परमाणु संयोग करते हैं। अतः P के 2 परमाणु लेने पर या O के 5 परमाणु 2 1/2 अणु लेने होंगे।
2P + 2 1/2 O2 → P2O5
परन्तु 1/2 अणु का कोई अर्थ नहीं है-अतः पूरे समीकरण में 2 का गुणा करने पर
4P + 5O2 → 2P2O5

(iv) CO + O2 → CO2
चूँकि O का एक परमाणु CO के एक अणु से संयोग करके CO2 बनाता है, O के दो परमाणु (O2), से CO के दो अणु संयोग करके 2 अणु CO2 बनायेंगे। अतः
2CO + O2 → 2CO2

(v) NaOH + H2SO4 → Na2SO4 + H2O
Na परमाणुओं की संख्या के संतुलन हेतु बायीं ओर NaOH के 2 अणु होने चाहिए। तदनुसार
2 NaOH + H2SO4 → Na2SO4 + H2O
अब H परमाणुओं की संख्या के संतुलन हेतु दाहिनी ओर H2O के दो अणु होने चाहिए – अतः
2NaOH + H2SO4 → Na2SO4 + 2H2O

दीर्घ उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 1.
‘रासायनिक अभिक्रिया’ से क्या तात्पर्य है? इसके विभिन्न प्रकारों को, प्रत्येक का एक उदाहरण देकर स्पष्ट कीजिए।
उत्तर:
रासायनिक अभिक्रियाएँ (Chemical Reactions) जब कभी भी तत्त्व आपसी संयोग द्वारा यौगिकों का निर्माण करते हैं तब हम कह सकते हैं कि रासायनिक अभिक्रिया हुई। अथवा जब कभी भी भी यौगिक अपघ होकर दूसरे यौगिकों को बनाते हैं, तो रासायनिक अभिक्रियाएँ सम्पन्न होती हैं। अतः “ऐसी क्रियाएँ जिसमें एक या एक या एक से अधिक पदार्थों में उपस्थित परमाणुओं के पुनर्गठन के फलस्वरूप भिन्न पदार्थ या पदार्थों का निर्माण है, रासायनिक अभिक्रिया कहलाती है।”

उपर्युक्त परिभाषा से यह निष्कर्ष ष्कर्ष निकलता है कि रासायनिक अभिक्रिया ऐसी अभिक्रियाएँ हैं जिनके फलस्वरूप नये गुण वाले नये पदार्थ निर्मित होते हैं।

दूसरे शब्दों में “जब एक पदार्थ को किसी दूसरे पदार्थ के साथ क्रिया कराके अथवा कोई पदार्थ अकेले अपघटित होकर एक या एक से अधिक पदार्थ की रचना करता है तो यह क्रिया ही रासायनिक अभिक्रिया ही रासायनिक अभिक्रिया है।

उदाहरणस्वरूप, हाइड्रोजन एवं ऑक्सीजन के मिश्रण में जब चिनगारी की जाती है तब जल निर्मित होता है। इस प्रक्रिया में हाइड्रोजन एवं ऑक्सीजन के अणुओं में उपस्थित परमाणु पुनर्संगठित होकर जल के अणुओं की रचना करते हैं। इस अभिक्रिया को हम साधारणत: रासायनिक समीकरण के रूप में व्यक्त करते हैं।
हाइड्रोजन + ऑक्सीजन → जल
2H2 + O2 → 2H2O
ऊपर व्यक्त अभिक्रिया में हाइड्रोजन एवं ऑक्सीजन अभिकारक हैं। तीर (→) का निशान यह सूचित कर रहा है कि अभिक्रिया हो रही है एवं निर्मित यौगिक जल को उत्पाद कहते हैं।

रासायनिक अभिक्रियाएँ मुख्यतः निम्नलिखित प्रकारों की होती हैं-

  • योगात्मक रासायनिक अभिक्रिया (Addition Chemical Reaction)
  • प्रतिस्थापन रासायनिक अभिक्रिया (Substitu-tion Chemical Reaction)
  • वियोजन अभिक्रिया (Dissociation)
  • अपघटन अभिक्रिया (Decomposition)
  • उभय-अपघटन (Double Decomposition)

(1) योगात्मक रासायनिक अभिक्रिया (Addition Chemical Reaction) – जिस अभिक्रिया में दो या दो से अधिक पदार्थ आपस में संयोग करके केवल एक पदार्थ बनाते हैं तथा कोई भी अन्य पदार्थ नहीं बनता उसे योगात्मक रासायनिक अभिक्रिया कहते हैं।
उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 8

(2) प्रतिस्थापन रासायनिक अभिक्रिया ( Substi tution Chemical Reaction) – जिस अभिक्रिया में किसी यौगिक के अणु के किसी एक परमाणु या समूह के स्थान पर कोई दूसरा परमाणु या समूह जाता है, उसे प्रतिस्थापन रासायनिक अभिक्रिया कहते हैं।
उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 9

(3) वियोजन अभिक्रिया (Dissociation Reaction ) – ऐसी रासायनिक अभिक्रियाएँ, जिनमें कोई पदार्थ रासायनिक अभिक्रिया को प्रेरित करने वाले कारणों (जैसे – ताप, दाब आदि) में परिवर्तन करने से दो अथवा से अधिक पदार्थों में विभक्त हो जाता तथा उपर्युक्त कारण हटा देने से पुनः मूल पदार्थ बन जाता है, वियोजन कहलाती है। वियोजन एक उत्क्रमणीय (Reversible) अभिक्रिया है। वियोजन अभिक्रियाएँ मुख्यतः दो प्रकार की होती हैं-
(i) ऊष्मीय वियोजन (Thermal Disso- ciation)- जब किसी यौगिक को गर्म करने से उसके अणु दो अथवा दो से अधिक छोटे अणुओं में परिवर्तित हो जाते हैं और ठण्डा करने पर वे फिर से मिलकर मूल
यौगिक बनाते हैं तब इस अभिक्रिया को ऊष्मीय अथवा तापीय वियोजन कहते हैं।
उदाहरणार्थ-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 10

(ii) आयनिक वियोजन (Ionic Dissocia- tion) – किसी विद्युत् अपघद्य (Electrolyte) अथवा विद्युत्-संयोजी यौगिक (Electrovalent COmpound) को जल में घोला जाता है अथवा उच्च ताप तक गर्म करके गलित किया जाता है तो अणुओं का धनात्मक तथा ऋणात्मक आयनों में वियोजन हो जाता है। ये आयन विलयन में या गलित अवस्था में भी पुन: संयोजित होकर अणु बनाते रहते हैं। इस क्रिया को आयनिक वियोजन कहते हैं।
उदाहरण-
NaCl ⇌ Na+ + cr
H2SO4 ⇌ 2.H+ + SO

(4) अपघटन अभिक्रिया (Decomposition Reaction) – इस प्रकार की अभिक्रिया में किसी पदार्थ का अणु दो या दो से अधिक छोटे अणुओं या परमाणुओं में स्थायी रूप से विभक्त हो जाता है। यह क्रिया मुख्यत: दो प्रकार से से होती है-
(i) ऊष्मीय अपघटन अभिक्रिया (Thermal Decomposition Reaction) – वह रासायनिक अभिक्रिया जिसमें किसी पदार्थ को गर्म करने पर दो या दो से अधिक अवयवों में टूट जाय, परन्तु ठण्डा करने पर पुनः मूल पदार्थ न उसे ऊष्मीय अपघटन अभिक्रिया कहा जाता है। जैसे-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 11
पोटैशियम क्लोरेट पोटैशियम क्लोराइड ऑक्सीजन गैस
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 12
(∆ चिन्ह ‘गरम करने’ अथवा ‘ऊष्मा’ को व्यक्त करता है)

(ii) विद्युत्-अपघटन अभिक्रिया (Electrolytic Decomposition Reaction) – इस प्रकार की क्रिया किसी विद्युत अपघट्य के विलयन या गलित अवस्था में विद्युत्-धारा प्रवाहित करने से होती है।
उदाहरणतः
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 13

(5) उभय अपघटन (Double Decomposi tion Reaction) – जिस रासायनिक अभिक्रिया में यौगिकों के आयनों या अवयवों की आपस में अदला-बदली होकर नये यौगिक बनते हैं, उसे उभय-अपघटन अभिक्रिया कहते हैं।
उदाहरण-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 14
ये अभिक्रियाएँ मुख्यतः ऐसे दो यौगिकों के जलीय विलयनों के मिलाने से होती हैं, जिनमें से एक धनात्मक तथा एक ऋणात्मक आयन मिलकर कोई अविलेय यौगिक बनाते हैं. हैं, जो अवक्षेप अवक्षेप (Precipitate) 1 के रूप में विलयन से अलग हो जाता है। समीकरण में ↓ का चिन्ह, अवक्षेप को व्यक्त करता है।

प्रश्न 2.
रासायनिक समीकरण’ क्या होता है? इससे क्या “क्या जानकारियाँ मिलती हैं? कोई एक उदाहरण देकर बताइए एवं इसकी कमियाँ बताइए।
उत्तर:
रासायनिक समीकरण (Chemical Equation):
किसी भी रासायनिक परिवर्तन में एक या एक से अधिक पदार्थ परस्पर क्रिया करके नये पदार्थ (एक या अधिक) बनाते हैं। ऐसे परिवर्तन को गणितीय समीकरणों की भाँति एक समीकरण से व्यक्त किया जा सकता है। किसी रासायनिक परिवर्तन को व्यक्त करने वाले ऐसे समीकरण को रासायनिक समीकरण कहते हैं।

अभिक्रिया लिखने की विधि (Method of Written Reaction) – अभिक्रिया करने वाले अभिकारक (Reactants) समीकरण के या चिन्ह के बायीं ओर तथा अभिक्रिया के फलस्वरूप बने परिणामी पदार्थ (उत्पाद – Products) चिन्ह के दायीं ओर लिखे जाते हैं।

धन (+) चिन्ह दो या दो से अधिक अभिकारकों के बीच लगाया जाता है तथा परिणामी पदार्थों के बीच भी इसका प्रयोग कहते हैं। समीकरण के दोनों ओर प्रत्येक तत्त्व के परमाणुओं की संख्या समान कर ली जाती है अर्थात् समीकरण को सन्तुलित कर लिया जाता है। गैसों को सदैव अणु के रूप में लिखा जाता है
जैसे – Cl2, O2, N2, H2 आदि।

इस विधि से सिल्वर नाइट्रेट और हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (तनु) की क्रिया के समीकरण को निम्नलिखित ढंग से लिख सकते हैं-
AgNO3 + HCl = AgCl + HNO3
किसी रासायनिक समीकरण से निम्नलिखित जानकारी मिलती है-

  • अभिकर्मक तत्त्वों तथा यौगिकों के नाम एवं संघटन
  • उत्पादों के नाम एवं संघटन
  • रासायनिक अभिक्रिया में अभिकर्मकों तथा उत्पादों का द्रव्यमानात्मक अनुपात
  • अभिकर्मक गैसों तथा उत्पादित गैसों का (समान दाब तथा ताप पर) आयतनात्मक अनुपात।

उदाहरणतः समीकरण
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 15
से ज्ञात होता है कि-
(i) नाइट्रोजन गैस तथा हाइड्रोजन गैस संयोग करके अमोनिया (NH3) गैस गैस बनाती हैं।

(ii) अमोनिया में नाइट्रोजन का 1 परमाणु तथा हाइड्रोजन के तीन परमाणु होते हैं।

(iii) रासायनिक क्रिया में द्रव्यमान के अनुसार नाइट्रोजन तथा हाइड्रोजन [2 × 14/6 × 1 = ] 14 : 3 के अनुपात में क्रिया करती है तथा इससे 17 भाग अमोनिया उत्पन्न होती है। [∵ नाइट्रोजन का परमाणु भार = 14 तथा हाइड्रोजन का परमाणु-भार = 1]

(iv) दोनों अभिकर्मक तथा उत्पाद गैसे हैं। आयतन , इनका अनुपात, इनके अणुओं की संख्या के अनुपात में होता है। अत: समान दाब तथा ताप पर अभिक्रिया में नाइट्रोजन, हाइड्रोजन तथा अमोनिया का अनुपात 1:3:2 होगा – अर्थात् 1 1 लीटर नाइट्रोजन तथा 3 लीटर हाइड्रोजन के संयोग से 2 लीटर अमोनिया बनेगी।

रासायनिक समीकरण की कमियाँ (Demerits of Chemical Equation) – रासायनिक समीकरण से यह ज्ञात नहीं होता कि-

  • अभिकर्मकों की ली गयी तथा उत्पादों की उत्पन्न मात्राएँ क्या हैं।
  • अभिक्रिया दाब एवं ताप की किन दशाओं में होती है।
  • अभिक्रिया एकदिशीय (अनुत्क्रमणीय) है अथवा उत्क्रमणीय।
  • अभिक्रिया में ऊर्जा अवशोषित होती है अथवा मुक्त।

प्रश्न 3.
संतुलित रासायनिक समीकरण की क्या पहचान है? किसी असंतुलित समीकरण को अनुमान विधि से संतुलित करने की क्रिया, एक सरल उदाहरण देकर समझाइए।
उत्तर:
संतुलित रासायनिक समीकरण (Balanced Chemical Equation) रासायनिक अभिक्रियाओं में न तो परमाणु नष्ट होते हैं, न नये परमाणु बनते हैं और न ही एक तत्त्व के परमाणु से किसी दूसरे तत्त्व का परमाणु बनता है। अतः रासायनिक समीकरण में उसके दोनों पक्षों में प्रत्येक तत्त्व के परमाणुओं की मात्रा समान होनी चाहिए। तभी वह समीकरण रासायनिक क्रिया को सही रूप में व्यक्त करता है। इस प्रकार के समीकरण को संतुलित समीकरण (Balanced Equation) कहते हैं।

उदाहरणतः हाइड्रोजन तथा ऑक्सीजन गैसों के संयोग से जल बनने की क्रिया को निम्नवत् लिखा जा सकता है-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 16
उपर्युक्त समीकरण अभिक्रिया के अभिकर्मकों तथा उत्पाद को तो व्यक्त करता है परन्तु इसमें समीकरण के दोनों पक्षों में ऑक्सीजन परमाणुओं की संख्या समान नहीं है– अर्थात् यह समीकरण संतुलित नहीं है। संतुलित करने पर इसका स्वरूप निम्नवत् जाता है-
2H2 + O2 → 2H2O
समीकरण सन्तुलन का उदाहरण (अनुमान विधि) (Examples of Equation Balance) – सरल रासायनिक समीकरणों को (जिनमें दो से अधिक अभिकर्मक न हों), तत्त्वों के परमाणुओं को गिनकर, संतुलित किया जा सकता है। इसे अनुमान विधि भी कहते हैं। यद्यपि इस विधि में भी परमाणुओं की संख्या का संतुलन अनुमान मैं नहीं, वरन् गणितीय विधि से ही किया जाता है।]
उदाहरण 1.
H2 + O2 → H2O
(i) समीकरण के बाएँ पक्ष में दो 0 परमाणु हैं परन्तु दाहिने पक्ष में केवल एक, अतः दाहिने पक्ष में 2 अणु लेने से 0 परमाणुओं का संतुलन हो जाता है अर्थात्
H2 + O2 → 2H2O

(ii) अब दाहिने पक्ष में H के कुल 4 परमाणु बाएँ पक्ष में केवल 2 अतः बायीं ओर H2 में 2 का गुणा करने से H का संतुलन हो जाता है-
2H2 + O2 → 2H2O
अत: यह संतुलित समीकरण है।

प्रश्न 4.
(क) ‘मन्द’ तथा ‘तीव्र’ अभिक्रिया से क्या तात्पर्य है? एक-एक उदाहरण देकर बताइए।
(ख) रासायनिक अभिक्रिया की गति को मुख्यतः कौन-से कारक प्रभावित करते हैं?
उत्तर:
(क) मन्द अभिक्रियाएँ (Slow Reae- tions) – कुछ रासायनिक अभिक्रियाओं के पूरा होने में अधिक समय लगता है जैसे लोहे की वस्तु पर ऑक्सीजन की क्रिया से जंग (Rust) लगना किसी लोहे की वस्तु के पूरी तरह जंग में परिवर्तित होने में अनेक वर्ष लग सकते हैं। ऐसी क्रियाओं को मन्द अभिक्रियाएँ (Slow Reactions) कहते हैं।

मन्द अभिक्रियाओं में अभिकर्मकों का उत्पादों में परिवर्तन धीरे-धीरे अर्थात् अधिक समय में होता है।

उदाहरण- सल्फ्यूरिक अम्ल (H2SO4) की उपस्थिति में एथिल ऐल्कोहॉल (C2H5OH) ऐसीटिक अम्ल (CH3COOH) से क्रिया करके एथिल ऐसीटेट (CH3COOC2H5) और जल (H2O) बनाता है। इस अभिक्रिया को पूर्ण होने में अनेक मिनट लगते हैं। अतः यह एक मंद अभिक्रिया है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 17

तीव्र – अभिक्रियाएँ (Rapid Reactions ) – तीव्र अभिक्रियाएँ अत्यन्त कम समय में ही पूरी हो जाती हैं। अभिकर्मकों को मिलाने पर इनके पूरे होने का समय 106 सेकण्ड (माइक्रो सेकण्ड ) के कोटिमान का होता है। तीव्र अभिक्रियाएँ मुख्यतः आयनों अथवा आयनिक यौगिकों के बीच होती हैं।

उदाहरण – सिल्वर नाइट्रेट (AgNO3) के विलयन को जब सोडियम क्लोराइड (NaCl) के विलयन में डालते तो सिल्वर क्लोराइड (AgCl) का तत्काल सफेद अवक्षेप (Precipitate) बनता है। यह एक तात्क्षणिक (Instan- taneous) अभिक्रिया है। अभिक्रिया है, क्योंकि आयनों के बीच होती है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 18

(ख) रासायनिक अभिक्रियाओं की गति को प्रभावित करने वाले प्रमुख कारक निम्नलिखित हैं- ताप, दाब, अभिकर्मकों की मात्राएँ तथा उत्प्रेरकों की उपस्थिति अथवा अनुपस्थिति। कुछ अभिक्रियाएँ नमी, प्रकाश आदि से भी प्रभावित होती हैं।

प्रश्न 5.
विस्थापन अभिक्रिया को उदाहरण सहित समझाइए।
अथवा
एकल विस्थापन अभिक्रिया एवं द्वि-विस्थापन अभिक्रिया को उदाहरण सहित समझाइये।
उत्तर:
विस्थापन अभिक्रिया – जब रासायनिक अभिक्रिया में एक तत्त्व (या पदार्थ) किसी दूसरे तत्त्व (या पदार्थ) को उसके यौगिक में से हटाकर स्वयं उसका स्थान ले लेता है तो उसे विस्थापन अभिक्रिया कहते हैं। ये दो प्रकार की होती हैं-
(i) एकल विस्थापन अभिक्रिया- किसी यौगिक में उपस्थित एक तत्त्व या (एक परमाणु) को इसके यौगिक के एक तत्त्व या (एक परमाणु) द्वारा हटाकर स्वयं उसका स्थान ले लेना एकल विस्थापन अभिक्रिया कहलाती है।

उदाहरण- कॉपर सल्फेट विलयन में जिंक धातु का टुकड़ा डालने पर जिंक द्वारा कॉपर का विस्थापन करके जिंक सल्फेट बनाता है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 19
द्वि-विस्थापन अभिक्रिया- ऐसी रासायनिक अभिक्रियाएँ जिसमें दो यौगिकों द्वारा परस्पर आयनों का विनिमय कर नये यौगिकों का निर्माण करते हैं तो इस क्रिया को द्वि-विस्थापन अभिक्रिया कहते हैं।

उदाहरण – जब सोडियम क्लोराइड के जलीय विलयन में सिल्वर नाइट्रेट विलयन मिलाते हैं तो आयनों का विनिमय कर सिल्वर क्लोराइड और सोडियम नाइट्रेट प्राप्त होता है।
Na+ Cl + Ag+ NO3 → AgCl + NaNO3

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

प्रश्न 6.
निम्नलिखित रासायनिक अभिक्रियाओं को परिभाषित कीजिए तथा एक-एक उदाहरण भी दीजिए-
(a) संयोजन अभिक्रिया
(b) वियोजन अभिक्रिया
(c) विस्थापन अभिक्रिया
(d) द्विविस्थापन अभिक्रिया
(e) उपचयन एवं अपचयन अभिक्रिया
उत्तर:
(a) संयोजन अभिक्रिया – ऐसी अभिक्रिया जिसमें या दो से अधिक अभिकारक मिलकर एक उत्पाद का निर्माण करते हैं, उसे संयोजन अभिक्रिया कहते हैं।
2Mg + O2 → 2MgO

(b) वियोजन या अपघटन अभिक्रिया – इसमें एकल पदार्थ वियोजित होकर दो या दो से अधिक पदार्थ बनाते हैं। वियोजन के लिए ऊष्मा, प्रकाश या विद्युत ऊर्जा की आवश्यकता होती है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 20

(c) विस्थापन अभिक्रिया – ऐसी अभिक्रिया जिसमें अधिक क्रियाशील तत्त्व, कम क्रियाशील तत्त्व को उसके यौगिक से विस्थापित कर दे, विस्थापन अभिक्रिया कहलाती है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 21
यहाँ लेड (Pb), कॉपर (Cu) की अपेक्षा अधिक क्रियाशील तत्त्व है, जो Cu को CuCl2 से हटा देता है।

(d) द्विविस्थापन अभिक्रिया – वे अभिक्रियाएँ जिसमें अभिकारकों के बीच आयनों का आदान-प्रदान होता है, उन्हें द्विविस्थापन अभिक्रियाएँ कहते हैं।
Na2SO4(aq) + BaCl2(aq) → BaSO4(s) + 2NaCl(aq)
यहाँ Ba2++ तथा SO42- आयनों की अभिक्रिया से BaSO4 अवक्षेप का निर्माण होता है।

(e) उपचयन – अपचयन अभिक्रिया – ऑक्सीजन का योग या हाइड्रोजन का ह्रास ऑक्सीकरण या उपचयन कहलाता है जबकि ऑक्सीजन का ह्रास या हाइड्रोजन का योग अपचयन कहलाता है।
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 22

प्रश्न 7.
कारण देते हुए निम्नलिखित अभिक्रियाओं का प्रकार बताइए-
(i) Zn + 2 HCl → ZnCl2 + H2
(ii) N2 + 3H2 → 2NH3
(iii) CaO + CO2 → CaCO3
(iv) HCl ⇌ H+ + Cl
(v) AgNO3 + KCl → KNO3 + AgCl
(vi) HNO3 + NaOH → NaNO3 + H2O
(vii) 2CO + O2 → 2CO2
(viii) C2H5Br + NaOH → C2H5OH + NaBr
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 23
उत्तर:
(i) Zn + 2 HCl → ZnCl2 + H2
यह प्रतिस्थापन अभिक्रिया है- क्योंकि HCl अणु से Zn परमाणु H परमाणु को हटाकर उसका स्थान लेता है।

(ii) N2 + 3H2 → 2NH3
योगात्मक अभिक्रिया है- क्योंकि N2 तथा H2 के संयोग से NH3 अणु बनता है।

(iii) CaO + CO2 → CaCO3
योगात्मक अभिक्रिया है, जिसमें CaO अणु तथा CO2 अणु का संयोजन होकर CaCO3 अणु बनता है।

(iv) HCl ⇌ H+ + Cl
आयनिक- वियोजन की अभिक्रिया है, जिसमें HCl अणु का H+ तथा CH आयनों में विघटन तथा इनका पुनः संयोजन होता रहता है।

(v) AgNO3 + KCl → KNO3 + AgCl
उभय- अपघटन अभिक्रिया है, क्योंकि AgNO3 तथा KCI के धनात्मक तथा ऋणात्मक आयनों के विनिमय से नये अण बनते हैं।

(vi) HNO3 + NaOH → NaNO3 + H2O
उदासीनीकरण अभिक्रिया है क्योंकि अम्ल (HNO3) तथा क्षार (NaOH) की पारस्परिक अभिक्रिया से जल तथा लवण (NaNO3) बनते हैं।

(vii) 2CO + O2 → 2CO2
योगात्मक अभिक्रिया है जिसमें CO तथा O2 के संयोग से CO2 बनता है।

(viii) C2H5Br + NaOH → C2H5OH + NaBr
प्रतिस्थापन अभिक्रिया है जिसमें C2H5 Br अणु से Br का प्रतिस्थापन OH द्वारा होता है।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 24
ऊष्मीय अपघटन है, क्योंकि ऊष्मा के प्रभाव से KNO3 का अपघटन होता है तथा KNO2 एवं O2 बनते हैं।

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 25
ऊष्मीय वियोजन की अभिक्रिया है- क्योंकि ऊष्मा के प्रभाव से NH4Cl का अणु NH3 तथा HCl में विघटित होता है तथा ये परस्पर पुनः संयोजित होकर NH4Cl बनाते रहते हैं।

बहुविकल्पीय प्रश्न

निर्देश- प्रत्येक प्रश्न में दिये गये वैकल्पिक उत्तरों में से सही विकल्प चुनिए-

1. नौसादर को गर्म करने पर यह अमोनिया और हाइड्रोजन क्लोराइड में टूट जाता है, ठण्डे में दोनों के संयोग से नौसादर बन जाता है। यह अभिक्रिया है-
(a) ऊष्मीय वियोजन
(c) ऊष्मीय अपघटन
(b) विस्थापन
(d) अपघटन
उत्तर:
(a) ऊष्मीय वियोजन

2. तप्त निकिल चूर्ण की उपस्थिति में ऐसिटिलीन तथा हाइड्रोजन की अभिक्रिया कहलाती है-
(a) विस्थापन अभिक्रिया
(b) योगात्मक अभिक्रिया
(c) वियोजन अभिक्रिया
(d) अपघटन अभिक्रिया
उत्तर:
(b) योगात्मक अभिक्रिया

3. क्यूप्रिक सल्फेट के विलयन में जब लोहे का टुकड़ा डाला जाता है तो आयरन, कॉपर हटाकर फेरस सल्फेट बनाता है। यह अभिक्रिया है-
(a) प्रतिस्थापन अभिक्रिया
(b) अपघटन अभिक्रिया
(c) योगात्मक अभिक्रिया
(d) वियोजन अभिक्रिया
उत्तर:
(a) प्रतिस्थापन अभिक्रिया

4. निम्नलिखित में ऊष्माशोषी अभिक्रिया है-
(a) H2 + Cl2 → 2HCl + 44.12 किलो कैलोरी
(b) S + O2 → SO2 + 71.0 किलो कैलोरी
(c) C + O2 → CO2 + 94.45 किलो कैलोरी
(d) H2 + I2 → 2Hl – 11.82 किलो कैलोरी
उत्तर:
(d) H2 + I2 → 2Hl – 11.82 किलो कैलोरी

5. निम्नलिखित में ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया है-
(a) C + O2 → CO2 + 94.45 किलो कैलोरी
(b) H2 + I2 → 2HI – 11.82 किलो कैलोरी
(c) N2+ + O2 → 2NO – 43.2 किलो कैलोरी
(d) C + 2S → CS2 – 15.4 किलो कैलोरी
उत्तर:
(a) C + O2 → CO2 + 94.45 किलो कैलोरी

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

6. NH4Cl ⇌ NH4+ + Cl अभिक्रिया है-
(a) ऊष्मीय अपघटन
(b) आयनिक वियोजन
(c) ऊष्मीय वियोजन
(d) विद्युत् अपघटन
उत्तर:
(c) ऊष्मीय वियोजन

7. निम्नलिखित में योगात्मक अभिक्रिया है-
(a) Zn + H2SO4 → ZnSO4 + H2
(b) 2KBr + Cl2 → 2KCl + Br2
(c) 2H2 + O2 → 2H2O
(d) 2Hgo → 2Hg + O2
उत्तर:
(c) 2H2 + O2 → 2H2O

8. जिन अभिक्रियाओं में आयनों के विनिमय से नये यौगिक बनते हैं, उन्हें कहते हैं-
(a) प्रतिस्थापन अभिक्रिया
(b) उभय अपघटन
(c) योगात्मक अभिक्रिया
(d) वियोजन
उत्तर:
(b) उभय अपघटन

9. निम्न अभिक्रिया में किस पदार्थ का अपचयन हुआ है?
3MnO2 + 4Al → 3Mn + 2AlO3
(a) MnO2
(b) Al
(c) AlO3
(d) Mn
उत्तर:
(a) MnO2

10. निम्न अभिक्रिया एक उदाहरण है-
JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण 26
(a) संयोजन अभिक्रिया
(b) वियोजन अभिक्रिया
(c) विस्थापन अभिक्रिया
(d) द्विविस्थापन अभिक्रिया
उत्तर:
(c) विस्थापन अभिक्रिया

11. अपघटन अभिक्रिया का उदाहरण है-
(a) 2KClO3 → 2KCl (s) + 3O2 (g)
(b) Zn + CuSO4 → ZnSO4 + Cu
(c) Mg + 2HCH → MgCl2+ H2
(d) CaO + H2O → Ca(OH)2
उत्तर:
(a) 2KClO3 → 2KCl (s) + 3O2 (g)

12. लेड (II) नाइट्रेट के घोल (विलयन) में पोटैशियम आयोडाइड का घोल मिलाने पर किस रंग का अवक्षेप प्राप्त होता है?
(a) पीला
(c) लाल
(b) नीला
(d) भूरा
उत्तर:
(a) पीला

13. जब कॉपर सल्फेट के घोल में लोहे की कील या पत्ती डुबोई जाए तो विलयन (घोल) किस रंग का हो जाता है?
(a) नीला
(b) रंगहीन
(c) नाल
(d) हरा
उत्तर:
(d) हरा

14. लेड मल्फेट का रासायनिक सूत्र है-
(a) Pb2SO4
(b) Pb(SO4)2
(c) PbSO4
(d) Pb(SO4)3
उत्तर:
(c) PbSO4

15. निम्नलिखित में से कौन-से ऊष्माशोषी प्रक्रिया हैं?
(i) सल्फ्यूरिक अम्ल का तनुकरण
(ii) शुष्क बर्फ का ऊर्ध्वपातन (सबलिमेशन)
(iii) जनवाप्प का संघनन
(iv) जल का जलवाष्प में बदलना।
(a) (i) और (iii)
(c) केवल (iii)
(b) केवल (ii)
(d) (ii) और (iv)
उत्तर:
(d) (ii) और (iv)

16. दी गई अभिक्रिया, SO2 (g) + 2H2S (g) → 2H2O(g) + 3S(s), में अपचायक (Reducing agent) है-
(a) SO2
(b) H2O
(c) H2S
(d) S
उत्तर:
(c) H2S

17. मीथेन के दहन (Combustion) से प्राप्त होता है-
(a) CO2
(b) H2O
(c) CO2 और H2 O दोनों
(d) CO और H2O दोनों
उत्तर:
(c) CO2 और H2 O दोनों

18. सिल्वर ब्रोमाइड (AgBr) का वियोजन किस ऊर्जा के कारण होता है?
(a) ऊष्मा
(b) प्रकाश
(c) विद्युत
(d) पवन
उत्तर:
(b) प्रकाश

JAC Class 10 Science Important Questions Chapter 1 रासायनिक अभिक्रियाएँ एवं समीकरण

19. दीवारों पर सफेदी करने के दो-तीन दिन बाद चमक आती है-
(a) क्योंकि CaO, H2O से अभिक्रिया कर CO2 बनाता है।
(b) क्योंकि Ca(OH)2, CO2 से अभिक्रिया कर CaCO3 बनाता है।
(c) क्योंकि Ca(OH)2, H2O से अभिक्रिया कर CaCO3 बनाता है।
(d) क्योंकि C, O2 से अभिक्रिया कर CO2 बनाता है।
उत्तर:
(b) क्योंकि Ca(OH)2, CO2 से अभिक्रिया कर CaCO3 बनाता है।

20. निम्नलिखित अभिक्रियाओं में से द्विविस्थापन अभिक्रिया के उदाहरण हैं-
(i) Pb + CuCl2 → PbCl2 + Cu
(ii) Na2SO4 + BaCl2 → BaSO4 + 2NaCl
(iii) C + O2 → CO2
(iv) CH4 + 2O2 → CO2 + 2H2O
(a) (i) और (iv)
(b) केवल (ii)
(c) (i) और (ii)
(d) (iii) और (iv)
उत्तर:
(b) केवल (ii)

रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए

  1. ऐसी अभिक्रिया जिसमें दो या दो से अधिक पदार्थ अभिक्रिया करके एक नया पदार्थ बनाते हैं, उसे …………… कहते हैं।
  2. ऐसी अभिक्रिया जिसमें एक पदार्थ विघटित होकर दो या दो से अधिक सरल पदार्थ बनाता है, …………… कहलाता है।
  3. जो पदार्थ गलित अवस्था में या विलयन में विद्युत-धारा का वहन करता है, …………… कहलाता है।
  4. जिन अभिक्रियाओं में ऊष्मा मुक्त होती है, वे अभिक्रियाएँ …………… कहलाती हैं।
  5. ऐसी अभिक्रिया जिसमें किसी यौगिक में उपस्थित एक तत्त्व दूसरे तत्त्व द्वारा विस्थापित होता है, …………… कहलाता है।

उत्तर:

  1. संयोजन अभिक्रिया
  2. विघटन अभिक्रिया
  3. विद्युत अपघट्य
  4. उत्क्रमणीय अभिक्रियाएँ
  5. विस्थापन अभिक्रिया।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

Jharkhand Board JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी Important Questions and Answers.

JAC Board Class 9th Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

बहुविकल्पीय प्रश्न :

प्रश्न 1.
8, 3, 7, 10, 5, 6, 14, 19, 21, 25 का परिसर है :
(A) 22
(B) 17
(C) 25
(D) 14
हल :
परिसर = आँकड़ो की उच्चतम सीमा – उनकी निम्नतम सीमा = 25 – 3 = 22
सही विकल्प (A) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 2.
आँकड़ों के आलेखीय निरूपण में चर प्रदर्शित किए जाते हैं।
(A) X- अक्ष पर
(B) Y-अक्ष पर
(C) क्रमश: दोनों अक्षों पर
(D) मूल बिन्दु पर
हल :
सही विकल्प (B) है।

प्रश्न 3.
किसी वर्ग के अन्तर को कहते हैं :
(A) वर्ग की चौड़ाई
(B) वर्ग की माप
(C) वर्ग-अन्तराल
(D) ये सभी
उत्तर :
सही विकल्प (D) है।

प्रश्न 4.
किसी समस्या के 10 पदों में सबसे अन्तिम पद की संचयी आवृत्ति 60 है। तो N का मान होगा :
(A) 10
(B) 6
(C) 600
(D) 60
हल :
अन्तिम पद की संचयी बारम्बारता = समस्त बारंबारताओं का योग (N) = 60
सही विकल्प (D) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 5.
आँकड़ों में दिए गए 1 – 10, 11 – 20 …….. वर्गों की सतत बनाने के लिए :
(A) निम्न सीमा में से 0.5 घटाएगें
(B) निम्न सीमा में 0.5 जोड़ेंगे
(C) निम्न सीमा में से 0.5 घटाएगें और उच्च सीमा में 0.5 जोड़ेगे,
(D) सतत बन ही नहीं सकता।
हल :
सही विकल्प (C) है।

प्रश्न 6.
आयत चित्र में आयतों की ऊँचाइयाँ उन वर्गों की :
(A) बारम्बारताओं के व्युत्क्रमानुपाती होती हैं.
(B) बारम्बारताओं के समानुपाती होती हैं
(C) वर्ग-अन्तराल के समानुपाती होती हैं।
(D) वर्ग-अन्तराल के व्युत्क्रमानुपाती होती हैं।
हल :
सही विकल्प (B) है।

प्रश्न 7.
असमान वर्ग-अन्तराल की स्थिति में आयत चित्र बनाने के लिए वर्ग की बारम्बारता को पुनः निर्धारित करने का सूत्र है :
पुनः निर्धारित बारम्बारता = ?
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 1
हल :
सही विकल्प (A) है।

प्रश्न 8.
वर्ग – चिह्न ज्ञात करने का सूत्र है :
(A) ऊपरी सीमा – निम्न सीमा / 2
(B) (ऊपरी सीमा ÷ निम्न सीमा) × बारम्बारता
(C) ऊपरी सीमा + निम्न सीमा / 2
(D) (ऊपरी सीमा + निम्न सीमा) ÷ बारम्बारता
हल :
सही विकल्प (C) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 9.
चार छात्रों के सांख्यिकी में प्राप्तांक 53, 75, 42, 70 हैं। उनके प्राप्तांकों का समान्तर माध्य है :
(A) 42
(B) 64
(C) 60
(D) 56.
हल :
समान्तर माध्य = प्राप्तांकों का योग / छात्रों की संख्या = \(\frac{53+75+42+70}{4}=\frac{240}{4}\) = 60
सही विकल्प (C) है।

प्रश्न 10.
यदि 5, 7, 9, x का समान्तर माध्य 9 हो, तो x का मान है :
(A) 11
(B) 15
(C) 18
(D) 16
हल :
समान्तर माध्य = आँकड़ों का योग / पदों की संख्या
9 = \(\frac{5+7+9+x}{4}=\frac{21+x}{4}\)
⇒ 9 × 4 = 21 + x
⇒ 36 = 21 + x
∴ x = 36 – 21 = 15
सही विकल्प (B) है।

प्रश्न 11.
बंटन 1, 3, 2, 5, 9 की माध्यिका है :
(A) 3
(B) 4
(C) 2
(D) 20.
हल :
सही विकल्प (A) है।
पदों को आरोही क्रम में रखने पर 1, 2, 3, 5, 9
यहाँ पदों की संख्या (N) = 5 है, जो कि विषम है।
अतः माध्यिका = (\(\frac{N+1}{2}\)) वें पद का मान = (\(\frac{5+1}{2}\)) वें पद का मान = (\(\frac {6}{2}\)) वें पद का मान
= 3 वें पद का मान = 3

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 12.
बंटन 3, 5, 7, 4, 2, 1, 4, 3, 4 का बहुलक है :
(A) 7
(B) 4
(C) 3
(D) 1.
हल :
सही विकल्प (B) है।
ऊपर दी गई सारणी को देखने से स्पष्ट होता है कि 4 की बारम्बारता सबसे अधिक (3 बार) है। अतः इसका बहुलक 4 होगा । अतः सही विकल्प (B) है।

प्रश्न 13.
माध्य के अन्य नाम हैं :
(A) समान्तर माध्य
(B) औसत
(C) मध्यमान
(D) ये सभी
हल :
सही विकल्प (D) है।

प्रश्न 14.
प्रथम 7 विषम संख्याओं का माध्यक होगा :
(A) 7
(B) 8
(C) 9
(D) 5.
हल :
प्रथम 7 विषय संख्याएँ है: 1, 3, 5, 7, 8, 11, 13.
अत : माध्यक = \(\frac{N+1}{2}\) वाँ पद = 7.
सही विकल्प (A) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 15.
प्रथम 11 पूर्ण संख्याओं का माध्य होगा :
(A) 11
(B) 10
(C) 5
(D) 55.
हल :
प्रथम 11 सपूर्ण संख्याएँ हैं 0, 1, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10
अतः \(\bar{x}\) = \(\frac{0+1+2+3+4+5+6+7+8+9+10}{11}\) = \(\frac {55}{11}\) = 5
सही विकल्प (C) है।

लघु एवं दीर्घ प्रश्नोत्तर :

प्रश्न 1.
निम्नलिखित बारम्बारता बंटन का परिसर ज्ञात कीजिए : 2.7, 27, 2.8, 21, 2.4, 3.2, 3.1, 2.8, 3.2.
हल :
बारम्बारता का अधिकतम मान = 3.2
बारम्बारता का न्यूनतम मान = 2.1
∴ परिसर (परास) = अधिकतम मान – न्यूनतम मान = 3.2 – 2.1 = 1.1

प्रश्न 2.
प्राथमिक आँकड़े क्या हैं?
हल :
सांख्यिकीय अन्वेषक जिन आँकड़ों का स्वयं या अपने कार्यकर्ताओं के द्वारा पहली बार संग्रहीत करता है, उन्हें प्राथमिक आँकड़े कहते हैं।

प्रश्न 3.
गौण आँकड़े अर्थात् द्वितीयक आँकड़े क्या हैं?
हल :
वे आँकड़े जिनका पूर्व में अन्य किसी व्यक्ति या संस्था द्वारा संकलन किया जा चुका हो, जो प्रकाशित या अप्रकाशित हो सकते हैं, ऐसे आँकड़ों को द्वितीयक आँकड़े कहते हैं ।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 4.
एक गाँव में जन्मे 30 बच्चों का भार (किग्रा में) निम्न प्रकार था :
3.4, 3.6, 3.0, 3.8, 3.6, 3.8, 2.9, 3.4, 2.9, 3.4, 3.0, 3.4, 3.2, 3.1, 3.2, 3.2, 3.1, 3.2, 3.4, 3.0, 3.1, 3.2,3.5, 3.7, 3.1, 3.0, 2.9, 3.0, 3.1, 3.2
उपर्युक्त को बारम्बारता बंटन सारणी में निरूपित कीजिए ।
हल :
बारम्बारता सारणी :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 2

प्रश्न 5.
निम्नलिखित असतत बारम्बारता बंटन सारणी को सतत बारम्बारता बंटन सारणी में बदलिए, जिसमें एक कक्षा के 38 विद्यार्थियों के भार दिये गये हैं और यह भी बताइए कि 35.5 किग्रा तथा 40.5 किग्रा के भार वाले विद्यार्थी किस वर्ग-अन्तराल में रखे जायेंग ?

भार (किग्रा में)विद्यार्थियों की संख्या
31-35
36-40
41-45
46-50
51-55
56 60
61-65
66-70
71-75
9
5
14
3
1
2
2
1
1
योग38

हल :
वर्ग 31-35 और 36-40 से
वर्ग 36-40 की निम्न सीमा = 36
वर्ग 31-35 की ऊपरी सीमा = 35
न्यूनतम अन्तर (h) = 36 – 35 = 1
अन्तर का आधा (\(\frac {h}{2}\)) = \(\frac {1}{2}\) = 0.5
इस प्रकार प्रत्येक वर्ग की निम्न सीमा से 0.5 घटा कर और ऊपरी सीमा में 0.5 जोड़कर सतत वर्ग-अन्तराल बनाते हैं।

भार (किग्रा में)विद्यार्थियों की संख्या
30.5-35.5
35.5-40.5
40.5-45.5
45.5-50.5
50.5-55.5
55.5-60.5
60.5-65.5
65.5-70.5
70.5-75.5
9
5
14
3
1
2
21
1
योग38

अतः 35.5 किग्रा भार को 35.5 – 40.5 वर्ग – अन्तराल में और 40.5 किग्रा भार को 40.5 – 45.5 वर्ग – अन्तराल में रखते हैं।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 6.
एक परिवार ने जिसकी मासिक आय ₹ 20,000 है। विभिन्न मदों के अन्तर्गत हर महीने होने वाले खर्च की योजना बनाई थी :

मदखर्च
ग्रासरी (परचून का समा)
किराया
बच्चों की शिक्षा
दवाइयाँ
ईंधन
मनोरंजन
विविध
4000
5000
5000
2000
2000
1000
1000

ऊपर दिये गये आँकड़ों का दण्ड आलेख बनाइए ।
हल :
दण्ड आलेख बनाने की विधि :
(i) पहले X- अक्ष और Y – अक्ष खींचते हैं।
(ii) X-अक्ष पर अचर (मद) को निरूपित करते हैं। दो मदों के मध्य समान दूरी रखी जाती है ।
माना पैमानाः 1 सेमी = 1 मद
(iii) Y-अक्ष चर (विभिन्न ) पर खर्च को निरूपित करते हैं। पैमाना : 1 सेमी = ₹ 1,000 ।
(iv) अब दिये गये आँकड़ों के अनुसार तथा दो क्रमागत आयताकार दण्डों के बीच 1 सेमी का खाली स्थान छोड़कर (समान चौड़ाई) आयताकार दण्ड प्रदर्शित करते हैं।
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 3

प्रश्न 7.
निम्न बारम्बारता सारणी से आयत चित्र बनाइए :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 4
हल :
यहाँ बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत है। वर्ग अन्तराल भी समान हैं।
(i) X- अक्ष पर पैमाना : 1 सेमी = 5 इकाई मानकर वर्ग-अन्तराल को निरूपित करते हैं जो आयत की चौड़ाई को व्यक्त करता है।
(ii) Y – अक्ष पर पैमानाः 1 सेमी = 2 इकाई मानकर बारम्बारता को अंकित करते हैं जो आयत की ऊँचाई को निरूपित करता है।
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 5

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 8.
निम्न बारम्बारता बंटन के लिए बारम्बारता बहुभुज का निर्माण कीजिए :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 6
हल :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 7
X – अक्ष पर पैमाना (1 सेमी = 5 इकाई) लेकर विचर अंकित किये और Y – अक्ष पर पैमाना (1 सेमी = 2 इकाई) लेकर बारम्बारता अंकित कीं ।
अब बिन्दु (5, 2), (10, 6), (15, 4), (20, 1), (25, 5) और (30, 2) अंकित किये। प्रथम विचर से पहले विचर का मान शून्य आता है। अब बिन्दु (5, 2) को बिन्दु (0, 0) से मिलाया । इसी प्रकार अन्तिम विचर से आगे वाला विचर 35 है। अतः अंतिम बिन्दु (30, 2) को बिन्दु (35, 0) से मिलाया ।
इस प्रकार प्राप्त लेखाचित्र दिए गए बारम्बारता बंटन के लिए बारम्बारता बहुभुज होगा ।

प्रश्न 9.
प्रथम दस विषम संख्याओं का समान्तर माध्य ज्ञात कीजिए ।
हल :
प्रथम दस विषम संख्याएँ क्रमशः 1, 3, 5, 7, 9, 11, 13, 15, 17, 19 हैं।
अतः समान्तर माध्य (\(\bar{x}\)) = \(\frac{1+3+5+7+9+11+13+15+17+19}{10}\) = \(\frac {100}{10}\) = 10

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 10.
एक विद्यालय के सहायक कर्मचारियों का मासिक वेतन (रुपयों में) 1,720, 1,750, 1,760 तथा 1,710 है, तो समान्तर माध्य ज्ञात कीजिए ।
हल :
समान्तर माध्य = कर्मचारियों के मासिक वेतन का योग / कर्मचारियों की संख्या
= \(\frac{1,720+1,750+1,760+1,710}{4}\) = \(\frac {6940}{4}\) = ₹ 1735
अतः समान्तर माध्य = ₹ 1735

प्रश्न 11.
निम्नलिखित बंटन का समान्तर माध्य ज्ञात कीजिए :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 8
हल : 

xffx
0.1
0.2
0.3
0.4
0.5
0.6
30
60
20
40
10
50
3
12
6
16
5
30
Σf = 210Σfx = 72

अतः समान्तर माध्य (\(\bar{x}\)) = \(\frac {Σfx}{Σf}\) = \(\frac {72}{210}\)
= 0.342.

प्रश्न 12.
निम्न आँकड़ों की माध्यिका ज्ञात कीजिए : 19, 25, 59, 48, 35, 31, 30, 32, 51.
हल :
दिये गये आँकड़ों को आरोही क्रम में रखने पर,
19, 25, 30, 31, 32, 35, 48, 51, 59
यहाँ कुल पद (n) = 9, जो कि विषम पद है।
अतः माध्यिका = (\(\frac{n+1}{2}\)) वाँ पद = (\(\frac{9+1}{2}\))वाँ पद
= (\(\frac {10}{2}\))वाँ पद = 5वाँ पद = 32
अतः माध्यिका 32।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 13.
आरोही क्रम में व्यवस्थित चर मान (x) निम्नानुसार हैं : 8 11 12 16 16 + x 20 25 30 यदि माध्यिका 18 हो, तो x का मान ज्ञात कीजिए ।
हल :
यहाँ कुल चरों की संख्या 8 है जो कि समसंख्या है।
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 9
⇒ 32 + x = 36 ⇒ x = 36 – 32 = 4
अतः x का मान = 4.

प्रश्न 14.
एक कक्षा के 20 छात्रों की आयु (वर्षों में) निम्न प्रकार है :
15 16 13 14 14 13 15 14 13 13 14 12 15 14 16 13 14 14 13 15
इन्हें बारम्बारता बंटन सारणी में व्यक्त कर बहुलक ज्ञात कीजिए ।
हल :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 10
सारणी से स्पष्ट है कि सबसे अधिक बारम्बारता 7, आयु 14 वर्ष की है।
अतः बहुलक 14 है।

प्रश्न 15.
कुछ विद्यार्थियों के प्राप्तांक नीचे दिये हुए हैं, प्राप्तांकों का बहुलक ज्ञात कीजिए :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 11
हल :
सारणी से स्पष्ट है कि 40 अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों की संख्या सर्वाधिक 26 है
अत: बहुलक 40 है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 16.
क्रिकेट के एक खिलाड़ी ने 10 पारियों में क्रमश: 60, 62, 56, 64, 0, 57, 33, 27, 9 और 71 रन बनाये । उनके इन पारियों के रनों का औसत ज्ञात कीजिए।
हल :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी - 12

प्रश्न 17.
यदि 3, 4, 8, 5, x, 3, 2, 1 अंकों का समान्तर माध्य 4 हो, तो x का मान ज्ञात कीजिए ।
हल :
समान्तर माध्य (\(\bar{x}\)) = पदों का योग / पदों की संख्या
4 = \(\frac{3+4+8+5+x+3+2+1}{8}\)
⇒ 4 × 8 = 26 + x
⇒ 32 = 26 + x
∴ x = 32 – 26 = 6
अत: x = 6.

प्रश्न 18.
यदि 6, 9, 5, 8, x, 4 अंकों का समान्तर माध्य 7 हो, तो x का मान ज्ञात कीजिए ।
हल :
चूँकि समान्तर माध्य (\(\bar{x}\)) = \(\frac{\Sigma x_i}{N}\)
\(\bar{x}\) = \(\frac{6+9+5+8+x+4}{6}\)
⇒ \(\bar{x}\) = \(\frac{32+x}{6}\) = 7 (∵ \(\bar{x}\) = 7)
⇒ 32 + x = 42
⇒ x = 42 – 32
∴ x = 10

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 14 सांख्यिकी

प्रश्न 19.
किसी बारम्बारता बंटन का समान्तर माध्य 18.50 है तथा Σf = 20, तो Σfx का मान ज्ञात कीजिए ।
हल :
हम जानते है कि,
\(\bar{x}\) = \(\frac {Σfx}{Σf}\)
⇒ समान्तर माध्य, 18.50 = \(\frac {Σfx}{20}\)
⇒ Σfx = 18.50 × 20
∴ Σfx = 370

प्रश्न 20.
किसी फुटबाल खिलाड़ी ने कुछ मैचों में 3 गोल प्रति मैच की औसत से 39 गोल किए। खिलाड़ी द्वारा खेले गए मैचों की संख्या बताइए।
हल :
औसत \(\bar{x}\) = 8 तथा कुल गोल Σx = 39.
∴ \(\bar{x}\) = \(\frac {Σfx}{N}\)
⇒ 3 = \(\frac {39}{N}\)
⇒ 3 × N = 39
⇒ N = \(\frac {39}{N}\) = 13

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1

Jharkhand Board JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 Textbook Exercise Questions and Answers.

JAC Board Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Exercise 14.1

प्रश्न 1.
विद्यार्थियों के एक समूह द्वारा पर्यावरण संचेतना अभियान के अंतर्गत एक सर्वेक्षण किया गया, जिसमें उन्होंने एक मोहल्ले के 20 घरों में लगे हुए पौधों से सम्बन्धित निम्नलिखित आँकड़े एकत्रित किए। प्रति घर माध्य पौधों की संख्या ज्ञात कीजिए ।
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 1
माध्य ज्ञात करने के लिए आपने किस विधि का प्रयोग किया और क्यों ?
हल :
उपर्युक्त सारणी में पौधों की संख्या और घरों की संख्या के मान अत्यधिक कम होने के कारण प्रत्यक्ष विधि का प्रयोग करेंगे :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 2
∴ माध्य (\(\bar{x}\)) = \(\frac{\sum f_i x_i}{\sum f_i}\)
= \(\frac {162}{20}\) = 8.1
अतः प्रति घर में पौधों की माध्य संख्या = 8.1 पौधे ।

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1

प्रश्न 2.
किसी फैक्टरी के 50 श्रमिकों की दैनिक मजदूरी के निम्नलिखित बंटन पर विचार कीजिए:
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 3
एक उपयुक्त विधि का प्रयोग करते हुए, इस फैक्टरी के श्रमिकों की माध्य दैनिक मजदूरी ज्ञात कीजिए।
हल :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 4
∴ माध्य (\(\bar{x}\)) = \(\frac{\sum f_i x_i}{\sum f_i}\)
= \(\frac {27260}{50}\)
= ₹ 545.20
अतः श्रमिकों की माध्य दैनिक मजदूरी = ₹ 545.20

प्रश्न 3.
निम्नलिखित बंटन एक मोहल्ले के बच्चों के दैनिक जेब खर्च को दर्शाता है। माध्य जेब खर्च ₹18 है। लुप्त बारम्बारता f ज्ञात कीजिए :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 5
हल :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 6
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 7
अतः लुप्त बारम्बारता f = 20 है।

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1

प्रश्न 4.
किसी अस्पताल में, एक डॉक्टर द्वारा 30 महिलाओं की जाँच की गई और उनके हृदय स्पंदन (beat) की प्रति मिनट संख्या नोट करके नीचे दर्शाए अनुसार संक्षिप्त रूप में लिखी गई। एक उपयुक्त विधि चुनते हुए, इन महिलाओं के हृदय स्पंदन की प्रति मिनट माध्य संख्या ज्ञात कीजिए ।
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 8
हल :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 9
∴ माध्य (\(\bar{x}\)) = A + \(\frac{\sum f_i d_i}{\sum f_i}\)
= 75.5 + \(\frac {12}{30}\) = 75.5 + 0.4 = 75.9
अतः महिलाओं के हृदय स्पंदन की प्रति मिनट माध्य संख्या = 75.9

प्रश्न 5.
किसी फुटकर बाजार में, फल विक्रेता पेटियों में रखे आम बेच रहे थे। इन पेटियों में आमों की संख्याएँ भिन्न-भिन्न थी । पेटियों की संख्या के अनुसार, आमों का बंटन निम्नलिखित था :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 10
एक पेटी में रखे आमों की माध्य संख्या ज्ञात कीजिए। आपने माध्य ज्ञात करने की किस विधि का प्रयोग किया है?
हल :
माना कल्पित माध्य (A) = 57, वर्ग माप (h) = 3
पद – विचलन विधि द्वारा :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 11
माध्य (\(\bar{x}\)) = A + \(\frac{\sum f_i u_i}{\sum f_i}\) × h
⇒ \(\bar{x}\) = 57 + \(\frac {25}{400}\) × 3 = 57 + (0.0625) × 3
= 57 + 0.1875 = 57.1875 = 57.19 (लगभग)
अतः पेटी में रखे आमों की माध्य संख्या = 57.19 है। हमने पद विचलन विधि का प्रयोग किया है।

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1

प्रश्न 6.
निम्नलिखित सारणी किसी मोहल्ले के 25 परिवारों में भोजन पर हुए दैनिक व्यय को दर्शाती है :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 12
एक उपयुक्त विधि द्वारा भोजन पर हुआ माध्य व्यय ज्ञात कीजिए ।
हल :
माना कल्पित माध्य (A) = 225, वर्ग माप (h) = 50
पद- विचलन विधि से :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 13
माध्य (\(\bar{x}\)) = A + \(\frac{\sum f_i u_i}{\sum f_i}\) × h
= 225 + \(\frac {-7}{25}\) × 50
= 225 + (-14) = 211
अतः प्रति परिवार भोजन पर होने वाला दैनिक व्यय का माध्य = ₹ 211

प्रश्न 7.
वायु में सल्फर डाइ आक्साइड (SO2) की सान्द्रता (भाग प्रति मिलियन में) को ज्ञात करने के लिए, एक नगर के 30 मोहल्लों से आँकड़े एकत्रित किए गए, जिन्हें नीचे प्रस्तुत किया गया है :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 14
वायु में SO2 की सान्द्रता का माध्य ज्ञात कीजिए ।
हल :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 15
अतः वायु में SO2 की सान्द्रता का माध्य = 0.099 भाग प्रति मिलियन

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1

प्रश्न 8.
किसी कक्षा अध्यापिका ने पूरे सत्र के लिए अपनी कक्षा के 40 विद्यार्थियों की अनुपस्थिति निम्नलिखित रूप में रिकॉर्ड (record) की। एक विद्यार्थी जितने दिन अनुपस्थित रहा उनका माध्य ज्ञात कीजिए :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 16
हल :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 17
अतः एक विद्यार्थी जितने दिन अनुपस्थित रहा उनका माध्य= 12.48 दिन है।

प्रश्न 9.
निम्नलिखित सारणी 35 नगरों की साक्षरता दर (प्रतिशत में) दर्शाती है। माध्य साक्षरता दर ज्ञात कीजिए :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 18
हल :
माना कल्पित माध्य (A) = 70
वर्ग माप (h) = 10
पद – विचलन विधि से :
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 14 सांख्यिकी Ex 14.1 - 19
माध्य (\(\bar{x}\)) = A + \(\frac{\sum f_i u_i}{\sum f_i}\) × h
\(\bar{x}\) = 70 + \(\frac {-2}{35}\) × 10 = 70 + \(\frac {-20}{35}\)
= 70 + (-0.57) = 70 – 0.57 = 69.43
अतः माध्य साक्षरता दर = 69.43% है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

Jharkhand Board JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता Important Questions and Answers.

JAC Board Class 9th Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 1.
एक पाँसे को फेंकने पर 2 का अंक आने की प्रायिकता होगी:
(A) \(\frac {1}{6}\)
(B) \(\frac {2}{3}\)
(C) \(\frac {5}{6}\)
(D) \(\frac {1}{3}\)
हल :
पाँसे में 1, 2, 3, 4, 5 और 6 अंक होते हैं।
कुल सम्भव परिणाम = 6
अंक 2 केवल 1 बार है।
∴ 2 अंक आने की अनुकूल परिणाम = 1
2 का अंक आने की प्रायिकता P(E) = \(\frac {1}{6}\)
अतः विकल्प (A) सही है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 2.
दो पाँसों को फेंकने पर अंकों का योग 5 आने की प्रायिकता होगी:
(A) \(\frac {1}{7}\)
(B) \(\frac {1}{6}\)
(C) \(\frac {1}{9}\)
(D) \(\frac {2}{9}\)
हल :
पाँसे में 1, 2, 3, 4, 5 और 6 अंक होते हैं।
योग 5 आने के लिए अनुकूल परिणाम (1, 4), (2, 3), (4, 1), (3, 2) = 4
दो पाँसे एकसाथ फेंकने पर सम्भावित परिणाम = 6 × 6 = 36
अतः योग 5 आने की प्रायिकता P(E) = \(\frac {4}{36}\)
= \(\frac {1}{9}\)
अत: विकल्प (C) सही है।

प्रश्न 3.
ताश की एक गड्डी में से एक लाल पत्ता खींचने की प्रायिकता होगी :
(A) \(\frac {1}{52}\)
(B) \(\frac {1}{2}\)
(C) \(\frac {1}{26}\)
(D) \(\frac {25}{26}\)
हल :
कुल सम्भावित परिणाम = ताश की गड्डी में कुल पत्तों की संख्या = 52
अनुकूल परिणाम = लाल रंग के पत्तों की संख्या = 26
अत: P(एक लाल रंग का पत्ता खींचने) की प्रायिकता = \(\frac{26}{52}=\frac{1}{2}\)
अतः विकल्प (B) सही है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 4.
बारह टिकटों पर एक-एक संख्या 1 से 12 तक लिखी गई है। उनमें से एक टिकट का यादृच्छिक चयन किया जाए, तो इस पर लिखी गई संख्या के 3 के गुणज होने की प्रायिकता ज्ञात करो :
(A) \(\frac {2}{3}\)
(B) \(\frac {1}{12}\)
(C) \(\frac {1}{2}\)
(D) \(\frac {1}{3}\)
हल :
1 से 12 तक की संख्याओं में 3 के गुणज वाली संख्याएँ 3, 6, 9, 12 हैं।
∴ संख्या 3 के गुणज की अनुकूल परिणाम = 4
कुल सम्भावित परिणाम = 12
अतः संख्या 3 के गुणज होने की प्रायिकता
P(E) = \(\frac{4}{12}=\frac{1}{3}\)
अतः विकल्प (D) सही है।

प्रश्न 5.
एक सिक्के को 1000 बार उछालने पर निम्न- लिखित बारम्बारताएँ प्राप्त होती हैं चित : 455 ; पट : 545 प्रत्येक घटना की प्रायिकता अभिकलित कीजिए ।
हल :
अभिप्रयोगों की कुल संख्या = 1000
चित आने की संख्या = 455
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता - 1

प्रश्न 6.
एक पाँसे के फेंकने पर सम अंक आने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए ।
हल :
एक पाँसे को फेंकने पर 6 अंक
(1, 2, 3, 4, 5, 6) आ सकते हैं।
सम अंकों की संख्या = 3 है।
∴ घटना के लिए अनुकूल स्थितियाँ = 3
सम अंक आने की प्रायिकता,
P(E) = अनुकूल स्थितियाँ / कुल संख्या
= \(\frac{3}{6}=\frac{1}{2}\)

प्रश्न 7.
एक ताश की गड्डी से एक पत्ता निकाला जाता है। इसके इक्का होने की प्रायिकता ज्ञात करो ।
हल :
ताश की गड्डी में कुल पत्तों की संख्या = 52
तथा ताश की गड्डी में इक्कों की संख्या = 4
∴ इक्का होने की अनुकूल परिस्थितियाँ = 4 होंगी।
∴ इक्का होने की प्रायिकता,
P(E) = \(\frac{4}{52}=\frac{1}{13}\)

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 8.
दो सिक्कों को एक साथ 500 बार उछालने पर हमें यह प्राप्त होता है:
दो खित : 105 बार
एक चित : 275 बार
कोई भी चित नहीं : 120 बार
उनमें से प्रत्येक घटना के घटने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए ।
हल :
माना दो चित आने की घटना को E1 से, एक चित आने की घटना को E2 से और कोई भी चित न आने की घटना को E3 से व्यक्त करें, तो
दो चित आने की प्रायिकता, P(E1) = \(\frac {105}{500}\) = 0.21
एक चित आने की प्रायिकता, P(E2) = \(\frac {275}{500}\) = 0·55
कोई भी चित न आने की प्रायिकता P(E3) = \(\frac {120}{500}\) = 0·24

प्रश्न 9.
एक पाँसे को फेंकने पर 4 से बड़ा अंक आने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए ।
हल :
पाँसे में 1, 2, 3, 4, 5 और 6 अंक होते हैं जिनमें 5 तथा 6 दोनों 4 से बड़े अंक हैं।
∴ कुल सम्भावित परिणाम = 6
4 से बड़ा अंक आने की अनुकूल परिस्थितियाँ = 2 हैं।
अतः 4 से बड़ा अंक आने की प्रायिकता = \(\frac{2}{6}=\frac{1}{3}\)

प्रश्न 10.
PEACE शब्द के अक्षरों से बनने वाले शब्दों में दोनों E के साथ न आने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए।
हल :
PEACE में कुल वर्ण = 5 हैं।
∴ कुल सम्भव स्थितियाँ = 5 होंगी।
PEACE में E अक्षर दो बार प्रयुक्त हुआ है।
∴ E अक्षर आने की अनुकूल स्थितियाँ = 2
दोनों E अक्षर एक साथ आने की प्रायिकता,
P(E) = \(\frac {2}{5}\)
अतः अक्षर न आने की प्रायिकता = 1 – P(E)
= 1 – \(\frac {2}{5}\) = \(\frac {3}{5}\)

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 11.
एक पौसे को 1000 बार फेंकने पर प्राप्त परिणाम निम्न प्रकार हैं:

परिणामबारम्बारता
1
2
3
4
5
6
179
150
157
149
175
190

प्रत्येक परिणाम के प्राप्त होने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए ।
हल :
पाँसा फेंकने की कुल संख्या = 1000
माना परिणाम 1, 2, 3, 4, 5 और 6 से घटना के घटित होने की प्रायिकता E1, E2, E3, E4, E5 और E6 है, तब
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता - 2

प्रश्न 12.
एक विद्यार्थी द्वारा मासिक यूनिट परीक्षा में प्राप्त किए गये अंकों का प्रतिशत निम्न प्रकार है :

मिट परीक्षाप्राप्त अंकों का %
I
II
III
IV
V
69
71
73
68
74

इन आंकड़ों के आधार पर 70% से अधिक अंक प्राप्त करने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए।
हल :
ली गई यूनिट परिक्षाओं की कुल संख्या = 5
विद्यार्थी द्वारा 70% से अधिक अंक प्राप्त करने वाली यूनिट परिक्षाओं की संख्या = 3
∴ 70% से अधिक अंक प्राप्त करने की अनुकूल स्थितियाँ = 3
अतः 70% से अधिक अंक प्राप्त होने की प्रायिकता,
P(E) = अनुकूल स्थितियाँ / कुल यूनिट परीक्षाओं की संख्या
= \(\frac {3}{5}\)
= 0.6

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 13.
बीजों के 5 थैलों में से प्रत्येक थैले से पचास बीज यदृच्छया चुने और उन्हें ऐसी मानवीकृत अवस्थाओं में रखा गया जो अंकुरण के अनुकूल हैं। 20 दिन बाद प्रत्येक संग्रह में अंकुरित हुए बीजों की संख्या नीचे दर्शाए अनुसार सारणी में लिखी गई हैं:

थैलाअंकुरित बीजों की संख्या
1
2
3
4
5
40
48
42
39
41

निम्नलिखित बीजों के अंकुरण की प्रायिकता क्या होगी ?
(i) एक थैले में 40 से अधिक बीज,
(ii) एक थैले में 49 बीज,
(iii) एक थैले में 35 से अधिक बीज हैं।
हल :
पैलों की कुल संख्या = 5
(i) 50 बीजों में से 40 बीज से अधिक बीज अंकुरित होने की अनुकूल स्थितियाँ = 3
अत: P (एक थैले में 40 से अधिक बीजों का अंकुरण )
= \(\frac {3}{5}\)
= 0.6

(ii) 49 बीज अंकुरित होने वाले थैलों की संख्या = 0
अत: P (एक थैले में 49 बीजों का अंकुरण) = \(\frac {0}{5}\)
= 0

(iii) उन बैलों की संख्या, जिनमें 35 से अधिक बीज अंकुरित हुए हैं, 5 है।
अतः अपेक्षित प्रायिकता = \(\frac {5}{5}\)
= 1.

प्रश्न 14.
एक टेलीफोन निर्देशिका के एक पृष्ठ पर 200 टेलीफोन नम्बर हैं। उनके इकाई स्थान वाले अंक का बारम्बारता बंटन निम्न सारणी में दिया गया है :

अंक (इकाई)बारम्बारता
0
1
2
3
4
5
6
7
8
9
22
26
22
20
10
25
14
22
20
19

इकाई के स्थान पर 6 अंक आने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए ।
टेलीफोन नम्बरों की कुल संख्या = 200
हल :
इकाई के स्थान पर अंक 6 के होने की प्रायिकता,
P(E) = अंक 6 की बारम्बारता / टेलीफोन नम्बरों की कुल संख्या
= \(\frac {14}{200}\)
= 0.07.

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 15 प्रायिकता

प्रश्न 15.
एक पिता के तीन बच्चों में से कम से कम एक लड़का है। उसके दो लड़के तथा एक लड़की होने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए।
हल :
लड़का और लड़की की संख्या की 3 निःशेष स्थितियाँ सम्भव हैं
एक लड़का व दो लड़कियाँ
एक लड़की व दो लड़के
तीनों लड़के व कोई लड़की नहीं
इनमें एक ही स्थिति अनुकूल है।
प्रायिकता (P) = \(\frac {1}{3}\)

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय

Jharkhand Board JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय Textbook Exercise Questions and Answers.

JAC Board Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय

Jharkhand Board Class 10 Science नियंत्रण एवं समन्वय Textbook Questions and Answers

प्रश्न 1.
निम्नलिखित में से कौन-सा पादप हॉर्मोन है-
(a) इंसुलिन
(b) थायरॉक्सिन
(c) एस्ट्रोजन
(d) साइटोकाइनिन
उत्तर:
(d) साइटोकाइनिन।

प्रश्न 2.
दो तंत्रिका कोशिका के मध्य खाली स्थान को कहते हैं-
(a) दुमिका
(b) सिनेप्स
(c) एक्सॉन
(d) आवेग
उत्तर:
(b) सिनेप्स।

प्रश्न 3.
मस्तिष्क उत्तरदायी है-
(a) सोचने के लिए
(b) हृदय स्पंदन के लिए
(c) शरीर का संतुलन बनाने के लिए
(d) उपर्युक्त सभी
उत्तर:
(d) उपर्युक्त सभी।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय

प्रश्न 4.
हमारे शरीर में ग्राही का क्या कार्य है? ऐसी स्थिति पर विचार कीजिए जहाँ ग्राही उचित प्रकार से कार्य नहीं कर रहा हो। क्या समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं?
उत्तर:
ग्राही, हमारी ज्ञानेन्द्रियों में स्थित एक खास कोशिकाएँ होती हैं, जो वातावरण से सभी सूचनाएँ ढूँढ़ सकती हैं और उन्हें केंद्रीय तंत्रिका तंत्र (मेरुरण्जु तथा मस्तिष्क) में पहुँचाती हैं। मस्तिष्क के भाग अग्रमस्तिष्क में विभिन्न ग्राही से संवेदी आवेग (सूचनाएँ) प्राप्त करने के लिए क्षेत्र होते हैं। इसके अलग-अलग क्षेत्र सुनने, सूँघने, देखने आदि के लिए विशिष्टीकृत होते हैं। यदि कोई ग्राही उचित प्रकार कार्य नहीं करेगी तो उस ग्राही द्वारा एकत्र की गई सूचना मस्तिष्क तक नहीं पहुँचेगी। जैसे-

  • यदि रेटिना की कोशिका अच्छी तरह कार्य नहीं करेंगी, तो हम देख नहीं पाएँगे जिससे हम अंधे भी हो सकते हैं।
  • जिढ्वा द्वार मीठा, नमकीन आदि स्वाद का पता लगाना संभव नहीं हो पाएगा।

प्रश्न 5.
एक तंत्रिका कोशिका (न्यूरॉन) की संरचना बनाइये तथा इसके कार्यों का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 1
तंत्रिका कोशिका के कार्य-न्यूरॉन या तंत्रिका कोशिका तंत्रिका तंत्र की संरचनात्मक व क्रियात्मक इकाई है। इसके निम्न तीन भाग होते हैं-

  • दुमिका
  • कोशिकाकाय
  • एक्सॉन।

सूचनाओं का आवेग द्रुमिका से कोशिकाकाय की ओर चलता है तथा फिर एक्सॉन में से होता हुआ सिनेप्स तक पहुँचता है। फिर इसे पार करता हुआ एक न्यूरॉन से दूसरे में गुजरता हुआ मेरुरज्जु तक पहुँचता है। इसी प्रकार सूचनाएँ मस्तिष्क से कार्यकारी अंग (पेशी, ग्रंथि) तक पहुँचती हैं।

प्रश्न 6.
पादप में प्रकाशानुवर्तन किस प्रकार होता है?
उत्तर:
दिशिक या अनुवर्तन गति जो प्रकाश उद्दीपन के प्रभाव में, प्रकाश की ओर अथवा उसके विपरीत होती है उसे प्रकाशानुवर्तन कहते हैं। तने प्रकाश की ओर मुड़ते हैं जबकि जड़ें प्रकाश के विपरीत मुड़कर अनुक्रिया करती हैं।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 2

प्रश्न 7.
मेरुरज्जु आघात में किन संकेतों के आवागमन में व्यवधान होगा ?
उत्तर:

  • सभी संकेत जो मस्तिष्क से दूर या मस्तिष्क की ओर मेरुरज्जु से होकर चलते हैं, उनके आवागमन में व्यवधान उत्पन्न होगा।
  • प्रतिवर्ती क्रिया नहीं संपादित होगी।

प्रश्न 8.
पादप में रासायनिक समन्वय किस प्रकार होता है?
उत्तर:
पौधों की विशेष कोशिकाओं द्वारा कुछ रासायनिक पदार्थ स्रावित होते हैं जिन्हें पादप हॉर्मोन कहते हैं। विभिन्न प्रकार के पादप हॉर्मोन वृद्धि व विकास तथा वातावरण के साथ समन्वय स्थापित करते हैं। ये पादप हॉर्मोन क्रिया स्थान से दूर कहीं स्रावित होकर विसरण द्वारा उस स्थान तक पहुँचकर कार्य करते हैं।

प्रश्न 9.
एक जीव में नियंत्रण एवं समन्वय के तंत्र की क्या आवश्यकता है?
उत्तर:
एक जीव में नियंत्रण एवं समन्वय के तंत्र की आवश्यकता दो प्रकायों को करने के लिए होती है-
(1) इससे शरीर के विभिन्न अंगों का निर्माण होता है एवं अंगतंत्र एक व्यवस्थित तरीके से कार्य करते हैं और उनमें समन्वय बना रहता है। उदाहरण के लिए जब हम भोजन करने की सोचते हैं तो हम भोजन लेकर मुँह की तरफ ले जाते हैं, दाँत और जबड़े की पेशियाँ भोजन को तोड़ती हैं, लार ग्रंथियाँ लार का स्रावण करती हैं।

(2) बस से कूदना, आग की लौ से अपना हाथ पीछे खींच लेना, भूख के कारण मुँह में पानी आना। इन सभी उदाहरणों में एक सामान्य विचार आता है कि जो कुछ हम करते हैं उसके बारे में विचार नहीं करते, या अपनी क्रियाओं को नियंत्रण में महसूस नहीं करते हैं। फिर भी ये वे स्थितियाँ हैं जहाँ हम अपने पर्यावरण में होने वाले परिवर्तनों के प्रति अनुक्रिया कर रहे हैं। इन परिस्थितियों के लिए हमें नियंत्रण व समन्वय तंत्र की आवश्यकता होती है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय

प्रश्न 10.
अनैच्छिक क्रियाएँ तथा प्रतिवर्ती क्रियाएँ एक-दूसरे से किस प्रकार भिन्न हैं?
उत्तर:
अनैच्छिक क्रियाएँ तथा प्रतिवर्ती क्रियाएँ निम्न प्रकार से एक-दूसरे से भिन्न हैं-

अनैच्छिक क्रियाएँप्रतिवर्ती क्रियाएँ
1. वे क्रियाएँ जिनका नियंत्रण हमारे सोचने से नहीं होत है या ऐसी क्रियाएँ जो शरीर में निरन्तर चलती रहती हैं।1. वह क्रियाएँ जिनमें किसी बाह्य उद्दीपन के प्रति अनुक्रियाएँ होती हैं प्रतिवर्ती क्रियाएँ कहलाती हैं।
2. इसका नियंत्रण पश्चमस्तिष्क स्थित मेडुला द्वारा होता है।2. इनका नियंत्रण मुख्यतः मेरुज्जु द्वारा होता है तथा प्रत्यावर्ती चाप के रूप में क्रियान्वित होता है।
3. उदाहरण के लिए- हृदय का स्पन्दन, साँस लेना, श्वसन क्रिया द्वारा ऊर्जा का उत्पादन, भोजन देखकर लार का निकलना, वर्ज्य पदार्थों का उत्सर्जन आदि।3. उदाहरण के लिए-किसी गर्म वस्तु को स्पर्श करने पर हाथ शीघ्रता से हटाना।

प्रश्न 11.
जंतुओं में नियंत्रण एवं समन्वय के लिए तंत्रिका तथा हॉर्मोन क्रियाविधि की तुलना तथा व्यतिरेक (Contrast) कीजिए।
उत्तर:
जंतुओं में नियंत्रण एवं समन्वय के लिए तंत्रिका तथा हॉर्मोन क्रियाविधि की तुलना तथा व्यतिरेक

जंतुओं में तंत्रिका द्वारा नियंत्रण एवं समन्वयजंतुओं में हॉर्मोन द्वारा नियंत्रण एवं समन्वय
1. यह नियंत्रण एवं समन्वय से सम्बन्धित क्रियाविधि होती है।1. यह क्रियाविधि भी नियंत्रण एवं समन्वय से सम्बन्धित है।
2. तंत्रिका क्रियाविधि में रासायनिक परिवर्तन मांसपेशियों की कोशिकाओं में होता है।2. शरीर के एक अंग में उत्पन्न हॉर्मोन शरीर के अन्य भागों को भेजे जाते हैं।
3. यह मस्तिष्क एवं मेरुरज्जु द्वारा नियंत्रित होती है।3. यह अन्तः स्रावी ग्रन्थियों द्वारा स्रावित होते हैं।

प्रश्न 12.
छुई-मुई पादप में गति तथा हमारी टाँग में होने वाली गति के तरीके में क्या अंतर है?
उत्तर:
छुई-मुई पौधे में गति-छुई-मुई में स्पर्श उद्दीपन के प्रति अनुक्रिया के फलस्वरूप गति होती है। यदि पत्ती को छूते हैं तब उद्दीपन पत्ती के आधार तक संचरित हो जाता है और पत्तियाँ नीचे झुक जाती हैं। यह आधार कोशिकाओं में परासरणीय दाब कम होने के कारण होता है। जब उद्दीपन समय समाप्त हो जाता है तब परासरणीय दाब पुनः स्थापित हो जाता है तथा पत्तियाँ सामान्य अवस्था में आ जाती हैं। यह वृद्धि अनाश्रित गति है।

छुई-मुई में स्पर्श बिंदु (उद्दीपन) से अलग भाग में गति होती है। इसमें सूचना विशिष्ट ऊतकों से होकर नहीं बल्कि विद्युत रासायनिक संकेतों के रूप में एक कोशिका से दूसरी कोशिका तक संचरित होती है। पादप कोशिकाओं की रचना उनमें पानी की मात्रा के परिवर्तन से परिवर्तित होती है जिसके परिणामस्वरूप गति होती है।

हमारे पैर की गति-हमारे पैर की पेशियाँ तंत्रिकाओं से सम्बद्ध होती हैं जिनमें गति करने हेतु आवश्यक सूचनाएँ मस्तिष्क द्वारा भेजी जाती हैं।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 3
सूचनाएँ विद्युत रासायनिक संकेतों के रूप में संचरित होती हैं। यह पेशियों तक पहुँचकर रासायनिक संकेतों में बदल जाती हैं जिसके परिणामस्वरूप पैर में गति होती है। अतः पैर में गति पेशियों के सिकुड़ने एवं फैलने से होती है जो मस्तिष्क द्वारा नियंत्रित होती रहती है।

Jharkhand Board Class 10 Science नियंत्रण एवं समन्वय InText Questions and Answers

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या-132)

प्रश्न 1.
प्रतिवर्ती क्रिया तथा टहलने के बीच क्या अन्तर है?
उत्तर:
प्रतिवर्ती क्रिया तथा टहलने के बीच अन्तर निम्न प्रकार हैं-

प्रतिवर्ती क्रियाटहलना
1. प्रतिवर्ती क्रिया मेरुण्जु द्वारा नियंत्रित होती है।1. टहलना मस्तिष्क के भाग अनुमस्तिष्क द्वारा नियंत्रित होती है।
2. यह अनैच्छिक (Involuntary) क्रियाएँ हैं।2. यह ऐच्छिक (voluntary) क्रियाएँ हैं।
3. यह क्रिया अत्यंत तेज अर्थात् एक सेकण्ड के सूक्ष्म अंश में ही पूर्ण हो जाती है।3. इस क्रिया में अधिक समय लगता है क्योंकि पहले मस्तिष्क विचार करता है तथा सूचना को तंत्रिका के माध्यम से पेशियों तक पहुँचाता है।

प्रश्न 2.
दो तंत्रिका कोशिकाओं (न्यूरॉन) के मध्य अंतर्ग्रथन (सिनेप्स) में क्या होता है?
उत्तर:
अंतर्ग्रथन पर विद्युत तरंगों के रूप में आने वाला तंत्रिका आवेग कुछ रसायन के स्रावण को प्रेरित करता है। ये रसायन अंतर्ग्रथन को पार करके अगली तंत्रिका कोशिका में समान प्रकार का तंत्रिका आवेग उत्पन्न करते हैं।

प्रश्न 3.
मस्तिष्क का कौन-सा भाग शरीर की स्थिति तथा संतुलन का अनुरक्षण करता है?
उत्तर:
अनुमस्तिष्क।

प्रश्न 4.
हम एक अगरबत्ती की गंध का पता कैसे लगाते हैं?
उत्तर:
अगरबत्ती की गंध का पता अग्रमस्पिक द्वारा लगाया जाता है। यहाँ गंध की संवेदना के लिए अलग संवेदी केंद्र होता है जहाँ सूचना प्राप्त होती है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय

प्रश्न 5.
प्रतिवर्ती क्रिया में मस्तिष्क की क्या भूमिका है?
उत्तर:
प्रतिवर्ती क्रिया मेरुरज्जु द्वारा सम्पन्न होती है। प्रतिवर्ती चाप इसी मेरुरज्जु में बनते हैं यद्यपि आगत सूचनाएँ मस्तिष्क तक दी जाती हैं। सामान्य प्रतिवर्ती क्रिया जैसे पुतली के आकार में परिवर्तन तथा कोई सोची क्रिया जैसे कुर्सी खिसकाना। उसको मध्य एक और पेशी गति का सेट है जिस पर हमारे सोचने का कोई नियंत्रण नहीं है। इन अनैच्छिक क्रियाओं में से कई मध्यमस्तिष्क तथा पश्चमस्तिष्क से नियंत्रित होती हैं। ये सभी अनैच्छिक क्रियाएँ जैसे रक्तदाब, लार आना तथा वमन (उल्टी आना) पश्चमस्तिष्क स्थित मेडुला द्वारा नियंत्रित होती हैं।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या-136)

प्रश्न 1.
पादप हॉर्मोन क्या हैं?
उत्तर:
विविध पादप हॉर्मोन वृद्धि, विकास तथा पर्यावरण के प्रति अनुक्रिया के समन्वय में सहायता करते हैं। इनके संश्लेषण का स्थान इनके क्रिया क्षेत्र से दूर होता है और साधारण विसरण द्वारा वे क्रिया क्षेत्र तक पहुँच जाते हैं।

प्रश्न 2.
छुई-मुई पादप की पत्तियों की गति, प्रकाश की ओर प्ररोह की गति से किस प्रकार भिन्न है?
उत्तर:

छुई-मुई पादप की पत्तियों की गतिप्रकाश की ओर प्ररोह की गति
1. इसमें पत्तियों की गति किसी खास दिशा में नहीं होती है अर्थात् उद्दीपक (स्पर्श) की दिशा पर निर्भर नहीं करती है।1. इसमें प्ररोह की गति उद्दीपक (प्रकाश) की दिशा में होती है।
2. इसमें वृद्धि नहीं होती है।2. इसमें वृद्धि होती है।
3. अनुक्रिया की गति बहुत तीव्र होती है।3. अनुक्रिया की गति धीमी होती है।
4. यह गति हॉर्मोन के द्वारा नहीं होती है।4. यह गति ऑक्सिन हॉर्मोन के द्वारा होती है।
5. यह जल की मात्रा में परिवर्तन के कारण होता है।5. यह प्ररोह के दोनों ओर असमान वृद्धि के कारण होता है।

प्रश्न 3.
एक पादप हॉर्मोन का उदाहरण दीजिए जो वृद्धि को बढ़ाता है।
उत्तर:

  • ऑक्सिन पौधे के तने की लम्बाई को बढ़ाता है।
  • जिब्बेरेलिन पौधे के तने की वृद्धि करता है।

प्रश्न 4.
किसी सहारे के चारों ओर एक प्रतान की वृद्धि में ऑक्सिन किस प्रकार सहायक है?
उत्तर:
प्रतान स्पर्श के प्रति संवेदनशील होता है। प्रतान जैसे ही किसी स्पर्श के सम्पर्क में आते हैं ऑक्सिन दूसरी ओर विसरित हो जाता है जिससे उस ओर की कोशिकाएँ अधिक लम्बी होने लगती हैं और प्रतान विपरीत दिशा में मुड़ता है। इस प्रकार वह सहारे के चारों ओर लिपटकर पौधे को सहारा देता है।

प्रश्न 5.
जलानुवर्तन दर्शाने के लिए एक प्रयोग की अभिकल्पना कीजिए।
उत्तर:
जलानुवर्तन प्रदर्शित करने के लिए बीजों का अंकुरण एक ऐसी जमीन के ऊपर करवाते हैं जो एक तरफ नम है तथा दूसरी तरफ सूखी।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 4
मूलांकुर पहले तो धनात्मक गुरुत्वानुवर्तन दर्शांते हुए नीचे की ओर गति करते हैं। परन्तु जल्दी ही गीली जमीन की ओर मुड़ने लगते हैं। यह धनात्मक जलानुवर्तन गति को प्रदर्शित करता है।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या-138)

प्रश्न 1.
जंतुओं में रासायनिक समन्वय कैसे होता है?
उत्तर:
जंतुओं में रासायनिक समन्वय कुछ रासायनिक पदार्थ जिसे हॉर्मोन कहते हैं के द्वारा होता है। ये अंत:स्रावी ग्रंथियों द्वारा स्नावित होते हैं। स्रावित होने वाले हॉर्मोन का समय और मात्रा का नियंत्रण पुनर्भरण क्रिया विधि से किया जाता है।

प्रश्न 2.
आयोडीन युक्त नमक के उपयोग की सलाह क्यों दी जाती है?
उत्तर:
आयोडीन युक्त नमक के उपयोग की सलाह इसलिए दी जाती है क्योंकि आयोडीन, थाइराइड ग्रंथि जो कार्बोहाइड्रेट, वसा और प्रोटीन के उपापचय हेतु थायरॉक्सिन हॉर्मोन स्वावित करती है, के लिए आवश्यक है। यह हॉर्मोन संतुलित वृद्धि व विकास के लिए उत्तरदायी है। आयोडीन की कमी से घेंधा रोग हो जाता है।

प्रश्न 3.
जब एड़ीनलीन रुधिर में स्वावित होती है तो हमारे शरीर में क्या अनुक्रिया होती है?
उत्तर:
एड्रीनलीन सीधे रक्त में स्रावित होता है तथा शरीर के विभिन्न भागों में रुधिर प्रवाह के साथ फैलता है। यह मुख्य रूप से हुदय पर प्रभाव डालता है, जिससे हदय तेजी से धड़कने लगता है और पेशियों में ऑक्सीजन अधिक मात्रा में पहुँचाना शुरू करता है जिससे पेशियाँ अधिक सक्रिय हो जाती हैं। ये पेशियाँ शरीर की विभिन्न क्रियाविधियों को नियंत्रित करती हैं।

प्रश्न 4.
मधुमेह के कुछ रोगियों की चिकित्सा इंसुलिन का इंजेक्शन देकर क्यों की जाती है?
उत्तर:
इंसुलिन हॉर्मोन रक्त शर्करा को नियंत्रित करता है। मधुमेह के रोगी में अग्याशय ग्रंथि के अल्प सक्रियता के कारण यह हॉर्मोन कम मात्रा में स्रावित होता है जिससे रक्त शर्करा बढ़ जाती है। इसके शरीर पर घातक परिणाम होते हैं। इसलिए इंसुलिन का इंजेक्शन देकर रोगी की रक्त शर्करा को नियमित किया जाता है।

क्रिया-कलाप-7.1

प्रश्न 1.
कुछ चीनी अपने मुँह में रखिए। इसका स्वाद कैसा है?
उत्तर:
चीनी मीठी लगती है।

प्रश्न 2.
अपनी नाक को अँगूठा तथा तर्जनी अँगुली से दबाकर बंद कर लीजिए। अब फिर से चीनी खाइए। इसके स्वाद में क्या कोई अंतर है?
उत्तर:
हाँ, चीनी के स्वाद में अंतर महसूस होता है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय

प्रश्न 3.
खाना खाते समय उसी तरह से अपनी नाक बंद कर लीजिए तथा ध्यान दीजिए कि जिस भोजन को आप खा रहे हैं, क्या आप उस खाने का पूरा स्वाद ले रहे हैं।
उत्तर:
छात्र अपने आप महसूस करें।

प्रश्न 4.
जब नाक बन्द होती है, तो क्या आप चीनी तथा भोजन के स्वाद में कोई अंतर महसूस करते हैं? यदि हाँ, तो आप सोचते होंगे कि यह क्यों होता है? इस तरह के अंतर जानने के लिए और उनके संभावित हल खोजने के लिए पढ़िए तथा चर्चा करिए। जब आपको जुकाम हो जाता है तब भी क्या आप इसी तरह की स्थिति का सामना करते हैं?
उत्तर:
हाँ।

क्रिया-कलाप-7.2

  • एक शंकु फ्लास्क को जल से भर लीजिए।
  • फ्लास्क की ग्रीवा को तार के जाल से ढक दीजिए।
  • एक ताजा छोटा सेम का पौधा तार की जाली पर इस प्रकार रख दीजिए कि उसकी जड़ें जल में भीगी रहें।
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 5
  • एक ओर से खुला हुआ गत्ते का एक बॉक्स लीजिए।
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 6
  • फ्लास्क को बॉक्स में इस प्रकार रखिए कि बॉक्स की खुली साइड खिड़की की ओर हो जहाँ से प्रकाश आ रहा है।
  • दो या तीन दिन बाद आप देखेंगे कि प्ररोह प्रकाश की ओर झुक जाता है तथा जड़ें प्रकाश से दूर चली जाती हैं।
  • अब फ्लास्क को इस प्रकार घुमाइए कि प्ररहह प्रकाश से दूर तथा जड़ प्रकाश की ओर हो जाएँ। इसे इस अवस्था में कुछ दिन के लिए विक्षोभरहित छोड़ दीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
क्या प्ररोह और जड़ के पुराने भागों ने दिशा बदल दी है?
उत्तर:
पौधों के पुराने भाग जड़ और तने बहुत कम दिशा बदलते हैं जबकि नए भाग अधिक दिशा बदले हैं।

प्रश्न 2.
क्या ये अंतर नयी वृद्धि की दिशा मं हैं?
उत्तर:
हाँ, नयी वृद्धि की दिशा में अधिक परिवर्तन होता है।

प्रश्न 3.
इस क्रिया-कलाप से हम क्या निष्कर्ष निकालते हैं?
उत्तर:
उपर्युक्त क्रिया-कलाप में तने द्वारा ऋणात्मक गुरुत्वानुवर्तन और जड़ों द्वारा धनात्मक गुरुत्वानुवर्तन प्रदर्शित होता है।

क्रिया-कलाप-7.3

  • चित्र देखिए।
  • चित्र में दर्शाई गई अंतःस्रावी ग्रंथियों की पहचान कीजिए।
  • इनमें से कुछ ग्रंथियों को पुस्तक में वर्णित किया गया है। पुस्तकालय में पुस्तकों की सहायता से एवं अध्यापकों के साथ चर्चा करके कुछ अन्य ग्रंथियों के कार्यों के बारे में जानकारी प्राप्त करें।

उत्तर:
अन्य ग्रंधियों के कार्यों के बारे में जानकारी प्राप्त कर निम्न तालिका में प्रदर्शित किया गया है-
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 7 नियंत्रण एवं समन्वय 7

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

Jharkhand Board JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन Important Questions and Answers.

JAC Board Class 9th Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 1.
यदि एक बेलन का वक्रपृष्ठ सिरों के क्षेत्रफल से दोगुना है तो उसकी ऊंचाई और त्रिज्या का अनुपात होगा :
(A) 1 : 2
(B) 1 : 1
(C) 2 : 1
(D) 2 : 3
हल :
माना बेलन की त्रिज्या r तथा ऊँचाई h है, तब वक्रपृष्ठ = 2 × सिरों का क्षेत्रफल
2πrh = 2 × 2πr²
h = 2r
\(\frac{h}{r}=\frac{2}{1}\) = 2 : 1
अत: विकल्प (C) सही है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 2.
एक गोले का आयतन 36π घन सेमी है, तो उसकी त्रिज्या है:
(A) 3 सेमी
(B) 6 सेमी
(C) 2 सेमी
(D) 9 सेमी।
हल :
\(\frac {4}{3}\)πr3 = 36π
r3 = \(\frac{36 \times 3}{4}\) = 9 × 3
r = \(\sqrt{3 \times 3 \times 3}\) = 3 सेमी
अत: विकल्प (A) सही है।

प्रश्न 3.
किसी समकोण त्रिभुज की समकोण बनाने वाली किसी एक भुजा के परितः घुमाने पर निर्मित आकृति होगी
(A) बेलन
(B) प्रिज्म
(C) गोला
(D) शंकु
हल :
अत: विकल्प (D) सही है।

प्रश्न 4.
यदि दो शंकुओं की ऊंचाइयाँ बराबर हो तथा उनकी त्रिज्याओं का अनुपातः 4 : 7 हो तो उनके आयतनों का अनुपात होगा :
(A) 16 : 49
(B) 49 : 16
(C) 14 : 17
(D) 4 : 7
हल :
माना दोनों शंकुओं का त्रिज्याएँ क्रमशः 4x तथा 7x हैं:
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 1
= \(\frac {16}{49}\)
अतः सही विकल्प (A) है।

प्रश्न 5.
एक बेलनाकार बोतल का व्यास 10 सेमी है। यदि उसमें 14 सेमी ऊंचाई तक द्रव भरा हो, तो द्रव का आयतन है :
(A) 1200 घन सेमी
(B) 1100 घन सेमी
(C) 1500 घन सेमी
(D) 1150 घन सेमी।
हल :
बेलनाकार बोतल का व्यास = 10 सेमी
अतः बोतल की त्रिज्या (r) = व्यास / 2 = \(\frac {10}{2}\) = 5 सेमी
द्रव की ऊँचाई (h) = 14 सेमी
द्रव का आयतन = πr²h
= \(\frac {22}{7}\) × (5)² × 14 = \(\frac {22}{7}\) × 25 × 14
= 22 × 25 × 2 = 22 × 50
= 1100 घन सेमी
अत: सही विकल्प (B) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 6.
9 सेमी त्रिज्या के धातु के गोले को पिघलाकर 3 सेमी त्रिज्या और 6 सेमी ऊंचाई के शंकु बनाये जा सकने वाले शंकुओं की संख्या है :
(A) 54
(B) 45
(C) 55
(D) 44
हल :
9 सेमी त्रिज्या वाले गोले का आयतन
= \(\frac {4}{3}\)πr3 = \(\frac {4}{3}\) × π × (9)3
= \(\frac {4}{3}\) × π × 9 × 9 × 9
= 4 × π × 3 × 81 घन सेमी
अब 3 सेमी त्रिज्या और 6 सेमी ऊँचाई वाले शंकु का आयतन
= \(\frac {1}{3}\)πr2h = \(\frac {1}{3}\) × π × (3)2 × 6
= \(\frac {1}{3}\) × π × 9 × 6
= π × 3 × 6 = 18π घन सेमी
शंकुओं की संख्या = गोले का आयतन / शंकु का आयतन
= \(\frac{4 \times \pi \times 3 \times 81}{\pi \times 3 \times 6}\) = 54
= \(\frac {972π}{18π}\) = 54
अत: (A) विकल्प सही है।

प्रश्न 7.
यदि दो गोलों की त्रिज्याओं का अनुपात 2 : 3 है, तो उनके आयतन का अनुपात है:
(A) 7 : 8
(B) 8 : 27
(C) 4 : 9
(D) 1 : 27
हल :
माना दोनों गोलों की त्रिज्याएँ क्रमश: r1 और r2 है।
दिया है, दोनों गोलों की त्रिज्याओं का अनुपात = r1 : r2 = 2 : 3
⇒ \(\frac{r_1}{r_2}=\frac{2}{3}\)
दोनों गोलों के आयतनों का अनुपात
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 2
अतः दोनों गोलों के आयतनों का अनुपात 8 : 27 होगा।
अत: सही विकल्प (B) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 8.
एक तार का व्यास 5% कम कर दिया जाए तो उसकी लम्बाई कितने प्रतिशत बढ़ा दी जाए कि आयतन न बदले ?
(A) 10%
(B) 10.8%
(C) 4%
(D) 2.5%
हल :
माना तार का व्यास = x सेमी
व्यास में कमी = 5%
नया व्यास \(\frac{95 x}{100}=\frac{19}{20}\)
तथा त्रिज्या = \(\frac {19}{40}\)x
माना त्रिज्याओं की कमी होने पर ऊँचाई h से बढ़कर h’ हो जाती है।
प्रश्नानुसार – π(\(\frac {19}{40}\)x)² h’ = π(\(\frac {x}{2}\))² h
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 3

प्रश्न 9.
एक लम्बवृत्तीय बेलन का आयतन 175π घन सेमी और ऊँचाई 7 सेमी है, तो उसका व्यास होगा।
(A) 5 सेमी
(B) 25 सेमी
(C) 10 सेमी
(D) 7 सेमी
हल :
बेलन का आयतन = πr²h
= 175π
r² × 7 = 175
r² = \(\frac {175}{7}\) = 25
r = \(\sqrt{25}\) = 25 सेमी
व्यास = 2 × r = 2 × 5 = 10 सेमी
अतः विकल्प (C) सही है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 10.
यदि नल का बाहरी व्यास तथा भीतरी व्यास क्रमशः 4 सेमी तथा 3 सेमी और ऊंचाई 20 सेमी है, तो आयतन होगा। नल का आयतन = π(r1r2 – r2r2)h
(A) π(4² – 3²) 20
(B) π[(2)² – (1.5)²]20
(C) π(4 – 3) 20
(D) π(2 – 1.5) 20.
हल :
नल का बाहरी व्यास तथा भीतरी व्यास क्रमश: 4 सेमी तथा 3 सेमी है।
∴ उसकी बाहरी तथा भीतरी त्रिज्याएँ क्रमशः \(\frac {4}{2}\) = 2
सेमी और \(\frac {3}{2}\) = 1.5 है।
अत: विकल्प (B) सही है।

प्रश्न 11.
14 सेमी भुजा के एक घन में से एक बड़े से बड़ा शंकु काटा जाता है। शंकु का आयतन होगा :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 4
(A) 766.18 घन सेमी
(B) 817.54 घन सेमी
(C) 1232 घन सेमी
(D) 718.66 घन सेमी।
हल :
14 सेमी भुजा के घन से बड़े से बड़ा शंकु काटा जाता है।
अतः शंकु की ऊँचाई (h) = 14 सेमी
शंकु के आधार का व्यास = 14 सेमी
अतः शंकु की त्रिज्या = व्यास / 2 = \(\frac {14}{2}\) = 7 सेमी
शंकु का आयतन = \(\frac {1}{3}\)πr²h
= \(\frac {1}{3}\) × \(\frac {22}{7}\) × (7)² × 14
= \(\frac {1}{3}\) × \(\frac {22}{7}\) × 7 × 7 × 14
= \(\frac {22}{3}\) × 7 × 14
= \(\frac{22 \times 98}{3}=\frac{2156}{3}\)
= 718.66 घन सेमी
अत: सही विकल्प (D) है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 12.
एक लम्बवृत्तीय बन्द बेलन के आधार की त्रिज्या r और ऊँचाई h हो, तो उसके सभी पृष्ठों पर रंग कराने के लिए क्षेत्रफल होगा:
(A) 2πrh
(B) 2π(h + r)r
(C) πr²h
(D) 2πrh + πr².
हल :
बेलन के सभी पृष्ठों पर रंग कराने के लिए सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल = 2π(h + r) r
अंत: सही विकल्प (B) है।

प्रश्न 13.
एक बेलन का आधार 625 वर्ग सेमी उसकी ऊँचाई 10 सेमी है, तो बेलन का आयतन होगा :
(A) 62.5 सेमी3
(B) 1320 सेमी3
(C) 6250 सेमी3
(D) 125 सेमी।3
हल :
बेलन का आयतन = आधार का क्षेत्रफल × ऊँचाई
= 625 × 10 = 6250 सेमी3
अत: सही विकल्प (C) है।

प्रश्न 14.
एक शंकु के आधार की त्रिज्या 7 सेमी और ऊंचाई 24 सेमी है। शंकु का पृष्ठीय क्षेत्रफल होगा :
(A) 25 सेमी²
(B) 550 सेमी²
(C) 189.6 सेमी²
(D) 134.09 सेमी²
हल :
दिया है,
शंकु के आधार की त्रिज्या (r) = 7 सेमी
और शंकु की ऊँचाई (h) = 24 सेमी
शंकु की तिर्यक ऊँचाई (l) = \(\sqrt{h^2+r^2}\)
= \(\sqrt{(24)^2+(7)^2}\) = \(\sqrt{576+49}\)
= \(\sqrt{625}\)
शंकु की तिर्यक ऊँचाई (l) = 25 सेमी।
शंकु के वक्रपृष्ठ का क्षेत्रफल = πrl
= \(\frac {22}{7}\) x 7 x 25 = 22 × 25 550 वर्ग सेमी
अत: विकल्प (B) सही है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 15.
यदि एक गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल 616 वर्ग सेमी हो तो उसकी त्रिज्या होगी :
(A) 7 सेमी
(B) 6 सेमी
(C) 4.5 सेमी
(D) 7.2 सेमी
हल
माना गोले की त्रिज्या r है।
गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल 616 वर्ग सेमी
4πr² = 616
⇒ r² = \(\frac{616}{4 \pi}=\frac{616 \times 7}{4 \times 22}\) = 7 × 7
⇒ r = \(\sqrt{7 \times 7}\)
∴ r = 7 सेमी।
अत: सही विकल्प (A) है

प्रश्न 16.
एक शंकु, अर्द्धगोला और बेलन एक ही आधार और समान ऊँचाई पर बने हैं। उनके आयतनों का अनुपात होगा :
(A) 2 : 1 : 3
(B) 1 : 2 : 3
(C) 3 : 1 : 2
(D) 1 : 3 : 2
हल :
माना शंकु, अर्द्ध त्रिज्या तथा बेलन की समान (एक ही आधार) r है गोला तथा ऊँचाई h है।
तब शंकु का आयतन V1 = \(\frac {1}{3}\)πr²h
अर्द्ध गोले का आयतन V2 = \(\frac {2}{3}\)πr3 = \(\frac {2}{3}\)πr²(h)
[∵ अर्द्ध-गोले में r = h]
= \(\frac {2}{3}\)πr²h
बेलन का आयतन V3 = πr²h
V1 : V2 : V3 = \(\frac {1}{3}\)πr²h : \(\frac {2}{3}\)πr²h : πr²h
= \(\frac {1}{3}\) : \(\frac {2}{3}\) : 1 = \(\frac {1}{3}\) × 3 : \(\frac {2}{3}\) × 3 : 1 × 3
V1 : V2 : V3 = 1 : 2 : 3
अतः सही विकल्प (B) हैं।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 17.
सीसे के एक घन की कोर 11 सेमी है। घन को पिघलाकर 1 सेमी व्यास की गोलियाँ बनाई जा सकती हैं:
(A) 2541
(B) 2154
(C) 5245
(D) 1245.
हल :
घन का आयतन = (कोर)3
= (11)3 = 1331 घन सेमी
1 सेमी व्यास की गोली की त्रिज्या = व्यास / 2
गोली की त्रिज्या = \(\frac {1}{2}\) = 0.5 सेमी
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 5

प्रश्न 18.
एक लोहे के पाइप की लम्बाई 20 सेमी तथा बाह्य व्यास 25 सेमी है। यदि पाइप की मोटाई 1 सेमी हो, तो पाइप का सम्पूर्ण पृष्ठ ज्ञात कीजिए।
हल :
माना पाइप की बाह्य और अन्तः त्रिज्याएँ क्रमशः व हैं।
बाह्य त्रिज्या (r1) = 12.5 सेमी
अन्तः त्रिज्या (r2) = (बाह्य त्रिज्या – मोटाई)
= (12.5 – 1) = 11.5 सेमी
पाइप की लम्बाई (h) = 20 सेमी
अतः पाइप का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल = 2π(r1 + r2) (h + r1 – r2)
= 2 × \(\frac {22}{7}\) × (12.5 + 11.5) × (20 + 12.5 – 11.5) वर्ग सेमी
= 2 × \(\frac {22}{7}\) × 24 × 21 वर्ग सेमी
= 3168 वर्ग सेमी।

प्रश्न 19.
एक बेलन की त्रिज्या और ऊँचाई का अनुपात 5 : 7 तथा इसका आयतन 550 घन सेमी है। बेलन का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए ।
हल :
बेलन की त्रिज्या ऊँचाई = 5 : 7
माना बेलन की त्रिज्या 5r तथा ऊँचाई 7r है।
बेलन का आयतन = 550 घन सेमी
⇒ πr²h = 550
⇒ \(\frac {22}{7}\) × (5r)2 × 7r = 550
⇒ 22 × 25r3 = 550
⇒ 550r3 = 550
⇒ r3 = 1
∴ r = 1 सेमी
बेलन की त्रिज्या (r) = 5 सेमी और ऊँचाई (h) = 7
∴ बेलन का सम्पूर्ण पृष्ठ = 2r (h+r) r
= 2 × \(\frac {22}{7}\) × (7 + 5) × 5
= 2 × \(\frac {22}{7}\) × 12 × 5
= \(\frac {2640}{7}\) वर्ग सेमी
= 377.14 वर्ग सेमी।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 20.
एक हॉल 15 मीटर लम्बा और 12 मीटर चौड़ा है। यदि हाल के फर्श तथा छत के क्षेत्रफलों का योग उसकी चारों दीवारों के क्षेत्रफलों के योग के बराबर हो तो उस हॉल का आयतन ज्ञात कीजिए।
हल :
हाल के फर्श की लम्बाई (l) = 15 मीटर
तथा चौड़ाई (h) = 12 मीटर
फर्श का क्षेत्रफल = l × b = 15 × 12 = 180 मीटर²
क्योंकि छत का क्षेत्रफल = फर्श का क्षेत्रफल
∴ हॉल के फर्श का क्षेत्रफल + छत का क्षेत्रफल
= 180 + 180 = 360 मीटर
माना हॉल की ऊँचाई = h मीटर
चारों दीवारों का क्षेत्रफल = 2 (l + b) h मी²
= 2 (15 + 12) × h
= 54 h मी²
मौ प्रश्नानुसार, फर्श और छत के क्षेत्रफलों का योग = चारों भुजाओं के क्षेत्रफलों का योग
⇒ 360 मी² = 54 h मी²
h = \(\frac {360}{54}\)
हाल का आयतन = lbh
= 15 × 12 × \(\frac {20}{3}\)मी3
= 1200 घन मीटर

प्रश्न 21.
यदि शंकु के आधार की त्रिज्या 21 सेमी तथा ऊंचाई 28 सेमी हो, तो शंकु का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल और आयतन ज्ञात कीजिए।
हल :
शंकु के आधार की त्रिज्या (r) = 21 सेमी
ऊँचाई (h) = 28 सेमी
माना शंकु की तिर्यक ऊँचाई l सेमी है, तब
l² = h² + r²
∴ l = \(\sqrt{h^2+r^2}\)
= \(\sqrt{(28)^2+(21)^2}\) सेमी
= \(\sqrt{784+441}\) सेमी
= \(\sqrt{1225}\) = 35 सेमी

(i) अत: शंकु का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल = π(l + r)r
= \(\frac {22}{7}\)(35 + 21) × 21 वर्ग सेमी
= \(\frac {22}{7}\) × 56 × 21 वर्ग सेमी ।
= 3696 वर्ग सेमी

(ii) शंकु का आयतन = \(\frac {1}{3}\)πr²h
= \(\frac {1}{3}\) × \(\frac {22}{7}\) × (21)² × 28 घन सेमी
= \(\frac {1}{3}\) × \(\frac {22}{7}\) × 21 × 21 × 28 घन सेमी
= 12936 घन सेमी।

प्रश्न 22.
एक टेन्ट शंकु के आकार का है, जिसके आधार की त्रिज्या 7 मीटर तथा ऊंचाई 5 मीटर है। टेन्ट में लगने वाले कपड़े का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल :
टेन्ट के आधार की त्रिज्या (r) = 7 मीटर
ऊँचाई (h) = 5 मीटर
∴ टेन्ट की तिर्यक ऊँचाई (l) = \(\sqrt{h^2+r^2}\)
l = \(\sqrt{(5)^2+(7)^2}\) मीटर
= \(\sqrt{25+49}\) = \(\sqrt{74}\) = 8.6 मीटर (लगभग).
अतः टेन्ट में लगने वाले कपड़े का क्षेत्रफल = πrl
= \(\frac {22}{7}\) × 7 × 8.6 वर्ग मीटर
= 189.2 वर्ग मीटर ।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 23.
एक धातु के गोले की त्रिज्या 14 सेमी है। इसका पृष्ठीय क्षेत्रफल और आयतन ज्ञात कीजिए ।
हल :
गोले की त्रिज्या (r) = 14 सेमी
अतः गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल = 4πr²
= 4 × \(\frac {22}{7}\) × 14 × 14
= 2464 वर्ग सेमी
∴ गोले का आयतन = \(\frac {4}{3}\)πr3
= \(\frac {4}{3}\) × \(\frac {22}{7}\) × 14 × 14 × 14
= 11498.67 घन सेमी

प्रश्न 24.
12 सेमी त्रिज्या वाला एक धातु का गोला पिघलाकर तीन छोटे गोले बनाए गए हैं। यदि उनमें से दो छोटे गोलों की त्रिज्याऐं 6 सेमी तथा 8 सेमी हों तो तीसरे गोले की त्रिज्या ज्ञात कीजिए।
हल :
बड़े गोले की त्रिज्या = 12 सेमी
∴ आयतन = \(\frac {4}{3}\)πr3 = \(\frac {4}{3}\) × π × 12 × 12 × 12
= 2304π घन सेमी
नवनिर्मित तीन गोलियों में से एक की त्रिज्या = 8 सेमी
आयतन = \(\frac {4}{3}\)π × 8 × 8 × 8
= \(\frac {2048}{3}\)π घन सेमी
नवनिर्मित दूसरी गोली की त्रिज्या = 6 सेमी
आयतन = \(\frac {4}{3}\)π × 6 × 6 × 6
= 288π घन सेमी
इन दोनों गोलियों के आयतनों का योग = \(\frac {2048}{3}\)π + 288π
= \(\frac{2048 \pi+864 \pi}{3}\)
= \(\frac {2912}{3}\)π घन सेमी
तीसरी गोली का आयतन = बड़ी गोली का आयतन – दो गोलियों के आयतन का योग
= 2304π – \(\frac {2912}{3}\)π घन सेमी
= \(\frac {4000}{3}\)π घन सेमी
माना इस गोली की त्रिज्या = R
तब \(\frac {4}{3}\)πR3 = \(\frac {4000}{3}\)π
R3 = \(\frac {4000}{4}\) = 1000
R = \(\sqrt{1000}\) = 10
अतः तीसरी गोली की त्रिज्या = 10 सेमी

प्रश्न 25.
त्रिज्या 21 सेमी वाले एक अर्द्ध-गोले के लिए, ज्ञात कीजिए :
(i) चक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल
(ii) कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल ।
हल :
(i) त्रिज्या = 21 सेमी
अर्द्ध-गोले का वक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल = 2πr²
= 2 × \(\frac {22}{7}\) × 21 × 21 सेमी²
= 2772 सेमी² ।

(ii) अर्द्ध-गोले का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल = 3πr²
= 3 × \(\frac {22}{7}\) × 21 × 21 सेमी²
= 4158 सेमी² ।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 26.
किसी गोले की त्रिज्या 10 सेमी है। यदि त्रिज्या को 5% बढ़ा दिया जाए तो आयतन में कितने प्रतिशत की वृद्धि होगी ?
हल :
गोले की त्रिज्या = 10 सेमी
त्रिज्या में 5% की वृद्धि होने पर नयी त्रिज्या
= \(\frac {105}{100}\) × 10 = 10.5 सेमी
जब त्रिज्या 10 सेमी तो आयतन = \(\frac {4}{3}\)π(10)3
= \(\frac {88000}{21}\)घन सेमी
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 6

प्रश्न 27.
24 सेमी ऊँचे और 7 सेमी आधार की त्रिज्या के बेलन में उसी ऊँचाई और उसी आधार त्रिज्या का एक शंक्वाकार छिद्र किया जाता है। बचे हुए बेलनाकार सम्पूर्ण पृष्ठ और आयतन ज्ञात कीजिए ।
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 7
हल :
ठोस बेलन का आयतन = πr²h
= π(7)² × 24 घन सेमी
= π × 49 × 24 घन सेमी
= 1176π घन सेमी
शंक्वाकार छिद्र का आयतन = \(\frac {1}{3}\)πr²h
= \(\frac {1}{3}\) × π(7)² × 24
= π × 49 × 8 घन सेमी
= 392 π घन सेमी

शेष बेलन का आयतन = (1176π – 392π)
= 784π घन सेमी
= 784 × \(\frac {22}{7}\)घन सेमी
= 112 × 22
= 2464 घन सेमी

ठोस बेलन का वक्रपृष्ठ = 2πrh
= 2 × \(\frac {22}{7}\) × 7 × 24 वर्ग सेमी
= 44 × 24 वर्ग सेमी
= 1056 वर्ग सेमी
शंक्वाकार छिद्र के कारण ठोस का वक्रपृष्ठ उतना ही बढ़ जाएगा जितना कि छिद्र का वक्र पृष्ठ है।
∴ शंक्वाकार छिद्र की तिरछी ऊँचाई
l = \(\sqrt{h^2+r^2}\)
= \(\sqrt{24^2+7^2}\)
= \(\sqrt{576+49}\)
= \(\sqrt{625}\)
l = 25 सेमी
शंक्वाकार छिंद्र का वक्र पृष्ठ = πrl
= \(\frac {22}{7}\) × 7 × 25
= 22 × 25 = 550 वर्ग सेमी

बेलन का सम्पूर्ण पृष्ठ = 1056 + 550 + πr²
= 1056 + 550 + \(\frac {22}{7}\) × 7 × 7 वर्ग सेमी
= 1056 + 550 + 154 वर्ग सेमी
= 1760 वर्ग सेमी
अतः बेलन का सम्पूर्ण पृष्ठ = 1760 वर्ग सेमी
आयतन = 2464 घन सेमी

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 28.
एक समद्विबाहू समकोण त्रिभुज में कर्ण 4 सेमी लम्बा है। यदि त्रिभुज के कर्ण को अक्ष मानकर उसके परितः घुमाया जाए, तो निर्मित आकृति का वक्र आयतन ज्ञात कीजिए।
हल :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 8
4 सेमी कर्ण वाले समद्विबाहु समकोण त्रिभुज ABC को कर्ण AC के परितः घुमाने से एक उभयनिष्ठ आधार वाला द्विशंकु बनेगा। प्रत्येक शंकु की ऊँचाई कर्ण की आधी \(\frac {4}{2}\) = 2
सेमी होगी। हम जानते हैं कि समकोण त्रिभुज में समकोण वाले शीर्ष को कर्ण के मध्य बिन्दु से मिलाने वाली रेखा की आधी होती है।
यह समकोण समद्विबाहु त्रिभुज है।
यह रेखा कर्ण पर भी होगी। यह रेखा ही शंकु की त्रिज्या है।
अतः त्रिज्या r = 2 सेमी
तिर्यक ऊँचाई l = \(\sqrt{2^2+2^2}\) = \(\sqrt{8}\)
= 2\(\sqrt{2}\) सेमी
वक्र पृष्ठ = 2 × एक शंकु का वक्रपृष्ठ
= 2 × πrl
= 2 × π × 2 × 2\(\sqrt{2}\)
= 8\(\sqrt{2}\)π वर्ग सेमी
ठोस का आयतन = 2 × एक शंकु का आयतन
= 2 × \(\frac {1}{3}\)πr²h
= 2 × \(\frac {1}{3}\) × π × 2 × 2\(\sqrt{2}\)
= \(\frac {16}{3}\)π घन सेमी

प्रश्न 29.
एक शंकु के आकार के बर्तन की त्रिज्या 10 सेमी और ऊंचाई 18 सेमी है, पानी से पूरा भरा हुआ है। इसे 5 सेमी त्रिज्या के एक बेलनाकार बर्तन में उड़ेला जाता है। बेलनाकार बर्तन में पानी की ऊंचाई ज्ञात कीजिए।
हल :
शंकु के आकार के बर्तन की त्रिज्या (r) = 10 सेमी
बर्तन की ऊँचाई (h) = 18 सेमी
शंकु के आकार के बर्तन का आयतन = \(\frac {1}{3}\) × πr²h
= \(\frac {1}{3}\) × π × (10)² × 18
= \(\frac {1}{3}\) × π × 100 × 18
= π × 100 × 6 = 600π घन सेमी
माना बेलनाकार बर्तन में पानी की ऊँचाई H सेमी है।
बेलनाकार बर्तन की त्रिज्या (R) = 5 सेमी
अब प्रश्नानुसार,
बेलनाकार बर्तन का आयतन = शंकु के आकार के बर्तन का आयतन
⇒ πR²H = 600π
⇒ π(5)² × H = 600π
⇒ 25π × H = 600π
∴ H = \(\frac {600π}{25π}\)
= 24 सेमी।
अतः बेलनाकार बर्तन में पानी की ऊँचाई 24 सेमी है।

प्रश्न 30.
एक गोले की त्रिज्या 4.2 सेमी है। गोले का वक्रपृष्ठ और आयतन ज्ञात कीजिए।
हल :
दिया है, गोले की त्रिज्या (r) = 4.2 सेमी
अतः गोले का वक्रपृष्ठ = 4πr² = 4 × \(\frac {22}{7}\) × (4.2)²
= 4 × \(\frac {22}{7}\) × 4.2 × 4.2 = 44 × 22 × 0.6 × 4.2
= 88 × 2.52 = 221.76 वर्ग सेमी।
और गोले का आयतन = \(\frac {4}{3}\)πr3
= \(\frac{4}{3} \times \frac{22}{7}\) × (4.2)3
= \(\ frac{4}{3} \times \frac{22}{7}\) × 4.2 × 4.2 × 4.2
= 4 × 22 × 1.4 × 0.6 × 4.2
= 88 × 0.84 × 4.2 = 88 × 3.528
= 310.464 = 310.46 घन सेमी
अतः गोले का वक्रपृष्ठ 221.76 वर्ग सेमी
और आयतन 310.46 घन सेमी है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 31.
एक अर्द्ध-गोले की त्रिज्या 3.5 सेमी है, तो इसका आयतन और सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल :
दिया है,
अर्द्ध-गोले की त्रिज्या (r) = 3.5 सेमी
अर्द्ध-गोले का आयतन = \(\frac {2}{3}\)πr3
= \(\frac{2}{3} \times \frac{22}{7}\) × (3.5)3
= \(\frac{2}{3} \times \frac{22}{7}\) × 3.5 × 3.5 × 3.5
= \(\frac {2}{3}\) × 22 × 0.5 × 12.25
= \(\frac {2}{3}\) × 11 × 12.25
= \(\frac {269.5}{3}\) = 89.83 घन सेमी
अर्द्ध-गोले का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल
= 3πr² = 3 × \(\frac {22}{7}\) × (3.5)²
= 3 × \(\frac {22}{7}\) × 3.5 × 3.5 = 3 × 22 × 0.5 × 3.5
= 3 × 11 × 3.5 = 115.5 वर्ग सेमी
अतः अर्द्ध-गोले का आयतन 89.83 घन सेमी
और सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल 115.5 वर्ग सेमी है।

प्रश्न 32.
एक रोलर की लम्बाई 2 मीटर और व्यास 1.4 मीटर है। ज्ञात कीजिए कि 5 चक्कर लगाने में रोलर कितना क्षेत्र समतल करेगा ?
हल :
रोलर की लम्बाई (h) = 2 मीटर
और रोलर का व्यास = 1.4 मीटर
अतः रोलर की त्रिज्या r = व्यास / 2 = \(\frac {1.4}{2}\) = 0.7 मीटर
1 चक्कर लगाने में तय क्षेत्रफल = वक्र पृष्ठीय का क्षेत्रफल
= 2πrh ⇒ 2 × \(\frac {22}{7}\) × 0.7 × 2
= 2 × 22 × \(\frac {1}{10}\) × 2 = \(\frac {88}{10}\) = 88 वर्ग मीटर
∴ 5 चक्कर में समतल किया क्षेत्र
= 8.8 × 5 = 44.0 वर्ग मीटर।

प्रश्न 33.
एक सन्दूक की माप 50 सेमी x 36 सेमी x 25 सेमी है। इस सन्दूक का कवर बनाने में कितने वर्ग सेमी कपड़े की आवश्यकता होगी?
हल :
सन्दूक की लम्बाई (l) = 50 सेमी
सन्दूक की चौड़ाई (b) = 36 सेमी
सन्दूक की ऊँचाई (h) = 25 सेमी
सन्दूक का कवर बनाने के लिए उसके सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल के बराबर कपड़े की आवश्यकता होगी।
सन्दूक का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल
= 2 (lb + bh + hl)
= 2 (50 × 36 + 36 × 25 + 25 × 50)
= 2 (1800 + 900 + 1250)
= 2 (3950) वर्ग सेमी
= 7900 वर्ग सेमी।
अतः सन्दूक के कवर के लिए आवश्यक कपड़ा 7900 वर्ग सेमी।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 34.
सीसे के एक गोले की त्रिज्या 5 सेमी है। इससे 5 मिमी त्रिज्या की कितनी गोलियाँ बनायी जा सकती हैं ?
हल :
सीसे के बड़े गोले की त्रिज्या (R) = 5 सेमी
इस गोले का आयतन (V) = \(\frac {4}{3}\)πR3 = \(\frac {4}{3}\)π(5)3
= \(\frac {4}{3}\) × π × 5 × 5 × 5 घन सेमी
इस सीसे से निर्मित प्रत्येक गोली की त्रिज्या (r) = 5 मिमी
= \(\frac {5}{10}\) सेमी = 0.5 सेमी
निर्मित प्रत्येक छोटी गोली का आयतन = \(\frac {4}{3}\)πr3
= \(\frac {4}{3}\) × π × (0.5)3
= \(\frac {4}{3}\) × π × 0.5 × 0.5 × 0.5 घन सेमी
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 9

प्रश्न 35.
एक घनाभ के तीन आसन्न फलकों का क्षेत्रफल क्रमश: xy और 2 हैं। सिद्ध कीजिए कि घनाभ का आयतन \(\sqrt{xyz}\) है।
हल :
माना घनाभ की लम्बाई, चौड़ाई और ऊँचाई क्रमशः
l, b और h है।
प्रश्नानुसार,
l × b = x …………..(i)
b × h =y …………..(ii)
और h × l = z …………..(iii)
समीकरण (i), (ii) और (iii) का गुणा करने पर,
l × b × b × h × h × l = x × y × z
⇒ l²b²h² = xyz
⇒ (lbh)² = xyz
⇒ lbh = \(\sqrt{xyz}\)
∴ घनाभ का आयतन = \(\sqrt{xyz}\) . इति सिद्धम्

प्रश्न 36.
एक शंकु, जिसकी ऊँचाई 24 सेमी और आधार की त्रिज्या 6 सेमी है, प्रतिमा बनाने वाली चिकनी मिट्टी से बनाया गया है। एक बच्चा उसको पुनः गोले का आकार देता है। गोले की त्रिज्या ज्ञात कीजिए ।
हल :
माना गोले की त्रिज्या R सेमी है।
शंकु की ऊँचाई (h) = 24 सेमी तथा शंकु के आधार की त्रिज्या (r) = 6 सेमी।
शंकु का आयतन = \(\frac {1}{3}\)πr²h = \(\frac {1}{3}\) × π × (6)² × 24
= π × 12 × 24 = 288π घन सेमी
निर्मित गोले का आयतन = शंकु का आयतन
⇒ \(\frac {4}{3}\)πR3 = 288π
⇒ \(\frac {4}{3}\) × R3 = 288
⇒ R3 = \(\frac{288 \times 3}{4}\) = 72 × 3 = 216
⇒ R3 = \(\sqrt[3]{216}\)सेमी
= \(\sqrt[3]{6 \times 6 \times 6}\) = 6
अतः गोले की त्रिज्या 6 सेमी है।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 37.
यदि एक गोले का आयतन 38808 घन सेमी है, तो गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल :
गोले का आयतन = 38808 घन सेमी
माना गोले की त्रिज्या = r
अतः गोले का आयतन
\(\frac {4}{3}\)πr3 = 38808
या r3 = \(\frac{38808 \times 3}{4 \pi}\)
= \(\frac{38808 \times 3 \times 7}{4 \times 22}\) = 9261 घन सेमी
= (21)3 घन सेमी
∴ r = 21 सेमी
अब गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल = 4πr²
= 4 × \(\frac {22}{7}\) × 21 × 21 वर्ग सेमी
= 5544 वर्ग सेमी।

प्रश्न 38.
2 सेमी त्रिज्या वाले एक बेलनाकार गिलास की ऊंचाई \(\frac {6}{π}\) सेमी है, तो उसमें कितना पानी आयेगा ?
हल :
बेलनाकार गिलास की त्रिज्या (r) = 2 सेमी
ऊँचाई (h) = \(\frac {6}{π}\)सेमी
गिलास में पानी का आयतन = बेलनाकार गिलास का आयतन
= πr²h
= π × (2)² × \(\frac {6}{π}\)
= π × 4 × \(\frac {6}{π}\)
= 24 घन सेमी.

प्रश्न 39.
50 सेमी × 36 सेमी माप की एक धातु की आयताकार चादर है। इसके प्रत्येक कोने से 8 सेमी भुजा का वर्ग काट कर निकाल दिया गया है। शेष चादर से खुला हुआ डिब्बा बनाया गया है। डिब्बे का आयतन ज्ञात कीजिए।
हल :
चादर की लम्बाई = 50 सेमी
तथा चौड़ाई = 36 सेमी
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 10
इस प्रकार चादर के प्रत्येक कोने से 8 सेमी भुजा के वर्ग काटे गये हैं तो
सन्दूक की लम्बाई (l) = 50 – 16 = 34 सेमी
सन्दूक की चौड़ाई (b) = 36 – 16 = 20 सेमी.
सन्दूक की ऊँचाई (h) = काटे गये वर्ग की भुजा
= 8 सेमी
∴ सन्दूक का आयतन ल. × चौ. × ऊ.
= 34 × 20 × 8
= 3.4 × 160
∴ आयतन = 5440 घन सेमी।

JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन

प्रश्न 40.
12 सेमी व्यास का एक गोलाकार भाग जल से अंशत: भरा हुआ है। यदि उसमें 6 सेमी व्यास का एक गोला पूर्णतः डुबो दिया जाता है। ज्ञात कीजिए कि बेलनाकार बर्तन में जल की सतह कितनी ऊंचाई तक उठ जायेगी।
हल :
JAC Class 9 Maths Important Questions Chapter 13 पृष्ठीय क्षेत्रफल एवं आयतन - 11
गोले का व्यास 6 सेमी
∴ गोले की त्रिज्या (r) = 3 सेमी
गोले का आयतन = \(\frac {4}{3}\)3
= \(\frac {4}{3}\) × π × 3 × 3 × 3
= 36π3
∴ गोले का आयतन = 36π घन सेमी
गोला डूबने पर अपने आयतन के बराबर पानी हटायेगा।
∴ हटे पानी का आयतन = 36π सेमी3
हटा पानी एक छोटा बेलनाकार भाग होगा, जैसा कि चित्र में दिखाया गया है।
बेलन की त्रिज्या (R) = \(\frac {12}{2}\) = 6
अतः R = 6 सेमी
माना हटाए गए पानी की ऊँचाई = h सेमी
अतः हटे पानी का आयतन = πR²h
अथवा πR²h = 36π
π(6)² × h = 36n
36h = 36
∴ h = \(\frac {36}{36}\) = 1 सेमी
अतः बडी ऊँचाई h = 1 सेमी. ।

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2

Jharkhand Board JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2 Textbook Exercise Questions and Answers.

JAC Board Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Exercise 15.2

प्रश्न 1.
दो ग्राहक श्याम और एकता एक विशेष दुकान पर एक ही सप्ताह में जा रहे हैं (मंगलवार से शनिवार तक) । प्रत्येक द्वारा दुकान पर किसी दिन या किसी अन्य दिन जाने के परिणाम समप्रायिक हैं। इसकी क्या प्रायिकता है कि दोनों उस दुकान पर
(i) एक ही दिन जाएँगे ?
(ii) क्रमागत दिनों में जाएँगे?
(iii) भिन्न-भिन्न दिनों में जाएँगे ?
हल :
दो ग्राहक श्याम और एकता एक विशेष दुकान पर एक ही सप्ताह में (मंगलवार से शनिवार तक) जा रहे हैं। प्रत्येक ग्राहक द्वारा दुकान पर किसी दिन या किसी अन्य दिन जाने के परिणाम समप्रायिक हैं। सम्भव परिणाम निम्न होंगे-
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2 - 1
(i) यदि दोनों ग्राहकों को एक ही दिन जाने के अनुकूल परिणाम (T, T); (W, W), (Th, Th), (F, F); (S, S)
दोनों ग्राहकों के एक ही दिन जाने के अनुकूल परिणामों की संख्या = 5
अतः दोनों ग्राहकों को दुकान पर एक ही दिन जाने की प्रायिकता = \(\frac{5}{25}=\frac{1}{5}\)
P(A) = \(\frac {1}{5}\)

(ii) ग्राहकों के क्रमागत दिनों में
अनुकूल परिणाम
(श्याम, एकता) = (T, W), (W, Th), (Th, F), (F, S)
या (एकता, श्याम) = (W, T), (Th, W), (F, Th), (S, F)
अतः कुल अनुकूल परिणामों की संख्या = 8
अतः दोनों ग्राहकों के क्रमागत दिनों में जाने की प्रायिकता = \(\frac {8}{25}\)

(iii) दोनों ग्राहकों को दुकान पर एक ही दिन न जाने की प्रायिकता P(A) = 1 – P(A) = 1 – \(\frac{1}{5}=\frac{4}{5}\)

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2

प्रश्न 2.
एक पासे के फलकों पर संख्याएँ 1, 2, 2, 3, 3 और 6 लिखी हुई हैं। इसे दो बार फेंका जाता है तथा दोनों बार प्राप्त हुई संख्याओं के योग लिख लिए जाते हैं। दोनों बार फेंकने के बाद, प्राप्त योग के कुछ सम्भावित मान निम्नलिखित सारणी में दिए हैं। इस सारणी को पूरा कीजिए।
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2 - 2
इसकी क्या प्रायिकता है कि कुल योग (i) एक सम संख्या होगा ?, (ii) 6 है ?, (iii) कम से कम 6 है ? सारणी की पूर्ति
हल:
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2 - 3
(i) कुल योग सम संख्या होने के अनुकूल परिणाम = (2, 4, 4, 4, 4, 4, 4, 4, 4, 6, 6, 6, 6, 8, 8, 8, 8, 12)
कुल योग सम संख्या होने के अनुकूल परिणामों की संख्या = 18
अतः योग सम हीने की प्रायिकता = \(\frac{18}{36}=\frac{1}{2}\)

(ii) कुल योग 6 होने के अनुकूल परिणामों की संख्या = 4
अतः योग 6 होने की प्रायिकता = \(\frac{4}{36}=\frac{1}{9}\)

(iii) कुल योग कम से कम 6 होने के अनुकूल परिणाम = 7, 8, 8, 6, 6, 9, 6, 6, 9, 7, 8, 8, 9, 9, और 12 कुल योग कम से कम 6 होने के अनुकूल परिणामों की संख्या = 15
योग कम से कम 6 होने की प्रायिकंता = \(\frac{15}{36}=\frac{5}{12}\)

प्रश्न 3.
एक थैले में 5 लाल गेंद और कुछ नीली गेंदें हैं। यदि इस थैले में से नीली गेंद निकालने की प्रायिकता लाल गेंद निकालने की प्रायिकता की दुगनी है, तो थैले में नीली गेंदों की संख्या ज्ञात कीजिए।
हल :
माना थैले में नीली गेंदों की संख्या x है।
∴ कुल गेंदों की संख्या = 5 लाल + x नीली
= (5 + x)
थैले में से यादृच्छया 1 गेंद निकालने पर,
कुल सम्भव परिणामों की संख्या = (5 + x)
लाल गेंद निकलने के अनुकूल परिणामों की संख्या = 5
∴ लाल गेंद निकलने की प्रायिकता = \(\frac{5}{5+x}\)
नीली गेंद निकलने की प्रायिकता = \(\frac{x}{5+x}\)
नीली गेंद निकलने की प्रायिकता, लाल गेंद निकलने की प्रायिकता की दुगुनी है।
∴ \(\frac{x}{5+x}\) = 2 × \(\frac{5}{5+x}\)
⇒ \(\frac{x}{5+x}\) = \(\frac{10}{5+x}\)
∴ x = 10
अतः थैले में नीली गेंदों की संख्या = 10

JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2

प्रश्न 4.
एक पेटी में 12 गेंदें हैं, जिनमें सेx गेंदें काली हैं। यदि इनमें से एक गेंद यादृच्छया निकाली जाती है, तो इसकी प्रायिकता ज्ञात कीजिए कि यह गेंद काली है।
यदि इस पेटी में 6 काली गेंदें और डाल दी जाएँ, तो काली गेंद निकालने की प्रायिकता पहली प्रायिकता की दुगनी हो जाती है। x का मान ज्ञात कीजिए।
हल :
पेटी में गेंदों की कुल संख्या = 12
काली गेंदों की संख्या = x
यदि पेटी में से एक गेंद यादृच्छया निकाली जाती है तो गेंद निकालने के कुल सम्भव परिणामों की संख्या = 12
निकाली गई गेंद काली होने के अनुकूल परिणामों की संख्या = x
अतः निकाली गई गेंद काली होने की प्रायिकता = \(\frac {x}{12}\)
यदि पेटी में 6 काली गेंदें और मिला दी जाएँ तो काली गेंद निकलने के अनुकूल परिणामों की संख्या = x + 6
कुल सम्भव परिणामों की संख्या 12 + 6 = 18
अतः अब काली गेंद निकलने की प्रायिकता = \(\frac{x+6}{18}\)
वर्तमान प्रायिकता = 2 × पहले की प्रायिकता
JAC Class 10 Maths Solutions Chapter 15 प्रायिकता Ex 15.2 - 4

प्रश्न 5.
एक जार में 24 कंचे हैं जिनमें कुछ हरे हैं और शेष नीले हैं। यदि इस जार में से यादृच्छया एक कंचा निकाला जाता है तो इस कंचे के हरा होने की प्रायिकता \(\frac {2}{3}\) है। जार में नीले कंचों की संख्या ज्ञात कीजिए।
हल :
जार में कुल कंचों की संख्या 24 है।
कुल सम्भव परिणामों की संख्या = 24
माना जार में हरे कंचों की संख्या x है।
∴ घटना के अनुकूल परिणामों की संख्या = x
जब जार में से 1 कचा यादृच्छया निकाला जाता है तो
कंचे के हरे होने की प्रायिकता = \(\frac {x}{24}\)
दिया है, कंचे के हरे होने की प्रायिकता = \(\frac {2}{3}\)
∴ \(\frac{x}{24}=\frac{2}{3}\)
⇒ 3x = 2 × 24
⇒ x = \(\frac {48}{3}\)
∴ x = 16
जार में हरे कंचों की संख्या = 16
तथा जार में नीले कंचों की संख्या = 24 – 16 = 8
अतः जार में नीले कंचों की संख्या = 8

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

Jharkhand Board JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु Textbook Exercise Questions and Answers.

JAC Board Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

Jharkhand Board Class 10 Science धातु एवं अधातु Textbook Questions and Answers

प्रश्न 1.
निम्न में कौन-सा युगल विस्थापन अभिक्रिया प्रदर्शित करता है-
(a) NaCl विलयन एवं कॉपर धातु
(b) MgCl2 विलयन एवं ऐलुमिनियम धातु
(c) FeSO4 विलयन एवं सिल्वर धातु
(d) AgNO3 विलयन एवं कॉपर धातु
उत्तर:
(d) AgNO3 विलयन एवं कॉपर धातु।

प्रश्न 2.
लोहे के फ्राइंग पैन (frying pan) को जंग से बचाने के लिए निम्न में से कौन-सी विधि उपयुक्त है?
(a) ग्रीज लगाकर
(b) पेंट लगाकर
(c) जिंक की परत चढ़ाकर
(d) ये सभी
उत्तर:
(c) जिंक की परत चढ़ाकर।

प्रश्न 3.
कोई धातु ऑक्सीजन के साथ अभिक्रिया कर उच्च गलनांक वाला यौगिक निर्मित करती है यह यौगिक जल में विलेय है। यह तत्त्व क्या हो सकता है?
(a) कैल्सियम
(b) कार्बन
(c) सिलिकन
(d) लोहा
उत्तर:
(a) कैल्सियम

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

प्रश्न 4.
खाद्य पदार्थ के डिब्बों पर जिंक की बजाय टिन की परत होती है क्योंकि-
(a) टिन की अपेक्षा जिंक मँहगा है।
(b) टिन की अपेक्षा जिंक का गलनांक अधिक है
(c) टिन की अपेक्षा जिंक अधिक अभिक्रियाशील है
(d) टिन की अपेक्षा जिंक कम अभिक्रियाशील है
उत्तर:
(c) टिन की अपेक्षा जिंक अधिक अभि-क्रियाशील है।

प्रश्न 5.
आपको एक हथौड़ा, बैटरी, बल्ब, तार एवं स्विच दिया गया है-
(a) इनका उपयोग कर धातुओं एवं अधातुओं के नमूनों को कैसे अलग कर सकते हैं?
(b) धातुओं एवं अधातुओं में विभेदन के लिए इन परीक्षणों की उपयोगिताओं का आकलन कीजिए।
उत्तर:
(a) नीचे दिए गए चित्र के अनुरूप हम एक परिपथ बनाएँगे।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 1
यदि नमूने को विद्युत परिपथ में लगाने पर स्विच ऑन करने पर बल्ब जलता है, तो दिया गया नमूना एक धातु है।

(b) यह विधि धातु एवं अधातु की जाँच के लिए बहुत ही उपयोगी है, किन्तु ग्रेफाइट एक अपवाद है क्योंकि यह अधातु होते हुए भी विद्युत का चालक है।

प्रश्न 6.
उभयधर्मी ऑक्साइड क्या होते हैं? दो उभयधर्मी ऑक्साइडों का उदाहरण दीजिए।
उत्तर:
वे ऑक्साइड जो अम्ल तथा क्षार दोनों से अभिक्रिया कर लवण प्रदान करते हैं, उभयधर्मी ऑक्साइड कहलाते हैं। उदाहरण के लिए ऐलुमिनियम ऑक्साइड निम्नलिखित तरीके से अम्लों तथा क्षारों के साथ अभिक्रिया करता है
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 2
जिंक ऑक्साइड एक अन्य उभयधर्मी ऑक्साइड है।

प्रश्न 7.
दो धातुओं के नाम बताइए जो तनु अम्ल से हाइड्रोजन को विस्थापित कर देंगे तथा दो धातुएँ जो ऐसा नहीं कर सकती हैं।
उत्तर:
हाइड्रोजन को विस्थापित करने वाली धातुएँ – मैग्नीशियम, जिंक हाइड्रोजन को विस्थापित नहीं कर सकने वाली धातुएँ – कॉपर, सोना।

प्रश्न 8.
किसी धातु M के विद्युत अपघटनी परिष्करण में आप ऐनोड, कैथोड एवं विद्युत अपघट्य किसे बनाएँगे?
उत्तर:
इस प्रक्रिया में अशुद्ध धातु को ऐनोड बनाया जाता है तथा शुद्ध धातु की एक पतली पट्टी को कैथोड बनाया जाता है। धात्विक लवण का उपयोग विद्युत अपघट्य के रूप में किया जाता है। उपकरणों को दिए गए चित्र के अनुसार व्यवस्थित किया जाता है। विद्युत अपघट्य से विद्युत प्रवाहित करने पर ऐनोड पर स्थित शुद्ध
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 3
ताँबे का विद्युत अपघटनी परिष्करण अम्लीकृत कॉपर सल्फेट का विलयन विद्युत अपघट्य है। अशुद्ध ताँबा ऐनोड है जबकि शुद्ध ताँबे की पट्टी कैथोड का कार्य करती है। विद्युत धारा प्रवाहित करने पर शुद्ध ताँबा कैथोड पर निक्षेपित हो जाता है।

धातु विद्युत अपघट्य में घुल जाता है। शुद्ध धातु की इतनी ही मात्रा कैथोड पर जमा हो जाती है। विलयशील अशुद्धियाँ विलयन में पहुँच जाती हैं जबकि अविलयशील अशुद्धियाँ ऐनोड के नीचे जम जाती हैं, जिन्हें ऐनोड पंक कहा जाता है।

प्रश्न 9.
प्रत्यूष ने सल्फर चूर्ण को स्पैचुला में लेकर उसे गर्म किया। चित्र के अनुसार एक परखनली को उल्टा करके उसने उत्सर्जित गैस को एकत्र किया।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 4
(a) गैस की क्रिया क्या होगी
(i) सूखे लिटमस पत्र पर?
(ii) आर्द्र लिटमस पत्र पर?

(b) ऊपर की अभिक्रियाओं के लिए संतुलित रासायनिक अभिक्रिया लिखिए।
उत्तर:
(a) (i) सूखे लिटमस पत्र पर कोई क्रिया नहीं होती।
(ii) यह गैस आर्द्र नीले लिटमस पत्र को लाल कर देती है।

(b) S + O2 → SO2

प्रश्न 10.
लोहे को जंग से बचाने के लिए दो तरीके बताइए।
उत्तर:

  1. यशदलेपन – इस प्रक्रिया में लोहे की वस्तुओं के ऊपर जिंक की एक परत चढ़ाई जाती है।
  2. पेंटिंग – इस प्रक्रिया में लोहे की वस्तुओं पर पेंट किया जाता है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

प्रश्न 11.
ऑक्सीजन के साथ संयुक्त होकर अधातुएँ कैसा ऑक्साइड बनाती हैं?
उत्तर:
क्षारीय तथा उभयधर्मी ऑक्साइड।

प्रश्न 12.
कारण बताइए-
(a) प्लैटिनम, सोना एवं चाँदी का उपयोग आभूषण बनाने के लिए किया जाता है।
(b) सोडियम, पोटैशियम एवं लीथियम को तेल के अंदर संगृहीत किया जाता है।
(c) ऐलुमिनियम अत्यधिक अभिक्रियाशील धातु है। फिर भी इसका उपयोग खाना बनाने वाले बर्तन बनाने के लिए किया जाता है।
(d) निष्कर्षण प्रक्रम में कार्बोनेट एवं सल्फाइड अयस्क को ऑक्साइड में परिवर्तित किया जाता है।
उत्तर:
(a) प्लैटिनम, सोना एवं चाँदी बहुत कम अभिक्रियाशील हैं तथा संक्षारित भी नहीं होते। उनकी चमक भी तेज होती है। इन्हीं कारणों से इनका उपयोग आभूषण बनाने के लिए किया जाता है।

(b) सोडियम एवं पोटैशियम जैसी धातुएँ इतनी अभिक्रियाशील हैं कि खुले में रखने पर तत्काल आग पकड़ लेती हैं। अर्थात् उन्हें बचाने तथा आग लगने से रोकने के लिए उन्हें किरोसीन तेल के अंदर संगृहीत किया जाता है।

(c) ऐलुमिनियम संक्षारित नहीं होता, साथ ही यह ऊष्मा का सुचालक है।

(d) किसी धातु को उसके सल्फाइड और कार्बोनेट की अपेक्षा उसके ऑक्साइड से प्राप्त करना अधिक आसान है। इसलिए अपचयन से पहले धातु सल्फाइड एवं कार्बोनेट को धातु ऑक्साइड में बदल लेना चाहिए।

प्रश्न 13.
आपने ताँबे के मलीन बर्तन को नींबू या इमली के रस से साफ करते अवश्य देखा होगा। यह खट्टे पदार्थ बर्तन को साफ करने में क्यों प्रभावी हैं?
उत्तर:
ताँबे के ऊपर आर्द्र वायु तथा CO2 के कारण कॉपर कार्बोनेट की एक हरी-सी परत बन जाती है, जो क्षारकीय प्रकृति की होती है। इसलिए जब इसे नींबू या इमली के रस से साफ करते हैं, तो इसमें मौजूद अम्ल क्षारक को उदासीन कर देता है और बर्तन साफ हो जाता है।
कॉपर कार्बोनेट + साइट्रिक अम्ल → कॉपर साइट्रेट + CO2 + H2O

प्रश्न 14.
रासायनिक गुणधर्मों के आधार पर धातुओं एवं अधातुओं में विभेद कीजिए।
उत्तर:
धातुओं एवं अधातुओं में निम्न प्रकार से विभेद किया जा सकता है-

धातुअधातु
1. धातुएँ क्षारकीय ऑक्साइड बनाती हैं।1. अधातुएँ अम्लीय या उदासीन ऑक्साइड बनाती हैं।
2. धातुएँ तनु HCl या तनु H2SO4 से अभिक्रिया कर H2 गैस मुक्त करती हैं, क्योंकि हाइड्रोजन को विस्थापित कर देती हैं।2. अधातुएँ तनु HCl या तनु H2SO4 से अभिक्रिया नहीं करती हैं क्योंक हाइड्रोजन को विस्थापित नहीं करती हैं।
3. धातुएँ अपचायक होती हैं।3. अधातुएँ उपचायक होती हैं।
4. धातुएँ इलेक्ट्रॉन त्यागकर धनात्मक आयन बनाती हैं।4. अधातुएँ इलेक्ट्रॉन ग्रहण कर ऋणात्मक आयन बनाती है।
5. धातुएँ जल (या भाप) से हाइड्रोजन को विस्थापित कर देती हैं।5. अधातुएँ जल से या भाप से अभिक्रिया नहीं करती हैं। अतः हाइड्रोजन को जल से विस्थापित नहीं करती हैं।
6. सभी धातुएँ H2 से संयोग कर हाइड्राइड नहीं बनाती हैं (केवल Na, K, Ca जैसे क्रियाशील तत्त्व बनाती हैं)।6. सभी अधातुएँ H2 से संयोग कर हाइड्राइड बनाती हैं।

प्रश्न 15.
एक व्यक्ति प्रत्येक घर में सुनार बनकर जाता है। उसने पुराने एवं मलीन सोने के आभूषणों में पहले जैसी चमक पैदा करने का ढोंग रचाया। कोई संदेह किये बिना ही एक महिला अपने सोने के कंगन उसे देती है जिसे वह एक विशेष विलयन में डाल देता है। कंगन नए की तरह चमकने लगते हैं लेकिन उनका वजन अत्यन्त कम हो जाता है। वह महिला बहुत दुखी होती है तथा तर्क-वितर्क के पश्चात् उस व्यक्ति को झुकना पड़ता है। एक जासूस की तरह क्या आप उस विलयन की प्रकृति के बारे में बता सकते हैं?
उत्तर:
उस सुनार द्वारा ऐक्वारेजिया विलयन का उपयोग किया गया।

प्रश्न 16.
गर्म जल का टैंक बनाने में ताँबे का उपयोग होता है परंतु इस्पात (लोहे की मिश्रधातु) का नहीं। इसका कारण बताइए।
उत्तर:
गर्म लोहा उबलते पानी से उत्पन्न भाप के साथ अभिक्रिया करता है, किंतु ताँबा जल के साथ अभिक्रिया नहीं करता है।

Jharkhand Board Class 10 Science धातु एवं अधातु InText Questions and Answers

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या-45)

प्रश्न 1.
ऐसी धातु का उदाहरण दीजिए जो-
(i) कमरे के ताप पर द्रव होती है।
(ii) चाकू से आसानी से काटा जा सकता है।
(iii) ऊष्मा की सबसे अच्छी चालक होती है।
(iv) ऊष्मा की कुचालक होती है।
उत्तर:
(i) मर्करी (Hg)।
(ii) सोडियम (Na) लीथियम (Li) और पोटैशियम (K)।
(iii) सिल्वर (Ag) तथा कॉपर (Cu)।
(iv) लेड (Pb) तथा मर्करी (Hg )।

प्रश्न 2.
आघातवर्ध्य तथा तन्य का अर्थ बताइए।
उत्तर:
कुछ धातुओं को पीटकर पतली चादर बनाया जा सकता है। इस गुणधर्म को आघातवर्ध्यता कहते हैं। सोना तथा चाँदी सबसे अधिक आघातवर्ध्य धातुएँ हैं। धातु के पतले तार के रूप में खींचने की क्षमता को तन्यता कहा जाता है। सोना सबसे अधिक तन्य धातु है।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 51)

प्रश्न 1.
सोडियम को किरोसीन तेल में डुबो कर क्यों रखा जाता है?
उत्तर:
सोडियम सामान्य ताप पर भी नमी तथा ऑक्सीजन के साथ तेजी से अभिक्रिया करती है। किन्तु यह किरोसीन के साथ न तो कोई अभिक्रिया करती है और न ही इसमें घुलती है। अतः सोडियम को किरोसीन तेल में डुबो कर रखा जाता है।

प्रश्न 2.
इन अभिक्रियाओं के लिए समीकरण लिखिए:
(i) भाप के साथ आयरन।
(ii) जल के साथ कैल्सियम तथा पोटैशियम।
उत्तर:
(i) 2Fe + 3H2O → Fe2O3 + 3H2

(ii) Ca + 2H2O → Ca(OH)2 + H2
2K + 2H2O → 2KOH + H2 + ऊष्मा

प्रश्न 3.
A, B, C एवं D चार धातुओं के नमूनों को लेकर एक-एक करके निम्न विलयन में डाला गया। इससे प्राप्त परिणाम को निम्न प्रकार से सारणीबद्ध किया गया है:

धातुआयरन (II) सल्फेटकॉपर (II) सल्फेटजिंक सल्फेटसिल्वर नाइट्रेट
Aकोई अभिक्रिया नहींविस्थापन
Bविस्थापनकोई अभिक्रिया नहीं
Cकोई अभिक्रिया नहींकोई अभिक्रिया नहींकोई अभिक्रिया नहींविस्थापन
Dकोई अभिक्रिया नहींकोई अभिक्रिया नहींकोई अभिक्रिया नहींकोई अभिक्रिया नहीं

इस सारणी का उपयोग कर धातु A, B, C एवं D के सम्बन्ध में निम्न प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
(i) सबसे अधिक अभिक्रियाशील धातु कौन-सी है?
(ii) धातु B को कॉपर (II) सल्फेट के विलयन में डाला जाए तो क्या होगा?
(iii) धातु A, B, C एवं D को अभिक्रियाशीलता के घटते हुए क्रम में व्यवस्थित कीजिए।
उत्तर:
(i) धातु B सर्वाधिक अभिक्रियाशील धातु है।
(ii) विस्थापन अभिक्रिया घटित होगी।
(iii) धातु B > धातु A धातु C धातु D

प्रश्न 4.
अभिक्रियाशील धातु को तनु हाइड्रोक्लोरिक अम्ल में डाला जाता है तो कौन-सी गैस निकलती है? आयरन के साथ तनु H2SO4 की रासायनिक अभिक्रिया लिखिए।
उत्तर:
धातु के लवण के साथ हाइड्रोजन गैस निकलती है।
Fe + H2SO4 → FeSO4 + H2

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

प्रश्न 5.
जिंक को आयरन (II) सल्फेट के विलयन में डालने से क्या होता है? इसकी रासायनिक अभिक्रिया लिखिए।
उत्तर:
जिंक आयरन (II) सल्फेट विलयन से आयरन को विस्थापित कर देता है।
Zn + FeSO4 → ZnSO4 + Fe

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 54)

प्रश्न 1.
(i) सोडियम, ऑक्सीजन एवं मैग्नीशियम के लिए इलेक्ट्रॉन-बिंदु संरचना लिखिए।
(ii) इलेक्ट्रॉन के स्थानांतरण के द्वारा Na20 एवं MgO का निर्माण दर्शाइए।
(iii) इन यौगिकों में कौन-से आयन उपस्थित हैं?
उत्तर:
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 5
(iii) Na2O यौगिक में उपस्थित आयन-धन आयन (Na+) तथा ऋण आयन (O2-)।
MgO में उपस्थित आयन-धन आयन (Mg2+) तथा ऋण आयन (O2-)।

प्रश्न 2.
आयनिक यौगिकों का गलनांक उच्च क्यों होता है?
उत्तर:
आयनिक यौगिक ठोस एवं कठोर होते हैं। ऐसा आयनों के बीच मजबूत अन्तर- आयनिक आकर्षण बल के कारण होता है। इस आकर्षण बल को कम करने के लिए अत्यधिक मात्रा में ऊर्जा की आवश्यकता होती है। यही कारण है कि आयनिक यौगिकों का गलनांक उच्च होता है।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 59)

प्रश्न 1.
निम्न पदों की परिभाषा दीजिए- (1) खनिज, (2) अयस्क, (3) गैंग.
उत्तर:

  1. खनिज – वे तत्त्व या यौगिक जो भू-पर्पटी में प्राकृतिक रूप से पाए जाते हैं, उन्हें खनिज कहते हैं।
  2. अयस्क-कुछ स्थानों पर खनिजों में कई विशेष धातुएँ अत्यधिक मात्रा में होती हैं जिन्हें आसानी से निकाला जा सकता है। इन खनिजों को अयस्क कहते हैं।
  3. गैंग – पृथ्वी से प्राप्त खनिज अयस्कों में मिट्टी, रेत, आदि जैसी कई अशुद्धियाँ होती हैं जिन्हें गैंग कहा जाता है।

प्रश्न 2.
दो धातुओं के नाम बताइए जो प्रकृति में मुक्त अवस्था में पाई जाती हैं।
उत्तर:
सोना एवं प्लैटिनम।

प्रश्न 3.
धातु को उसके ऑक्साइड से प्राप्त करने के लिए किस रासायनिक प्रक्रिया का उपयोग किया जाता है?
उत्तर:
कार्बन द्वारा अपचयन की प्रक्रिया।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 61)

प्रश्न 1.
जिंक, मैग्नीशियम एवं कॉपर के धात्विक ऑक्साइडों को निम्न धातुओं के साथ गर्म किया गया-

धातुजिंकमैग्नीशियमकॉपर
जिंक ऑक्साइड
मैग्नीशियम ऑक्साइड
कॉपर ऑक्साइड

किस स्थिति में विस्थापन अभिक्रिया घटित होगी?
उत्तर:
(i) जब जिंक ऑक्साइड को मैग्नीशियम के साथ गर्म किया जाता है तो जिंक ऑक्साइड मैग्नीशियम के साथ द्विविस्थापन अभिक्रिया करके निम्न प्रकार से उत्पाद बनाएगा-
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 6

(ii) और (iii) जब मैग्नीशियम ऑक्साइड और कॉपर ऑक्साइड को जिंक के साथ गर्म किया जाता है तो कोई भी अभिक्रिया उत्पन्न नहीं होती है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 7

प्रश्न 2.
कौन सी धातु आसानी से संक्षारित नहीं होती है?
उत्तर:
सोना, चाँदी और कॉपर आदि धातुएँ आसानी से संक्षारित नहीं होतीं।

प्रश्न 3.
मिश्रधातु क्या होते हैं?
उत्तर:
दो या दो से अधिक धातुओं के समांगी मिश्रण को मिश्रधातु कहते हैं। इसे तैयार करने के लिए पहले मूल धातु को गलित किया है और फिर दूसरे तत्त्वों को एक निश्चित अनुपात में इसमें विलीन किया जाता है। फिर इसे कमरे के तापमान पर ठंडा किया जाता है।

क्रिया-कलाप – 3.1

प्रश्न 1.
आयरन, कॉपर, ऐलुमिनियम और मैग्नीशियम के नमूने लीजिए। प्रत्येक नमूना कैसा दिखाई देता है उस पर ध्यान दीजिए।
उत्तर:
आयरन, कॉपर, ऐलुमिनियम और मैग्नीशियम के नमूने हल्के चमकदार दिखाई देते हैं।

प्रश्न 2.
रेगमाल से रगड़कर प्रत्येक नमूने की सतह को साफ करके उसके स्वरूप पर फिर से ध्यान दीजिए।
उत्तर:
रेगमाल से रगड़ने पर प्रत्येक नमूने की सतह को साफ करने पर इन नमूनों की चमक बढ़ जाती है। धातु के इस गुणधर्म को धात्विक चमक कहते हैं।

क्रिया-कलाप – 3.2

प्रश्न 1.
आयरन, कॉपर, ऐलुमिनियम तथा मैग्नीशियम धातुओं को तेज धार वाले चाकू से काटने का प्रयास करें तथा अपने प्रेक्षणों को दर्ज करें।
उत्तर:
ये धातुएँ काटने में बहुत कठोर हैं।

प्रश्न 2.
सोडियम को चाकू से काटिए। आपने क्या देखा?
उत्तर:
सोडियम को चाकू की सहायता से आसानी से काटा जा सकता है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

क्रिया-कलाप – 3.3

  • आयरन, जिंक, लेड तथा कॉपर के टुकड़े लीजिए।
  • किसी एक धातु को लोहे के ब्लॉक (खंड) पर रखकर चार-पाँच बार हथौड़े से प्रहार कीजिए। आपने क्या देखा?
  • अन्य धातुओं के साथ भी यही क्रिया कीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
इन धातुओं के आकार में हुए परिवर्तन को लिखिए।
उत्तर:
ये धातुएँ पीटने पर पतली चादर में बदल जाती हैं।

क्रिया-कलाप – 3.4
(i) अधातुओं की सूची बनाइए जिसके तार आप अपने दैनिक जीवन में देखते हैं।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
इनमें कौन-सी धातुएँ तार के रूप में भी उपलब्ध हैं?
उत्तर:
आयरन, कॉपर, ऐलुमिनियम तार के रूप में भी उपलब्ध हैं।

क्रिया-कलाप – 3.5

  • ऐलुमिनियम या कॉपर का तार लीजिए। क्लैंप की मदद से इस तार को स्टैंड से कंस दीजिए जैसा चित्र में दिखाया गया है।
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 8
  • तार के खुले सिर पर मोम का उपयोग कर एक पिन चिपका दीजिए।
  • स्पिरिट लैंप, मोमबत्ती या बर्नर से क्लैंप के निकट तार को गर्म कीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
थोड़ी देर बाद आप क्या देखते हैं?
उत्तर:
मोम पिघल जाता है तथा सारे पिन नीचे गिर जाती हैं।

प्रश्न 2.
क्या धातु का तार द्रवित होता है?
उत्तर:
धातु का तार द्रवित नहीं होता है।

क्रिया-कलाप – 3.6

  • चित्र की तरह एक विद्युत सर्किट (परिपथ) तैयार कीजिए।
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 9
  • जिस धातु की जाँच करनी है उसे परिपथ में टर्मिनल (A) तथा टर्मिनल (B) के बीच उसी प्रकार रखिए जैसा चित्र में दिखाया गया है।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
क्या बल्ब जलता है? इससे क्या पता चलता है?
उत्तर:
हाँ, बल्ब जलता है। इससे यह पता चलता है कि धातुएँ विद्युत की सुचालक होती हैं।

क्रिया-कलाप – 3.7

  • कार्बन (कोल या ग्रेफाइट), सल्फर तथा आयोडीन के नमूने एकत्र कीजिए।
  • इन अधातुओं से 3.1 से 3.6 तक के क्रिया-कलापों को दोहराइए तथा अपने प्रेक्षणों को लिखिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
धातुओं एवं अधातुओं से सम्बन्धित अपने प्रेक्षणों को सारणी 3.1 में संकलित कीजिए।
उत्तर:
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 10

क्रिया-कलाप – 3.8

  • मैग्नीशियम की एक पट्टी तथा थोड़ा सल्फर चूर्ण लीजिए।
  • मैग्नीशियम की पट्टी का दहन कीजिए। उसकी राख को इकट्ठा करके उसे पानी में घोल दीजिए।
  • लाल तथा नीले लिटमस पेपर से प्राप्त विलयन की जाँच कीजिए।
  • अब सल्फर के चूर्ण का दहन कीजिए। दहन से उत्पन्न धुएँ को एकत्र करने के लिए उसके ऊपर एक परखनली रख दीजिए।
  • इस परखनली में जल डालकर उसे अच्छी तरह मिला दीजिए।
  • नीले तथा लाल लिटमस पेपर से इस विलयन की जाँच कीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
मैग्नीशियम के दहन से जो उत्पाद मिला है वह अम्लीय है या क्षारकीय?
उत्तर:
क्षारकीय।

प्रश्न 2.
सल्फर के दहन से उत्पन्न पदार्थ अम्लीय है या क्षारकीय।
उत्तर:
सल्फर के दहन से उत्पन्न पदार्थ अम्लीय है।

प्रश्न 3.
क्या आप इन अभिक्रियाओं के समीकरण लिख सकते हैं?
उत्तर:

  1. 2Mg + O2 → 2MgO
  2. S + O2 → SO2
  3. MgO + H2O → 1 Mg (OH) 2
  4. SO2 + H2O → H2SO3 सल्फ्यूरस अम्ल (एक अम्ल)

क्रिया-कलाप – 3.9

  • एकत्र की गई किसी धातु को चिमटे से पकड़कर ज्वाला पर उसका दहन कीजिए।
  • अन्य धातुओं के साथ भी यही क्रिया दोहराइए।
  • इससे उत्पन्न पदार्थ को एकत्र कीजिए।
  • उत्पाद तथा धातु की सतह को ठंडा होने दीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
किस धातु का दहन आसानी से होता है?
उत्तर:
सोडियम (Na) तथा मैग्नीशियम (Mg) का।

प्रश्न 2.
जब धातु का दहन हो रहा था, तो ज्वाला का रंग क्या था?
उत्तर:
Mg के दहन पर चमकदार श्वेत (सफेद) ज्वाला तथा Na के दहन पर पीले रंग की ज्वाला निकल रही थी।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

प्रश्न 3.
दहन के पश्चात् धातु की सतह कैसी प्रतीत होती है?
उत्तर:
चाँदी की तरह श्वेत।

प्रश्न 4.
धातुओं को ऑक्सीजन के साथ अभि-क्रियाशीलता के आधार पर घटते क्रम में व्यवस्थित कीजिए।
उत्तर:
Na > Mg > Al > Zn > Fe > Pb > Cu.

प्रश्न 5.
क्या इनके उत्पाद जल में घुलनशील हैं?
उत्तर:
Mg, Al, Cu Fe Pb और Zn के उत्पाद घुलनशील नहीं हैं जबकि सोडियम के उत्पाद घुलनशील हैं।

क्रिया-कलाप – 3.10

  • क्रिया-कलाप 3.9 की तरह समान धातुओं के नमूने एकत्र दीजिए।
  • ठंडे जल से आधे भरे बीकर में नमूने के छोटे टुकड़ों को अलग-अलग डालिए।
  • जो धातुएँ ठंडे जल के साथ अभिक्रिया नहीं करती हैं उन्हें ऐसे बीकरों में डालिए जो गर्म जल से आधे भरे हुए हों।
  • जो धातुएँ गर्म जल के साथ अभिक्रिया नहीं करती उसके लिए चित्र की तरह उपकरण व्यवस्थित कीजिए तथा भाप के साथ उसकी अभिक्रिया को प्रेक्षित कीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
कौन-सी धातु ठंडे जल से अभिक्रिया करती है? ठंडे पानी के साथ अभिक्रियाशीलता के आधार पर उन्हें आरोही क्रम में व्यवस्थित कीजिए।
उत्तर:
सोडियम, पोटैशियम तथा कैल्सियम जल के साथ अभिक्रिया करते हैं। उनकी अभिक्रियाशीलता का आरोही क्रम निम्न है-
कैल्सियम < पोटैशियम < सोडियम

प्रश्न 2.
क्या कोई धातु जल में आग उत्पन्न करती है?
उत्तर:
हाँ, सोडियम एवं पोटैशियम।

प्रश्न 3.
क्या कोई धातु थोड़ी देर बाद जल में तैरने लगती है?
उत्तर:
हाँ, कैल्सियम तथा मैग्नीशियम।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 11

प्रश्न 4.
कौन-सी धातुएँ भाप के साथ भी अभिक्रिया नहीं करती हैं?
उत्तर:
सीसा, कॉपर, चाँदी तथा सोना।

प्रश्न 5.
जल के साथ अभिक्रियाशीलता के आधार पर धातुओं को अवरोही क्रम में व्यवस्थित कीजिए।
उत्तर:
सोडियम > पोटैशियम > कैल्सियम > मैग्नीशियम > ऐलुमिनियम लोहा सीसा > कॉपर > चाँदी > पारा।

क्रिया-कलाप – 3.11

  • सोडियम तथा पोटैशियम के अतिरिक्त बाकी सभी धातुओं के नमूने एकत्र कीजिए। यदि नमूने मलीन हैं तो रेगमाल से रगड़कर उन्हें साफ कर लीजिए।
  • सावधानी – सोडियम तथा पोटैशियम को नहीं लीजिए क्योंकि वे ठंडे जल के साथ भी तेजी से अभिक्रिया करते हैं।
  • नमूनों को अलग-अलग तनु हाइड्रोक्लोरिक अम्ल युक्त परखनलियों में डालिए।
  • थर्मामीटर को परखनलियों में इस प्रकार लटका दें कि उसका बल्ब अम्ल में डूब जाए।
  • बुलबुले बनने की दर का सावधानीपूर्वक प्रेक्षण कीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
कौन-सी धातुएँ तनु हाइड्रोक्लोरिक अम्ल के साथ तेजी से अभिक्रिया करती हैं?
उत्तर:
मैग्नीशियम।

प्रश्न 2.
आपने किस धातु के साथ सबसे अधिक ताप रिकॉर्ड किया?
उत्तर:
मैग्नीशियम।

प्रश्न 3.
तनु अम्ल के साथ अभिक्रियाशीलता के आधार पर धातुओं को अवरोही क्रम में व्यवस्थित कीजिए।
उत्तर:
Mg > Al > Zn > Fe.

क्रिया-कलाप – 3.12

  • कॉपर का एक स्वच्छ तार एवं आयरन की एक कील लीजिए।
  • कॉपर के तार को परखनली में रखे आयरन सल्फेट के विलयन तथा आयरन की कील को दूसरी परखनली में रखे कॉपर सल्फेट के विलयन में डाल दीजिए।
  • 20 मिनट के बाद अपने प्रेक्षणों को रिकॉर्ड कीजिए।
  • आपको किस परखनली में कोई अभिक्रिया हुई है, इसका पता चलता है?
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 12

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
किस परखनली में कोई अभिक्रिया हुई है?
उत्तर:
उस परखनली में जिसमें लोहे की कील को CuSO4 विलयन में डुबोया गया है।

प्रश्न 2.
किस आधार पर आप कह सकते हैं कि वास्तव में कोई अभिक्रिया हुई है?
उत्तर:
विलयन के रंग में परिवर्तन तथा कॉपर के जमा होने के आधारों पर हम कह सकते हैं कि कोई अभिक्रिया हुई है।

प्रश्न 3.
क्या आप अपने प्रेक्षणों को क्रिया-कलाप 3.9, 3.10 तथा 8.11 से कोई सम्बन्ध स्थापित कर सकते हैं?
उत्तर:
हाँ, लोहा, कॉपर से अधिक अभिक्रियाशील है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु

प्रश्न 4.
इस अभिक्रिया के लिए संतुलित रासायनिक समीकरण लिखिए।
उत्तर:
Fe + CuSO4 → FeSO4 + Cu.

प्रश्न 5.
यह किस प्रकार की अभिक्रिया है?
उत्तर:
यह विस्थापन अभिक्रिया है।

क्रिया-कलाप – 3.13

  • विज्ञान की प्रयोगशाला से सोडियम क्लोराइड, पोटैशियम आयोडाइड, बेरियम क्लोराइड या किसी अन्य लवण का नमूना लीजिए।
  • धातु के स्पैचुला पर छोटी मात्रा में नमूने को लीजिए तथा इसे ज्वाला पर गर्म कीजिए। अन्य नमूनों के साथ भी यही क्रिया दोहराइए।
  • आप क्या देखते हैं? क्या ये नमूने ज्वाला को रंग प्रदान करते हैं? क्या यौगिक पिघलते हैं?
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 13
  • नमूने को जल, पेट्रोल एवं किरोसिन में घोलने का प्रयास कीजिए। क्या ये घुलनशील हैं?

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
इन लवणों की भौतिक अवस्था क्या है?
उत्तर:
इन लवणों की भौतिक अवस्था ठोस है।

प्रश्न 2.
चित्र की तरह एक परिपथ बनाइए और किसी एक लवण के विलयन में इलैक्ट्रोड डाल दीजिए। आप क्या देखते हैं? इसी प्रकार अन्य लवण नमूनों की भी जाँच कीजिए।
उत्तर:
बल्ब जलने लगता है। इससे यह प्रदर्शित होता है कि लवण का विलयन विद्युत का सुचालक है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 14

प्रश्न 3.
इन यौगिकों की प्रकृति के सम्बन्ध में आप क्या निष्कर्ष निकालते हैं?
उत्तर:

  1. आयनिक यौगिक ठोस एवं कठोर होते हैं।
  2. आयनिक यौगिकों के द्रवणांक एवं क्वथनांक उच्च होते हैं।
  3. ये जल में विलयशील हैं किन्तु किरोसीन एवं पेट्रोल जैसे कार्बनिक विलायकों में अविलयशील हैं।
  4. ठोस अवस्था में आयनिक यौगिक विद्युत के सुचालक नहीं होते क्योंकि दृढ़ संरचना के कारण आयन गति नहीं कर पाते किंतु पिघली अवस्था में आयनिक यौगिक विद्युत के सुचालक होते हैं।

क्रिया-कलाप – 3.14
(i) तीन परखनली लीजिए एवं प्रत्येक में स्वच्छ लोहे की कीलें डाल दीजिए।

(ii) इन परखनलियों को A, B तथा C नाम दीजिए। परखनली A में थोड़ा जल डालकर एवं कॉर्क से बंद कर दीजिए।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 3 धातु एवं अधातु 15
परखनली A में वायु एवं जल दोनों उपस्थित हैं। परखनली B में जल में विलीन वायु नहीं है। परखनली C में शुष्क वायु है।

(iii) परखनली B में उबलता हुआ आसवित जल डालकर उसमें 1 mL तेल मिलाइए एवं कॉर्क से बंद कर दीजिए। तेल जल पर तैरने लगेगा एवं वायु को जल में विलीन होने से रोक देगा।

(iv) परखनली C में थोड़ा निर्जल कैल्सियम क्लोराइड डालकर उसे कॉर्क से बंद कर दीजिए। निर्जल कैल्सियम क्लोराइड वायु की नमी को सोख लेगा। इन परखनलियों को कुछ दिन छोड़ने के बाद उनका प्रेक्षण कीजिए।
उत्तर:
छात्र स्वयं करें।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

Jharkhand Board JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक Textbook Exercise Questions and Answers.

JAC Board Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

Jharkhand Board Class 10 Science कार्बन एवं इसके यौगिक Textbook Questions and Answers

प्रश्न 1.
एथेन का आण्विक सूत्र – C2H6 है। इसमें – (a) 6 सहसंयोजक आबंध हैं, (b) 7 सहसंयोजक आबंध हैं, (c) 8 सहसंयोजक आबंध हैं, (d) 9 सहसंयोजक आबंध हैं।
उत्तर:
(b) 7 सहसंयोजक आबंध हैं।

प्रश्न 2.
ब्यूटेनॉन चर्तु कार्बन यौगिक है जिसका प्रकार्यात्मक समूह – (a) कार्बोक्सिलिक अम्ल, (b) ऐल्डिहाइड, (c) कीटोन, (d) ऐल्कोहॉल
उत्तर:
(c) कीटोन।

प्रश्न 3.
खाना बनाते समय यदि बर्तन की तली बाहर से काली हो रही है तो इसका मतलब है कि-
(a) भोजन पूरी तरह नहीं पका है।
(b) ईंधन पूरी तरह से नहीं जल रहा है।
(c) ईंधन आर्द्र है।
(d) ईंधन पूरी तरह से जल रहा है।
उत्तर:
(b) ईंधन पूरी तरह से नहीं जल रहा है।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

प्रश्न 4.
CH3Cl में आबंध निर्माण का उपयोग कर सहसंयोजक आबंध की प्रकृति समझाइए।
उत्तर:
CH3Cl में तीन एकल बंध कार्बन व हाइड्रोजन परमाणुओं के बीच जुड़े होते हैं और एक एकल बंध कार्बन व क्लोरीन के बीच होता है।

अत: कार्बन का अष्टक पूर्ण हो जाता है तथा प्रत्येक हाइड्रोजन के बाहरी कक्ष में भी 2 इलेक्ट्रॉन हो जाते हैं और Cl का भी अष्टक पूर्ण हो जाता है इसलिए इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी द्वारा सहसंयोजक आबंध बनता है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 1

प्रश्न 5.
इलेक्ट्रॉन बिन्दु संरचना बनाइए-
(a) एथेनॉइक अम्ल
(b) H2S
(c) प्रोपेनोन
(d) F2
उत्तर:
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 2

प्रश्न 6.
समजातीय श्रेणी क्या है? उदाहरण के साथ समझाइए।
उत्तर:
कार्बनिक यौगिकों का वह समूह जिनका सामान्य सूत्र एवं क्रियात्मक समूह एक जैसा होता है उसे समजात श्रेणी कहते हैं तथा उसके सदस्यों को समजात गण कहते हैं।
जैसे-

  • मेथेनाल – CH3OH
  • एथनॉल – CH3CH2OH
  • प्रोपेनाल – CH3CH2CH2OH

समजातीय श्रेणी के सदस्यों के निम्नलिखित लक्षण हैं-

  • सभी सदस्यों को एक सामान्य सूत्र द्वारा प्रदर्शित कर सकते हैं।
  • सभी सदस्यों का एक ही क्रियात्मक समूह होता है।
  • प्रत्येक क्रमागत सदस्य के अणुसूत्र में – CH2 का अंतर होता है।
  • प्रत्येक क्रमागत सदस्य के अणुभार में 14 U का अंतर होता है।
  • किसी एक सदस्य का गुणधर्म के आधार पर सभी सदस्यों का सामान्य गुणधर्म ज्ञात कर सकते हैं।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

प्रश्न 7.
भौतिक एवं रासायनिक गुणधर्मों के आधार पर एथनॉल एवं एथेनॉइक अम्ल में कैसे अन्तर करेंगे?
उत्तर:
(i) भौतिक गुण के आधार पर अन्तर-

एथनॉलएथेनॉइक अम्ल
1. इसकी विशिष्ट अभिलाक्षंतिक गंध होती है।1. इसकी सिरके जैसी गंध होती है।
2. इसका क्वथनांक 351 K होता है।2. इसका क्वथनांक 391 K होता है।
3. इसका गलनांक 156 K होता है।3. इसका गलनांक 290 K होता है।

(ii) रास।यनिक गुण के आधार पर अन्तर-

एथनॉलएथेनॉइक अम्ल
1. यह उद, गसीन पदार्थ है।1. यह अम्लीय पदार्थ है।
2. एथनॉरन Na2CO3 से अभित्रक्रिया नहीं करता है।2. यह Na2CO3 से क्रिया करके सोडियम लवण एवं CO2 गैस बनाता है।
3. क्षारीय KMnO4 की उपस्थिथि में एथेनॉइक अम्ल बनाता है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 3
इस क्रक्रिया में KMnO4 का बैंगनी रंग उड़ जाता है।
3. यह क्षारीय KMnO2 से अभिक्रिया नहीं करता है। अतः KMnO4 का रंग भी नहीं उड़ता है।

प्रश्न 8.
जब साबुन को जल में डाला जाता है तो मिसेल का निर्माण क्यों होता है? क्या एथनॉल जैसे दूसरे विनायकों में भी मिसेल का निर्माण होगा?
उत्तर:
साबुन के अणु के दो मुख्य भाग होते हैं- एक जल रागी और दूसरा जलविरागी भाग । कार्बन श्रृंखला वाला भाग जलविरागी होता है और आयनिक भाग जिसमें सोडियम या पोटैशियम परमाणु होता है वह जलरागी होता है। यह जब पानी जैसे ध्रुवीय विलायक में डाले जाते हैं तब अपने आवेशित भाग के कारण जलरागी भाग बाहर (जल की ओर) होता है। इस प्रकार मिसेल बनते हैं। एथनॉल एक अध्रुवीय विलायक है। अतः इसमें जलरागी भाग के लिए आकर्षण भी नहीं होता है। अतः एथनॉल में साबुन घोलने पर मिसेल नहीं बनेंगे।

प्रश्न 9.
कार्बन एवं उसके यौगिकों का उपयोग अधिकतर अनुप्रयोगों में ईंधन के रूप में क्यों किया जाता है?
उत्तर:
कार्बन और इसके यौगिक दहन के परिणामस्वरूप अधिक मात्रा में ऊष्मा देते हैं। कार्बन और हाइड्रोजन की प्रतिशत मात्रा अधिक होने के कारण इनका सामान्य ज्वलन ताप होता है। इनका रखरखाव आसान होता है तथा दहन नियन्त्रित किया जा सकता है। इसलिए कार्बन और उसके यौगिकों का उपयोग ईंधन के रूप में होता है।

प्रश्न 10.
कठोर जल को साबुन से उपचारित करने पर झाग के निर्माण को समझाइए।
उत्तर:
कठोर जल कैल्सियम और मैग्नीशियम के घुलनशील लवण होते हैं जब साबुन से ये लवण क्रिया करते हैं तब अघुलनशील लवण बनाते हैं जिसे स्कम या झाग कहते हैं।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 4

प्रश्न 11.
यदि आप लिटमस पत्र (नाल एवं नीला) से साबुन की जाँच करें तो आपका प्रेक्षण क्या होगा?
उत्तर:
साबुन की प्रकृति क्षारीय होती है। अतः यह लाल लिटमस को नीला कर देता है।

प्रश्न 12.
हाइड्रोजनीकरण क्या है? इसका औद्योगिक उपयोग क्या है?
उत्तर:
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन श्रृंखला में हाइड्रोजन के योग को हाइड्रोजनीकरण कहते हैं। यह क्रिया उत्प्रेरक की उपस्थिति में कराई जाती है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 5

प्रश्न 13.
दिए गए हाइड्रोकार्बन C2H6, C3H6, C2H2 एवं CH4 में किसमें संकलन अभिक्रिया होती है?
उत्तर:
C2H2 और C3H6 में योग अभिक्रिया होगी क्योंकि उपर्युक्त दोनों यौगिक असंतृप्त हाइड्रोकार्बन हैं। इनमें द्वि या त्रि-बन्ध उपस्थित हैं।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 6

प्रश्न 14.
मक्खन एवं खाना बनाने वाले तेल के बीच रासायनिक अन्तर समझने के लिए एक परीक्षण बताइए।
उत्तर:
मक्खन संतृप्त हाइड्रोकार्बन है जबकि खाद्य तेल असंतृप्त हाइड्रोकार्बन है। इस अंतर को निम्न प्रकार से प्रदर्शित किया जा सकता है-

  • थोड़े से मक्खन को गर्म करके उसमें कुछ बूँदें ब्रोमीन जल डालते हैं। ब्रोमीन जल का रंग नहीं उड़ता। इससे यह पता चलता है कि मक्खन संतृप्त कार्बनिक यौगिक है।
  • खाद्य तेल में कुछ बूँदें ब्रोमीन जल की डालकर हिलाते हैं। कुछ समय बाद ब्रोमीन जल का रंग उड़ जाता है। इससे यह पता चलता है कि खाद्य तेल असंतृप्त कार्बनिक यौगिक हैं।

प्रश्न 15.
साबुन की सफाई प्रक्रिया की क्रियाविधि समझाइए।
उत्तर:
बहुत से मैल तैलीय होते हैं और तेल पानी में अघुनशील है। साबुन के सोडियम तथा पोटैशियम लवण के होते हैं जो लंबी श्रृंखला वाले कार्बोक्सिलिक अम्ल से बनते हैं साबुन का आयनिक भाग जल में घुल है जबकि कार्बन श्रृंखला तेल में घुल जाती है। इस प्रकार साबुन के अणु मिसेली संरचना तैयार करते हैं जहाँ पर अणु का एक सिरा तेल कण की जाता ओर तथा आयनिक सिरा बाहर की ओर होता है। इससे पानी में इमल्शन बनता है। इस प्रकार साबुन का मिसेल मैल को पानी में घुलाने में मदद करता है और हमारे कपड़े साफ हो जाते हैं।

Jharkhand Board Class 10 Science कार्बन एवं इसके यौगिक InText Questions and Answers

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या-68)

प्रश्न 1.
CO2 सूत्र वाले कार्बन डाइऑक्साइड की इलेक्ट्रॉन बिन्दु संरचना क्या होगी?
उत्तर:
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 7

प्रश्न 2.
सल्फर के आठ परमाणुओं से बने सल्फर के अणु की इलेक्ट्रॉन बिन्दु संरचना क्या होगी?
संकेत:
सल्फर के आठ परमाणु एक अँगूठी के रूप में आपस में जुड़े होते हैं।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 8

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 76)

प्रश्न 1.
पेन्टेन के लिए आप कितने संरचनात्मक समावयवी का चित्रण कर सकते हैं।
उत्तर:
पेन्टेन के लिए तीन संरचनात्मक समावयवी का चित्रण किया जा सकता है-
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 9

प्रश्न 2.
कार्बन के दो गुणधर्म कौन-से हैं जिनके कारण हमारे चारों ओर कार्बन यौगिकों की विशाल संख्या दिखाई देती है?
उत्तर:
कार्बन यौगिकों की बहुतायत के निम्नलिखित दो कारण हैं-

  • कार्बन परमाणु शृंखलन (Catenation).
  • कार्बन परमाणु की चतुः संयोजकता।

शृंखलन कार्बन परमाणुओं का विशेष गुण होता है जिसके कारण कार्बन परमाणु सीधी, शाखित या चक्रीय श्रृंखलाएँ बना लेते हैं। चतु: संयोजकता परमाणुओं के कारण कार्बन अपने ही के साथ एकल, द्वि या त्रिक सहसंयोजक आबंध बनाते हैं।

उपर्युक्त कारणों से कार्बन बहुत अधिक संख्या में बनाता है। अतः हमारे चारों ओर कार्बनिक यौगिकों की विशाल संख्या दिखाई देती है।

प्रश्न 3.
साइक्लोपेन्टेन का सूत्र तथा इलेक्ट्रॉन बिन्दु संरचना क्या होंगे?
उत्तर:
साइक्लोपेन्टेन का सूत्र C5H10 होता है। C5H10 की इलेक्ट्रॉन बिन्दु संरचना निम्न प्रकार से है-
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 10

प्रश्न 4.
निम्न यौगिकों की संरचनाएँ चित्रित कीजिए-
(i) एथेनॉइक अम्ल
(ii) ब्रोमोपेन्टेन
(iii) ब्यूटेनोन
(iv) हेक्सेनैल
क्या ब्रोमोपेन्टेन के संरचनात्मक समावयव संभव हैं?
उत्तर:
(i) एथेनॉइक अम्ल (Ethanoic acid) CH3COOH
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 11
हाँ, ब्रोमोपेन्टेन के संरचनात्मक समावयव संभव हैं जो इस प्रकार हैं-
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 12

प्रश्न 5.
निम्न यौगिकों का नामकरण कैसे करेंगे?
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 13
उत्तर:
(i) ब्रोमो एथेन
(ii) मेथैनल (Methanal)
(iii) 1 हेक्साइन या हेक्साइन

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 79)

प्रश्न 1.
एथनॉल से एथेनॉइक अम्ल में परिवर्तन को ऑक्सीकरण अभिक्रिया क्यों कहते हैं?
उत्तर:
एथेनॉइक अम्ल में एथनॉल की अपेक्षा एक ऑक्सीजन परमाणु अधिक कमी दो हाइड्रोजन परमाणु कम होते हैं। ऑक्सीजन की वृद्धि और हाइड्रोजन की वाली रासायनिक अभिक्रियाएँ ऑक्सीकरण अभिक्रिया कहलाती हैं।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

प्रश्न 2.
ऑक्सीजन और एथाइन के मिश्रण का दहन वेल्डिंग के लिए किया जाता है। क्या आप बता सकते हैं कि एथाइन तथा वायु के मिश्रण का उपयोग क्यों नहीं किया जाता?
उत्तर:
वायु में नाइट्रोजन और अन्य निष्क्रिय गैसें होती हैं जो एथाइन के दहन हेतु ऑक्सीजन की प्रचुर आपूर्ति को बाधित करती हैं। इसलिए एथाइन के दहन के लिए वायु का उपयोग नहीं कर सकते हैं।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 83)

प्रश्न 1.
प्रयोग द्वारा आप ऐल्कोहॉल एवं कार्बोक्सिलिक अम्ल में कैसे अन्तर कर सकते हैं?
उत्तर:

प्रयोगऐल्कोहॉलकार्बोक्सिलिक अम्ल
1. लिटमस विलयन का उपयोग करकेलिटमस विलयन के रंग में कोई परिवर्तन नहीं होता है।नीला लिटमस विलयन लाल रंग में बद्ल जाता है।
2. सोडियम बाइकार्बोनेट के द्वारातेजी से कोई बुदबुदाहट नहीं होती है।तेजी से बुदबुदाहट होती है और साथ में कार्बन डाइऑक्साइड निकलती है।
3. सोडियम धातु का प्रयोग करकेबुदबुदाहट के साथ हाइड्रोजन गैस निकलती है।हाइड्रोजन गैस निकलती है लेकिन शीघ्रता से नहीं निकलती।

प्रश्न 2.
ऑक्सीकारक क्या हैं?
उत्तर:
ऐसे तत्त्व एवं यौगिक जो अभिक्रिया के दौरान ऑक्सीजन देते हैं या जो इलेक्ट्रॉन को स्वीकार करते हैं, ऑक्सीकारक कहलाते हैं।

पाठगत प्रश्न (पृष्ठ संख्या – 85)

प्रश्न 1.
क्या आप डिटरजेंट का उपयोग कर बता सकते हैं कि कोई जल कठोर है अथवा नहीं?
उत्तर:
नहीं, क्योंकि अपमार्जक (डिटरजेंट) कठोर और मृदु दोनों प्रकार के जल के साथ अधिक मात्रा में झाग उत्पन्न करते हैं।

प्रश्न 2.
लोग विभिन्न प्रकार से कपड़े धोते हैं। सामान्यतः साबुन लगाने के बाद लोग कपड़े को पत्थर पर पटकते हैं, डंडे से पीटते हैं, ब्रुश से रगड़ते हैं या वाशिंग मशीन में कपड़े रगड़े जाते हैं। कपड़ा साफ करने के लिए उसे रगड़ने की क्यों आवश्यकता होती है?
उत्तर:
साबुन से कपड़े धोकर साफ करने के लिए रगड़ना या पीटना आवश्यक है क्योंकि जल में उपस्थित मैग्नीशियम और कैल्सियम के लवणों के साथ साबुन क्रिया करके अघुलनशील श्वेत दही जैसा पदार्थ बनाता है। यह पदार्थ कपड़ों पर चिपक जाता है। उसे हटाने के लिए ब्रश या हाथ से रगड़कर कपड़े को धोना आवश्यक है।

क्रिया-कलाप – 4.1

प्रश्न 1.
(i) सुबह से आपने जिन वस्तुओं का उपयोग अथवा उपभोग किया हो, उनमें से दस वस्तुओं की सूची बनाइए।
(ii) इस सूची को अपने सहपाठियों द्वारा बनाई सूची के साथ मिलाइए तथा सभी वस्तुओं को निम्नलिखित सारणी में वर्गीकृत कीजिए।
(iii) एक से अधिक सामग्रियों से बनी वस्तुओं को उपयुक्त स्तम्भों में रखिए।
उत्तर:
उपयोग तथा उपभोग की दस वस्तुओं की सूची निम्न सारणी में प्रस्तुत है।

धातु से बनी वस्तुएँकाँच/मिट्टी से बनी वस्तुएँअन्य वस्तुएँ
1. साइकिलसुराहीभोजन
2. कारकुल्हड़स्याही
3. बर्तनग्लासकागज
4. ग्लासप्लेटपानी
5. प्लेटपोलिश
6. चम्मचसाबुन
7. चाकूतेल
8. लंच बॉक्सक्रीम
9. पंखेदुध
10. कूलरचीनी

क्रिया-कलाप – 4.2

प्रश्न 1.
सूत्रों तथा आणविक द्रव्यमानों में अन्तर की गणना कीजिए-
(a) CH3OH तथा C2H5OH
(b) C2H5OH तथा C3H7 OH एवं
(c) C3H7 OH तथा C4H9OH
उत्तर:

अणुसूत्रअणुभारअणुभार में अन्तरअणुसूत्र में अन्तर
(a) CH3OH
C2H5OH
32 U
46 U
14 UCH2
(b) C2H5OH
C3H7 OH
46 U
60 U
14 UCH2
(c) C3H5OH
C4H9OH
60 U
94 U
14 UCH2

प्रश्न 2.
क्या इन तीनों में कोई समानता है?
उत्तर:
हाँ। सभी का प्रकार्यात्मक समूह (Functional group) ऐल्कोहॉलिक (OH) है।

प्रश्न 3.
एक परिवार तैयार करने के लिए इन ऐल्कोहॉलों को कार्बन परमाणुओं के बढ़ते हुए क्रम में व्यवस्थित कीजिए। क्या इनको एक समजातीय श्रेणी का परिवार कहा जा सकता है?
उत्तर:
CH3OH, C2H5OH, C3H7OH, C4H9OH हाँ, ये एल्केन ऐल्कोहॉल के समजातीय श्रेणी हैं।

प्रश्न 4.
सारणी 4.3 में दिए गए अन्य प्रकार्यात्मक समूहों के लिए चार कार्बनों तक के यौगिकों वाली समजातीय श्रेणी तैयार कीजिए।
उत्तर:
समजातीय श्रेणी (Homologous Series):
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 14

क्रिया-कलाप – 4.3

सावधानी – इस क्रिया-कलाप के लिए शिक्षक का पर्यवेक्षण अनिवार्य है।
(i) एक स्पैचुला में एक-एक करके कुछ कार्बन यौगिकों (नैफ्थलीन, कैम्फर, ऐल्कोहॉल) को लेकर जलाइए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
ज्वाला की प्रकृति का प्रेक्षण कीजिए तथा लिखिए कि धुआँ हुआ या नहीं।
उत्तर:
वायु की प्रचुर उपस्थिति में संतृप्त हाइड्रोकार्बन नीली धुआँ रहित लौ के साथ जलते हैं। असंतृप्त हाइड्रोकार्बन वायु में पीली लौ की ज्वाला एवं अधिक धुएँ के साथ जलती हैं।

प्रश्न 2.
ज्वाला के ऊपर धातु की एक तश्तरी रखिए। इनमें से किसी भी यौगिक के कारण क्या तश्तरी पर कोई निक्षेपण हुआ?
उत्तर:
नैफ्थलीन और कैम्फर को जलाने पर तश्तरी पर निक्षेपण हुआ।

क्रिया-कलाप – 4.4
(i) एक बुन्सेन बर्नर जलाइए तथा विभिन्न प्रकार की ज्वालाओं / धुएँ की उपस्थिति को प्राप्त करने के लिए उसके आधार पर वायु छिद्र को व्यवस्थित कीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
पीली, कज्जली ज्वाला कब प्राप्त हुई?
उत्तर:
वायु की नियन्त्रित आपूर्ति से अपूर्ण दहन होता है जिसके कारण पीली चमकदार ज्वाला प्राप्त होती है।

प्रश्न 2.
नीली ज्वाला कब प्राप्त हुई?
उत्तर:
जब ऑक्सीजन की समुचित मात्रा उपलब्ध कराई जाती है तो पूर्ण दहन होता है तथा नीली ज्वाला प्राप्त होती है।

क्रिया-कलाप – 4.5

  • एक परखनली में लगभग 3 mL एथेनॉल लीजिए तथा इसे जल ऊष्मक में सावधानी से गर्म कीजिए।
  • इस विलयन में क्षारीय पोटैशियम परमैंगनेट का 5% एक-एक बूँद करके डालिए

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
डालने पर आरंभ में क्या पोटैशियम परमँगनेट का रंग बना रहता है?
उत्तर:
नहीं, पोटैशियम परमैंगनेट का पर्पल रंग, रंगहीन हो जाता है।

प्रश्न 2.
अधिक मात्रा में डालने पर पोटैशियम परमैंगनेट का रंग लुप्त क्यों नहीं होता है।
उत्तर:
अभिक्रिया पूर्ण हो जाती है तो पर्पल रंग बना रहता है।

क्रिया-कलाप – 4.6

शिक्षक के द्वारा प्रदर्शन- (i) लगभग दो चावल के आकार के बराबर सोडियम के एक छोटे टुकड़े को एथनॉल (परिशुद्ध ऐल्कोहॉल) में डालिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
आप क्या प्रेक्षित करते हैं?
उत्तर:
सोडियम और एथनॉल की तीव्र अभिक्रिया के फलस्वरूप सोडियम इथॉक्साइड व H2 गैस बनाते हैं।

प्रश्न 2.
उत्सर्जित गैस की आप कैसे जाँच करेंगे?
उत्तर:
परखनली के मुँह के पास जलती हुई माचिस की तीलियाँ / मोमबत्ती लाने पर यह पॉप की आवाज के साथ जलती है जो यह बताती है कि हाइड्रोजन गैस उत्सर्जित हुई है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 15

क्रिया-कलाप – 4.7.

प्रश्न 1.
लिटमस पत्र एवं सार्वत्रिक सूचक का उपयोग कर तनु ऐसीटिक अम्ल तथा हाइड्रोक्लोरिक अम्ल के pH मान की तुलना कीजिए।
उत्तर:
तनु ऐसीटिक अम्ल का pH मान ज्यादा है।

प्रश्न 2.
क्या लिटमस परीक्षण में दोनों अम्ल सूचित होते हैं?
उत्तर:
हाँ।

JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक

प्रश्न 3.
सार्वत्रिक सूचक से क्या दोनों अम्लों के प्रबल होने का पता चलता है?
उत्तर:
HCl प्रबल अम्ल है।

क्रिया-कलाप – 4.8

  • एक परखनली में सांद्र सल्फ्यूरिक अम्ल की कुछ बूँदें, एक-एक mL एथनॉल (परिशुद्ध ऐल्कोहॉल) एवं ग्लैशल ऐसीटिक अम्ल लीजिए।
  • कम-से-कम पाँच मिनट तक जल ऊष्मक में उसे गर्म करें जैसा चित्र में दिखाया गया है।
    JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 16

प्रश्न 1.
अब इसे उस बीकर में उडेल दीजिए जिसमें 20-50 mL जल हो तथा उस मिश्रण को सूँधिए।
उत्तर:
फलों जैसी मीठी गंध निकलती है।

क्रिया-कलाप – 4.9

  • अध्याय 2 के क्रिया-कलाप 2.5 के अनुसार उपकरण तैयार कीजिए।
  • एक परखनली में एक स्पैचुला भरकर सोडियम कार्बोनेट लीजिए तथा उसमें 2 mL तनु इथेनॉइक अम्ल मिलाएँ।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
आप प्रेक्षित करते हैं?
उत्तर:
सोडियम कार्बोनेट से एथेनॉइक अम्ल अभिक्रिया करके सोडियम लवण, CO2 और पानी बनाता है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 17

प्रश्न 2.
ताजे चूने के जल में इस गैस को प्रवाहित कीजिए। आप क्या देखते हैं?
उत्तर:
सनसनाहट के साथ CO2 गैस उत्पन्न होती है। इसे ताजे चुने के पानी में प्रवाहित करने पर उसे दूधिया कर देती है।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 18

प्रश्न 3.
क्या इस परीक्षण से एथेनॉइक अम्ल एवं सोडियम कार्बोनेट की अभिक्रिया से उत्पन्न गैस का पता चल सकता है?
उत्तर:
CH3COOH और Na2CO3 की अभिक्रिया से सनसनाहट के साथ CO2 गैस के बुलबुले निकलते हैं जो के पानी में प्रवाहित करने पर उसे दूधिया कर देते हैं।
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 19

प्रश्न 4.
अब सोडियम कार्बोनेट के स्थान पर सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट के साथ यह क्रिया-कलाप दोहराइये।
उत्तर:
JAC Class 10 Science Solutions Chapter 4 कार्बन एवं इसके यौगिक 20

क्रिया-कलाप – 4.10

  • दोनों में एक-एक बूँद तेल (पाक तेल) डालिए एवं उन्हें ‘A’ तथा ‘B’ नाम दीजिए।
  • परखनली ‘B’ में साबुन के घोल की कुछ बूँदें डालिए।
  • दोनों परखनलियों को समान समय तक जोर-जोर से हिलाइए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
क्या हिलाना बंद करने के बाद दोनों परखनलियों में आप तेल एवं जल की परतों को अलग-अलग देख सकते हैं?
उत्तर:
नहीं, यह स्पष्ट नहीं है।

प्रश्न 2.
कुछ देर तक दोनों परखनलियों को स्थिर रखिए एवं फिर अलग हो जाती है? ऐसा किस परखनली में पहले होता है?
उत्तर:
दोनों परखनलियों में तेल की परत अलग हो जाती है। लेकिन ऐसा पहली परखनली में होता है।

क्रिया-कलाप – 4.11

  • अलग-अलग परखनलियों में 10-10 mL आसुत जल (अथवा वर्षा जल) एवं कठोर जल (हैंडपंप या कुएँ का जल) लीजिए।
  • दोनों में साबुन के घोल की कुछ बूँदें मिलाइए।
  • दोनों परखनलियों को एक ही समय तक हिलाइए एवं उससे बनने वाले झाग पर ध्यान दीजिए।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
किस परखनली में अधिक झाग बनता है?
उत्तर:
जिस परखनली में आसुत जल है उसमें अधिक झाग बनता है।

प्रश्न 2.
किस परखनली में श्वेत दही जैसा अवक्षेप प्राप्त होता है?
उत्तर:
जिस परखनली में कठोर जल है।

क्रिया-कलाप – 4.12

  • दो परखनलियाँ लीजिए और प्रत्येक में 10-10 mL कठोर जल डालिए।
  • एक में साबुन के घोल की पाँच बूँदें तथा दूसरे में अपमार्जक के घोल की पाँच बूँदें डालिए।
  • दोनों परखनलियों को एक ही समय तक हिलाएँ।

क्रिया-कलाप के प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1.
क्या दोनों में झाग की मात्रा समान है?
उत्तर:
नहीं, जिस परखनली में अपमार्जक मिलाया गया है उसमें झाग अधिक है।

प्रश्न 2.
किस परखनली में दही जैसा ठोस पदार्थ बनता है?
उत्तर:
जिस परखनली में साबुन मिलाया गया है।